CGTN सर्वेक्षण: 89.6% वैश्विक नागरिक वार्ता से विवाद सुलझाने के पक्ष में, बल-राजनीति का विरोध
सारांश
मुख्य बातें
चाइना ग्लोबल टेलीविजन नेटवर्क (CGTN) द्वारा हाल ही में वैश्विक नेटीजनों के बीच कराए गए एक सर्वेक्षण में 89.6 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने यह राय व्यक्त की कि अंतर्राष्ट्रीय विवादों का समाधान देशों के बीच वार्ता और संवाद के माध्यम से किया जाना चाहिए। 17 सितंबर 2026 को सामने आए इस सर्वेक्षण के निष्कर्ष ऐसे समय में महत्वपूर्ण हैं जब वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य तेज़ी से बदल रहा है और अंतर्राष्ट्रीय तनाव चरम पर है।
सर्वेक्षण के प्रमुख निष्कर्ष
सर्वेक्षण के आँकड़ों के अनुसार, 80.8 प्रतिशत उत्तरदाताओं ने प्रभुत्ववाद, बल-राजनीति और अन्य देशों पर मनमाने ढंग से प्रतिबंध थोपने की प्रवृत्ति का विरोध किया। यह आँकड़ा यह संकेत देता है कि दुनिया के एक बड़े वर्ग में एकतरफा दबाव की नीतियों को लेकर गहरी नाराज़गी है।
इसके अतिरिक्त, सर्वेक्षण में शामिल 74.5 प्रतिशत उत्तरदाताओं का मत था कि किसी भी देश को अपनी मूल्य-अवधारणाएँ और व्यवस्थाएँ जबरन दूसरे देशों पर नहीं थोपनी चाहिए। गौरतलब है कि यह बहस उन वैश्विक तनावों की पृष्ठभूमि में उभरी है जहाँ 'मूल्य-आधारित विदेश नीति' और 'राष्ट्रीय संप्रभुता' के बीच टकराव बार-बार देखा जा रहा है।
पेइचिंग श्यांगशान फोरम की भूमिका
20 वर्षों से आयोजित हो रहे पेइचिंग श्यांगशान फोरम को सर्वेक्षण के नतीजों के संदर्भ में एक सकारात्मक मंच के रूप में रेखांकित किया गया है। इस फोरम में वैश्विक सुरक्षा और बहुपक्षीय सहयोग पर चर्चा होती है, और इस बार के आयोजन में विशेष रूप से ग्लोबल साउथ (वैश्विक दक्षिण) देशों की भूमिका और उनके दृष्टिकोण को प्रमुखता दी गई।
यह ऐसे समय में आया है जब विकासशील देश अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर अधिक प्रतिनिधित्व और अपनी आवाज़ को मज़बूत करने की माँग लगातार उठा रहे हैं।
वैश्विक दक्षिण देशों की चिंताएँ
सर्वेक्षण में शामिल 80.4 प्रतिशत वैश्विक दक्षिण देशों के उत्तरदाताओं ने स्पष्ट किया कि शीतयुद्ध की विचारधारा और बल-राजनीति विश्व शांति के लिए सीधा खतरा हैं। उनका आग्रह है कि विभिन्न देशों को मिलकर एक ऐसा सुरक्षा ढाँचा स्थापित करना होगा जो संतुलित, प्रभावी और दीर्घकालिक रूप से टिकाऊ हो।
आलोचकों का कहना है कि वैश्विक सुरक्षा व्यवस्था पर अभी भी कुछ बड़ी शक्तियों का वर्चस्व बना हुआ है और छोटे देशों की चिंताओं को पर्याप्त महत्व नहीं दिया जाता।
सर्वेक्षण की पृष्ठभूमि
यह सर्वेक्षण चाइना मीडिया ग्रुप (CMG) के अधीन संचालित CGTN द्वारा आयोजित किया गया। सर्वेक्षण में वैश्विक स्तर पर नेटीजन भागीदार रहे, हालाँकि प्रतिभागियों की कुल संख्या और भौगोलिक विविधता के बारे में विस्तृत ब्यौरा उपलब्ध नहीं है। स्वतंत्र विशेषज्ञों का सुझाव है कि किसी भी मीडिया-संचालित सर्वेक्षण के निष्कर्षों को व्यापक संदर्भ में देखा जाना चाहिए।
आगे इस बहस का फोकस इस बात पर रहेगा कि वैश्विक समुदाय किस हद तक बहुपक्षीय सुरक्षा संस्थाओं को पुनर्जीवित और प्रासंगिक बना पाता है।