29 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

अफगान विदेश मंत्री ने राजनयिकों को किया आगाह, 'पाकिस्तान के बर्बर हमले की सच्चाई को उजागर करें'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
अफगान विदेश मंत्री ने राजनयिकों को किया आगाह, 'पाकिस्तान के बर्बर हमले की सच्चाई को उजागर करें'

सारांश

अफगान विदेश मंत्री अमीर खान मुत्ताकी ने पाकिस्तान के घातक हमले के बाद राजनयिकों से बैठक की। उन्होंने हमले की निंदा की और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सच्चाई को उजागर करने की अपील की। बैठक में मंत्री ने काबुल के रुख और भविष्य की योजनाओं पर भी चर्चा की।

मुख्य बातें

अफगानिस्तान की राष्ट्रीय संप्रभुता पर पाकिस्तान के हमले की कड़ी निंदा की गई।
बैठक में काबुल के रुख और नीति पर चर्चा की गई।
राजनयिकों से सच्चाई को अंतरराष्ट्रीय समुदाय तक पहुँचाने का आग्रह किया गया।
हमले में सैकड़ों निर्दोष नागरिकों की जान गई।
अफगानिस्तान ने अपनी संप्रभुता की रक्षा करने का संकल्प लिया।

काबुल, 18 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। अफगानिस्तान के विदेश मंत्री अमीर खान मुत्ताकी ने बुधवार को विदेशों में स्थित अफगान दूतावासों और वाणिज्य दूतावासों के राजनयिकों के साथ एक वर्चुअल बैठक आयोजित की। इस बैठक में उन्होंने राजनयिकों को काबुल की स्पष्ट नीति, रुख और भविष्य की योजनाओं के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए। यह बैठक पाकिस्तान द्वारा एक नशा मुक्ति अस्पताल पर की गई भयंकर बमबारी के बाद हुई, जिसमें सैकड़ों निर्दोष लोगों की जान चली गई।

अफगान विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस बैठक में मंत्री ने पाकिस्तानी सैन्य शासन द्वारा अफगानिस्तान की राष्ट्रीय संप्रभुता के खिलाफ की गई आक्रामकता और हाल की घटनाओं की जानकारी साझा की।

काबुल द्वारा जारी एक बयान में कहा गया, "उन्होंने इस बर्बर हमले की कड़ी निंदा की और इसे मानवता के सिद्धांतों का उल्लंघन बताया। मुत्ताकी ने सभी प्रतिनिधिमंडल के अधिकारियों से अपील की कि वे इस्लामिक अमीरात के रुख को अंतरराष्ट्रीय समुदाय तक पहुँचाएं।"

बयान में आगे कहा गया, "विदेश मंत्री ने अपने प्रतिनिधिमंडल को इस्लामिक अमीरात ऑफ अफगानिस्तान की नीति, रुख और भविष्य की कार्रवाइयों के संबंध में आवश्यक मार्गदर्शन दिया। बैठक का समापन पाकिस्तान की बमबारी में शहीद हुए लोगों को श्रद्धांजलि देने के साथ हुआ।"

मंगलवार को, मुत्ताकी ने काबुल पर पाकिस्तानी हवाई हमले को मानवता और इस्लाम के सिद्धांतों का गंभीर उल्लंघन बताया। उन्होंने कहा कि इस हमले में 408 से अधिक लोग मारे गए और 260 से ज्यादा घायल हुए, जिनमें से अधिकांश नशे की लत के इलाज में लगे मरीज थे। उन्होंने पाकिस्तान पर जान-बूझकर नागरिक सुविधाओं को निशाना बनाने का आरोप लगाया।

काबुल में विभिन्न संगठनों के राजनयिकों और प्रतिनिधियों से बात करते हुए, मुत्ताकी ने कहा कि पाकिस्तानी हवाई हमले ने समाज के सबसे कमजोर तबके को निशाना बनाया—वे लोग जो नशे की लत का इलाज करवा रहे थे।

उन्होंने कहा कि फरवरी से लगातार हो रहे हमलों, जिनमें अफगानिस्तान के विभिन्न हिस्सों में नागरिक इलाकों पर किए गए हमले भी शामिल हैं, ने कूटनीतिक समाधानों पर भरोसे को कम कर दिया है। एरियाना न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, उन्होंने चेतावनी दी कि अगर हमले जारी रहे तो अफगान सेना "उसी अनुपात में और वैध" रक्षात्मक जवाबी कार्रवाई जारी रखेगी; उन्होंने यह भी कहा कि अफगानिस्तान युद्ध नहीं चाहता, लेकिन अपनी संप्रभुता और क्षेत्र की रक्षा जरूर करेगा।

मुत्ताकी ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से पाकिस्तान के हमले की निंदा करने का आग्रह किया और चेतावनी दी कि इस्लामाबाद द्वारा तनाव बढ़ाने से पूरे क्षेत्र में अस्थिरता फैलने और महत्वपूर्ण आर्थिक व विकास पहलों पर बुरा असर पड़ सकता है।

इस बीच, अफगानिस्तान में मानवाधिकारों की स्थिति पर संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत और विशेष प्रतिवेदक रिचर्ड बेनेट ने बुधवार को, काबुल में नशा मुक्ति केंद्र पर पाकिस्तान द्वारा किए गए हवाई हमले की तत्काल, स्वतंत्र और पारदर्शी जांच की मांग की है।

उन्होंने यह भी मांग की कि पीड़ितों और उनके परिवारों को मुआवजा दिया जाए।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि यह भी दर्शाती है कि कैसे ये हमले देश की संप्रभुता को चुनौती दे रहे हैं।
RashtraPress
29 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अफगान विदेश मंत्री ने पाकिस्तान के हमले के बारे में क्या कहा?
अफगान विदेश मंत्री ने पाकिस्तान के हमले को बर्बर और मानवता के सिद्धांतों का उल्लंघन बताया।
इस बमबारी में कितने लोग प्रभावित हुए?
इस बमबारी में 408 से अधिक लोग मारे गए और 260 से ज्यादा घायल हुए।
राजनयिकों को क्या निर्देश दिए गए?
राजनयिकों को काबुल की नीति और भविष्य की योजनाओं के बारे में आवश्यक निर्देश दिए गए।
क्या अंतरराष्ट्रीय समुदाय से कोई अपील की गई?
हाँ, मुत्ताकी ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से पाकिस्तान के हमले की निंदा करने का आग्रह किया।
क्या जांच की मांग की गई?
जी हां, संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत ने हमले की स्वतंत्र जांच की मांग की।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 8 महीने पहले
  7. 8 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले