हानिया अहमद की मौत: ऑस्ट्रेलियाई PM अल्बनीज ने पाकिस्तान से माँगी पारदर्शी जाँच
सारांश
मुख्य बातें
पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के चकवाल जिले में पुलिस फायरिंग के दौरान ऑस्ट्रेलियाई नागरिक और नौ वर्षीय बच्ची हानिया अहमद की मौत हो गई, जिसके बाद यह मामला अब अंतरराष्ट्रीय कूटनीतिक विवाद का रूप लेने लगा है। ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने 15 जून 2026 को कैनबरा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए पाकिस्तान से इस घटना की पूर्ण पारदर्शिता के साथ जाँच कराने की माँग की।
घटनाक्रम: कैसे हुई हानिया की मौत
ऑस्ट्रेलिया में जन्मी हानिया अहमद अपने परिवार के साथ छुट्टियाँ मनाने पाकिस्तान आई थी। परिवार पंजाब के चकवाल जिले में रिश्तेदारों से मिलने पहुँचा था। इसी दौरान उनकी किराये की कार को हथियारबंद लुटेरों ने रोक लिया और परिवार को बंधक बना लिया।
पंजाब पुलिस के अनुसार, सूचना मिलने पर अपराध नियंत्रण विभाग (CCD) के अधिकारी घटनास्थल पर पहुँचे। पुलिस का कहना है कि इसी दौरान संदिग्ध लुटेरों और पुलिस के बीच गोलीबारी शुरू हो गई। अधिकारियों के बयान के अनुसार, मौके पर मौजूद एक अधिकारी ने गलती से यह समझ लिया कि लुटेरे परिवार की कार में भागने की कोशिश कर रहे हैं और उसने वाहन पर गोली चला दी।
इस फायरिंग में हानिया अहमद की मौत हो गई, जबकि उसके पिता और भाई घायल हो गए। उसकी माँ इस घटना में सुरक्षित बच गईं।
ऑस्ट्रेलियाई PM अल्बनीज की प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने इस पूरी घटना को 'दुखद त्रासदी' बताया। उन्होंने कहा, 'इन परिस्थितियों की जाँच होना आवश्यक है। जाँच पूरी तरह पारदर्शी तरीके से होनी चाहिए ताकि परिवार और अन्य लोग जान सकें कि वास्तव में क्या हुआ था।'
अल्बनीज ने शोक व्यक्त करते हुए कहा, 'नौ वर्षीय बच्ची का अपने परिवार के साथ पाकिस्तान जाना खुशी का अवसर होना चाहिए था, लेकिन यह एक दुखद त्रासदी में बदल गया।' उन्होंने स्पष्ट किया कि ऑस्ट्रेलिया इस मामले में निष्पक्ष और उचित जाँच की अपेक्षा रखता है।
संदिग्ध लुटेरों का अंजाम
पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, परिवार को बंधक बनाने वाले दोनों संदिग्ध लुटेरे घटना के अगले दिन पुलिस के साथ एक अलग मुठभेड़ में मारे गए। यह घटनाक्रम उस समय आया है जब हानिया की मौत को लेकर पाकिस्तान पर अंतरराष्ट्रीय दबाव बढ़ रहा है।
आगे क्या होगा
यह मामला पाकिस्तान-ऑस्ट्रेलिया के द्विपक्षीय संबंधों पर असर डाल सकता है। ऑस्ट्रेलियाई सरकार ने अपने नागरिक की मौत के बाद पाकिस्तान से जवाब माँगा है और जाँच के नतीजों का इंतजार कर रही है। गौरतलब है कि विदेश में अपने नागरिकों की सुरक्षा को लेकर ऑस्ट्रेलिया की सरकार अत्यंत संवेदनशील रहती है, और यह मामला वहाँ की संसद तक भी पहुँच सकता है।