भारत-इजरायल के रिश्तों में नई ऊँचाई, पीएम मोदी का इजरायल दौरा सफल
सारांश
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तेल अवीव, 26 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का द्विदिवसीय ऐतिहासिक इजरायल दौरा गुरुवार को सफलतापूर्वक समाप्त हो गया, जिसके बाद वे भारत के लिए रवाना हो गए। विदाई के समय, इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू और उनकी पत्नी सारा नेतन्याहू ने उन्हें तेल अवीव के बेन गुरियन एयरपोर्ट पर भावुकता से विदाई दी।
इस अवसर पर, पीएम मोदी और नेतन्याहू ने गर्मजोशी से गले मिलकर बातचीत की। इसके बाद, पीएम मोदी अपने विमान में सवार हुए।
इससे पहले, पीएम मोदी और नेतन्याहू के बीच वार्ता हुई, जिसमें दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को “स्पेशल स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप” में बदलने पर सहमति जताई। उन्होंने भारत-इजरायल सहयोग को नई दिशा और गति प्रदान करने पर भी चर्चा की।
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किया, "आज की बातचीत पीएम नेतन्याहू के साथ बहुत लाभकारी रही। हमने अपनी साझेदारी को स्पेशल स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप तक ले जाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया है। यह फैसला दोनों देशों के लोगों की आकांक्षाओं को दर्शाता है।"
उन्होंने कहा, "हमने अपने सहयोग को नई दिशा देने पर चर्चा की, जिसमें आर्थिक और व्यापारिक संबंध भी शामिल हैं। हमने क्रिटिकल एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजीज पार्टनरशिप स्थापित करने का निर्णय लिया है, जिससे भविष्य के कई उन्नत तकनीकी क्षेत्रों में सहयोग बढ़ेगा।"
पीएम मोदी ने एग्रीकल्चर को एक महत्वपूर्ण क्षेत्र बताया, जहां दोनों देश मिलकर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा, "एग्रीकल्चर एक अहम एरिया है, जहां भारत और इजरायल मिलकर काम कर रहे हैं। आज की बातचीत में सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस की संख्या 100 करने का निर्णय लिया गया है, जिससे किसानों को काफी लाभ होगा।"
पीएम मोदी ने यहूदी जासूसी थ्रिलर श्रृंखला ‘फौदा’ के कलाकारों से भी मुलाकात की। उन्होंने मजाक करते हुए लिखा, "अच्छा हुआ कि इस मुलाकात के लिए केवल एक सेल्फी ही काफी थी, कोई अंडरकवर काम नहीं करना पड़ा!"
दूसरे दिन की शुरुआत में, पीएम मोदी ने इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हर्जोग से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने शिक्षा, स्टार्ट-अप, नवाचार, प्रौद्योगिकी और कनेक्टिविटी के क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर बातचीत की।
पीएम मोदी और राष्ट्रपति हर्जोग ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ पहल के तहत राष्ट्रपति भवन के उद्यान में एक पौधा भी लगाया।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने एक्स पर जानकारी दी कि पीएम मोदी ने भारत-इजरायल विशेष साझेदारी को मजबूत करने में राष्ट्रपति हर्जोग के समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया और उन्हें भारत आने का निमंत्रण दिया।
राष्ट्रपति से मुलाकात से पहले, पीएम मोदी ने यरुशलम स्थित याद वाशेम विश्व होलोकॉस्ट स्मृति केंद्र का दौरा किया और होलोकॉस्ट पीड़ितों की स्मृति में श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस दौरान, पीएम मोदी के साथ नेतन्याहू और याद वाशेम के अध्यक्ष डैनी दयान भी उपस्थित थे। उन्होंने होलोकॉस्ट स्मारक और संग्रहालय का अवलोकन किया, जिसमें ‘बुक ऑफ नेम्स’ शामिल है, जिसमें होलोकॉस्ट के 48 लाख यहूदी पीड़ितों के नाम दर्ज हैं। पीएम मोदी ने ‘हॉल ऑफ रिमेंबरेंस’ में आयोजित स्मृति समारोह में भाग लिया और अतिथि पुस्तिका पर हस्ताक्षर भी किए।
बुधवार को, पीएम मोदी ने यरुशलम में इजरायली संसद ‘नेसेट’ के विशेष पूर्ण अधिवेशन को संबोधित किया, जो किसी भारतीय प्रधानमंत्री का पहला ऐसा संबोधन था।