बॉन्डी बीच आतंकी हमला: एंटीसेमिटिज्म रॉयल कमीशन की पहली सार्वजनिक सुनवाई सिडनी में शुरू
सारांश
मुख्य बातें
सिडनी के बॉन्डी बीच पर हुए घातक आतंकी हमले के बाद गठित रॉयल कमीशन ऑन एंटीसेमिटिज्म एंड सोशल कोहेशन की पहली सार्वजनिक सुनवाई सोमवार, 4 मई 2026 को सिडनी में शुरू हो गई। यह सुनवाई उस हमले की जड़ों और ऑस्ट्रेलिया में यहूदी विरोध (एंटीसेमिटिज्म) की व्यापक स्थिति की पड़ताल करने के उद्देश्य से आयोजित की जा रही है, जिसमें 14 दिसंबर 2025 को 15 लोगों की जान चली गई थी।
सुनवाई का पहला चरण: क्या होगा शामिल
सुनवाई के इस पहले चरण की अध्यक्षता कमिश्नर वर्जीनिया बेल कर रही हैं, जो पूर्व में ऑस्ट्रेलिया के हाई कोर्ट की न्यायाधीश रह चुकी हैं। यह चरण शुक्रवार तक चलेगा और इसमें ऑस्ट्रेलिया में एंटीसेमिटिज्म की मौजूदा स्थिति, उसके प्रभाव और प्रभावित समुदाय के सदस्यों के व्यक्तिगत अनुभवों पर विस्तार से चर्चा होगी। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिमी देशों में यहूदी विरोधी घटनाओं में तेज़ी देखी जा रही है।
तीन चरणों में होगी पूरी जांच
कमीशन की जांच को तीन अलग-अलग चरणों में विभाजित किया गया है। दूसरे चरण की सुनवाई मई के अंत में होगी, जिसमें बॉन्डी हमले से जुड़ी परिस्थितियों की गहन जांच की जाएगी। तीसरे चरण में यह विश्लेषण किया जाएगा कि सोशल मीडिया और ऑनलाइन नफरत के माध्यमों से किस प्रकार कट्टरपंथ को बढ़ावा मिलता है। गौरतलब है कि कमीशन आरोपी की मंशा और हमले के उद्देश्य की जांच नहीं करेगा, ताकि चल रही न्यायिक प्रक्रिया प्रभावित न हो।
अंतरिम रिपोर्ट और प्रमुख सुझाव
सुनवाई से एक सप्ताह पहले कमिश्नर बेल ने कमीशन की अंतरिम रिपोर्ट पेश की, जिसमें कुल 14 सुझाव दिए गए हैं। इनमें से 5 सुझाव राष्ट्रीय सुरक्षा कारणों से सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। रिपोर्ट में यह सिफारिश की गई है कि केंद्र, राज्य और क्षेत्रीय सरकारें एकसमान हथियार कानून लागू करें और अवैध तथा अतिरिक्त हथियारों को हटाने के लिए गन बायबैक योजना को प्राथमिकता दें।
बॉन्डी हमला: पृष्ठभूमि
यह रॉयल कमीशन प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज ने जनवरी 2026 में स्थापित किया था। 14 दिसंबर 2025 को बॉन्डी बीच पर आयोजित हनुक्का कार्यक्रम को निशाना बनाकर किए गए हमले में 15 लोगों की मौत हो गई थी। आरोपी बंदूकधारी नवीद अकरम पर हत्या और आतंकवाद से जुड़े आरोप लगाए गए हैं। अधिकारियों के अनुसार, यह हमला इस्लामिक स्टेट की विचारधारा से प्रेरित था। उसके पिता और कथित साथी साजिद अकरम को हमले के दौरान ही मौके पर गोली मार दी गई थी।
आगे क्या होगा
कमीशन अपनी अंतिम रिपोर्ट हमले की पहली बरसी यानी 14 दिसंबर 2026 तक पेश करेगा। इस रिपोर्ट से ऑस्ट्रेलिया में यहूदी समुदाय की सुरक्षा, हथियार नीति और ऑनलाइन कट्टरपंथ की रोकथाम से जुड़े दीर्घकालिक नीतिगत बदलावों की उम्मीद की जा रही है।