होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने पर समुद्री सेवा शुल्क लगे: ईरान के विदेश मंत्रालय का रुख
सारांश
मुख्य बातें
ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बाघेई ने सोमवार, 10 अगस्त को स्पष्ट किया कि होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले जहाजों को दी जाने वाली समुद्री सेवाओं के बदले शुल्क लिया जाना चाहिए। यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान और ओमान के बीच इस रणनीतिक जलमार्ग में एक नए पारगमन गलियारे को लेकर सक्रिय वार्ता चल रही है।
बाघेई का बयान: सेवा है तो शुल्क भी होगा
मीडिया से बातचीत में बाघेई से पूछा गया कि क्या ईरान-ओमान समुद्री मार्ग वार्ता के दौरान सेवा शुल्क पर कोई चर्चा हुई। उन्होंने कहा, "आम तौर पर, जब आप समुद्री सेवा देते हैं, तो आपको उसके पैसे मिलने चाहिए। इस स्तर पर, हम ऐसी विस्तृत जानकारियों पर बात नहीं करते।" उन्होंने यह भी जोड़ा कि बातचीत जारी है और कुछ तकनीकी पहलुओं पर भी चर्चा होगी।
ईरान-ओमान वार्ता: नया मध्यवर्ती मार्ग प्रस्तावित
बाघेई के अनुसार, दोनों देशों के बीच बातचीत सुचारु रूप से आगे बढ़ रही है। प्रस्तावित समझौते के तहत स्ट्रेट में मौजूदा उत्तरी और दक्षिणी मार्गों की जगह एक मध्यवर्ती मार्ग लाया जाएगा। यह नया रास्ता तब तक अस्थायी रूप से उपयोग में रहेगा, जब तक ईरान और ओमान एक नई ट्रैफिक सेपरेशन स्कीम पर सहमत नहीं हो जाते।
इस संभावित ढाँचे के अंतर्गत सुरक्षित शिपिंग सुनिश्चित करना, पर्यावरण संबंधी मुद्दों का समाधान, समुद्री सेवाएँ प्रदान करना और जलमार्ग में अपराध से निपटने के लिए प्रणालियाँ विकसित करना शामिल है।
ईरान के विदेश मंत्री का बयान: समझौते के करीब
ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने शनिवार को कहा कि ईरान और ओमान होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री यातायात के लिए एक अस्थायी मार्ग तय करने के समझौते के बहुत करीब हैं। गौरतलब है कि होर्मुज स्ट्रेट में यातायात नियंत्रण को लेकर ईरान, ओमान और अमेरिका के बीच बातचीत हुई थी, जो कथित तौर पर कुछ दिनों से लंबित है।
ट्रंप का रुख: आर्थिक दबाव, सैन्य कार्रवाई नहीं
मीडिया आउटलेट एक्सियोस के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को कहा कि अमेरिका ईरान के साथ केवल आंशिक बातचीत कर रहा है। ट्रंप ने एक फोन कॉल के दौरान कहा, "हम इसे कम महत्व दे रहे हैं। ईरान आर्थिक रूप से बहुत बुरी हालत में है।" उन्होंने संकेत दिया कि वह ईरान पर नया सैन्य हमला करने के बजाय आर्थिक दबाव बढ़ाने के पक्ष में हैं।
आगे क्या होगा
होर्मुज स्ट्रेट वैश्विक तेल व्यापार का एक अत्यंत संवेदनशील जलमार्ग है, जिससे दुनिया का लगभग पाँचवाँ हिस्सा तेल गुजरता है। ईरान-ओमान के बीच संभावित समझौता और उस पर सेवा शुल्क का प्रश्न अंतरराष्ट्रीय शिपिंग उद्योग के लिए दूरगामी परिणाम रख सकता है। तकनीकी वार्ता के अगले दौर पर सभी की निगाहें टिकी हैं।