चीन का विमानन लॉजिस्टिक्स 1 करोड़ टन पार, 2025 में 13.3% की रिकॉर्ड वृद्धि
सारांश
मुख्य बातें
चीन के विमानन लॉजिस्टिक्स उद्योग ने 2025 में ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की — नागरिक विमानन के माध्यम से माल और डाक परिवहन पहली बार 1 करोड़ टन का आँकड़ा पार कर गया। चीन विमानन परिवहन संघ (CATA) के तीन दिवसीय विमानन सम्मेलन में जारी 'चीन विमानन परिवहन विकास (2026)' रिपोर्ट के अनुसार, कुल परिवहन मात्रा 1 करोड़ 1 लाख 72 हजार टन रही, जो पिछले वर्ष की तुलना में 13.3 प्रतिशत अधिक है।
मुख्य आँकड़े और उपलब्धियाँ
रिपोर्ट के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय मार्गों पर 44 लाख 2 हजार 500 टन माल और डाक का परिवहन हुआ — यह साल-दर-साल 22.1 प्रतिशत की वृद्धि है। कुल माल ढुलाई में अंतरराष्ट्रीय परिवहन की हिस्सेदारी 40 प्रतिशत से अधिक रही, जो वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में चीन की बढ़ती भूमिका को दर्शाती है।
यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक व्यापार तनावों के बीच देश अपने विमानन बुनियादी ढाँचे को तेज़ी से विस्तारित कर रहा है। गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय मार्गों की वृद्धि दर घरेलू दर से लगभग दोगुनी रही, जो चीन की निर्यात-केंद्रित लॉजिस्टिक्स नीति का परिणाम मानी जा रही है।
नए मार्ग और बेड़े का विस्तार
वर्ष के दौरान देशभर में 252 नए मालवाहक मार्ग शुरू किए गए, जिनमें से 214 अंतरराष्ट्रीय मार्ग हैं। चीन में पूर्ण मालवाहक विमानों की कुल संख्या बढ़कर 272 हो गई है। इनमें चौड़े धड़ (wide-body) वाले विमानों की हिस्सेदारी बढ़कर 22 प्रतिशत हो गई है, जो लंबी दूरी के भारी माल परिवहन की बढ़ती क्षमता का संकेत है।
विशेषज्ञों की राय: गुणवत्ता की ओर बदलाव
विशेषज्ञों के अनुसार, विमानन लॉजिस्टिक्स विदेशी व्यापार और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला को सहारा देने वाला एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उनका कहना है कि यह क्षेत्र अब केवल पैमाने के विस्तार तक सीमित नहीं रहा, बल्कि गुणवत्ता और दक्षता सुधारने के एक निर्णायक दौर में प्रवेश कर चुका है। माल की संरचना के संदर्भ में, समय-संवेदनशील और उच्च मूल्य वाले उत्पादों की हिस्सेदारी आने वाले समय में धीरे-धीरे बढ़ने की उम्मीद है।
डिजिटल और बुद्धिमान रूपांतरण की दिशा
नागरिक विमानन प्राधिकरण के एक वरिष्ठ अधिकारी ने सम्मेलन में कहा कि बुद्धिमानीकरण (AI-संचालित स्वचालन) अब उद्योग के उच्च गुणवत्ता वाले विकास का अभिन्न हिस्सा बन चुका है। अगले चरण में प्राधिकरण आपूर्ति पक्ष के संरचनात्मक सुधार को जारी रखेगा और विमानन लॉजिस्टिक्स के डिजिटल एवं बुद्धिमान रूपांतरण को प्राथमिकता के साथ आगे बढ़ाएगा।
विशेषज्ञ मानते हैं कि यदि चीन इस डिजिटल रूपांतरण को सफलतापूर्वक लागू कर पाता है, तो वैश्विक एयर कार्गो बाज़ार में उसकी स्थिति और भी मज़बूत होगी।