प्रधानमंत्री मोदी का इजराइल दौरा: भारतीय यहूदी समुदाय से संवाद और विशेष रणनीतिक साझेदारी पर चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली, 26 फरवरी (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इजराइल के ऐतिहासिक दौरे के दौरान वहां की संसद को संबोधित किया। इस दौरे के विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेने के बाद, भारत लौटने से पहले उन्होंने भारतीय यहूदी समुदाय के सदस्यों से संवाद किया।
प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भारतीय यहूदी समुदाय के संग हुई मुलाकात की तस्वीरें साझा की हैं, जिसमें वह समुदाय के लोगों से बातचीत करते नजर आ रहे हैं।
उन्होंने लिखा, "भारतीय यहूदी समुदाय के सदस्यों से संवाद किया। उनका भारत के प्रति गहरा संबंध और इजराइल के लिए उनका महत्वपूर्ण योगदान, हमारे दोनों देशों के बीच एक जीवंत पुल के रूप में कार्य करता है।"
अपने दो दिवसीय इजरायल दौरे के अंत में, पीएम मोदी को इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और उनकी पत्नी द्वारा बेन गुरियन एयरपोर्ट पर विशेष विदाई दी गई।
एयरपोर्ट पर दोनों नेताओं ने एक-दूसरे को गले लगाया और कुछ समय बातचीत भी की।
इस दौरे के दौरान, दोनों नेताओं के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक हुई, जिसमें भारत और इजराइल के संबंधों को “विशेष रणनीतिक साझेदारी” के स्तर तक बढ़ाने पर सहमति बनी। पीएम मोदी ने लिखा कि बैठक फलदायी रही और यह निर्णय लिया गया कि दोनों देशों की जनता की आकांक्षाओं को ध्यान में रखते हुए यह ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है।
उन्होंने बताया कि दोनों देशों ने आर्थिक और व्यापारिक सहयोग को नई दिशा देने के लिए सहमति जताई है। इसके साथ ही “क्रिटिकल एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजी पार्टनरशिप” स्थापित करने का भी निर्णय लिया गया, जिससे भविष्य की तकनीकों में सहयोग बढ़ेगा।
कृषि क्षेत्र को भी दोनों देशों के सहयोग का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बताया गया। पीएम मोदी ने कहा कि भारत और इजराइल के बीच चल रहे कृषि सहयोग के तहत उत्कृष्टता केंद्रों (सेंटर्स ऑफ एक्सीलेंस) की संख्या को बढ़ाकर 100 करने का निर्णय लिया गया है, जिससे किसानों को बड़ा लाभ होगा।
उन्होंने इजरायली वेब सीरीज ‘फौदा’ के कलाकारों से भी मुलाकात की और उनके साथ सेल्फी साझा की। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि इस मुलाकात के लिए केवल एक सेल्फी की जरूरत थी, कोई अंडरकवर काम नहीं।