जापान के रक्षा मंत्री कोइजुमी अगस्त में भारत दौरे पर, राजनाथ सिंह से यूनिकॉर्न एंटीना और हिंद-प्रशांत सुरक्षा पर होगी चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
जापान के रक्षा मंत्री शिंजिरो कोइजुमी अगस्त 2026 में भारत का दौरा करने की योजना बना रहे हैं, जहाँ वे अपने भारतीय समकक्ष रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के साथ द्विपक्षीय रक्षा सहयोग और हिंद-प्रशांत क्षेत्र की सुरक्षा स्थिति पर विस्तृत वार्ता करेंगे। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अक्टूबर 2025 में पद संभालने के बाद यह कोइजुमी की भारत की पहली आधिकारिक यात्रा होगी।
यात्रा का एजेंडा
जापान के रक्षा मंत्रालय के सूत्रों के हवाले से मिली जानकारी के अनुसार, दोनों रक्षा मंत्रियों के बीच रक्षा उपकरण सहयोग प्रमुख एजेंडे पर रहेगा। इसमें विशेष रूप से जापान से भारत को यूनिकॉर्न कम्युनिकेशन एंटीना सिस्टम के निर्यात का मुद्दा केंद्र में होगा। इसके अलावा, जापान सेल्फ-डिफेंस फोर्सेज और भारतीय सेना के बीच संयुक्त सैन्य अभ्यासों को और विस्तार देने पर भी सहमति बनाने की कोशिश होगी।
यह ऐसे समय में आया है जब दोनों देशों के बीच रणनीतिक संवाद तेज़ हुआ है। 13 जुलाई 2026 को टोक्यो में 8वीं भारत-जापान रक्षा नीति वार्ता आयोजित हुई, जिसमें रक्षा उद्योग, नई तकनीकों, साइबर सुरक्षा, अंतरिक्ष और समुद्री सहयोग जैसे रणनीतिक क्षेत्रों पर गहन चर्चा हुई।
8वीं रक्षा नीति वार्ता के मुख्य बिंदु
इस वार्ता में भारतीय प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने किया, जबकि जापानी पक्ष की अगुवाई अंतरराष्ट्रीय मामलों के लिए जापान के रक्षा उपमंत्री कानो कोजी ने की। भारत के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि दोनों पक्षों ने सैन्य आदान-प्रदान, संयुक्त मुख्यालयों के बीच समन्वय, समुद्री सहयोग, रक्षा अभ्यास, क्षमता निर्माण, रक्षा उपकरण एवं तकनीकी सहयोग और संस्थागत संवाद बढ़ाने जैसे विषयों की व्यापक समीक्षा की।
गौरतलब है कि दोनों देशों ने एक स्वतंत्र, खुले और नियम-आधारित हिंद-प्रशांत क्षेत्र को बढ़ावा देने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई — जो अंतरराष्ट्रीय कानूनों के सम्मान पर आधारित हो। यह प्रतिबद्धता ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब क्षेत्र में चीन की सैन्य गतिविधियाँ बढ़ती चिंता का विषय बनी हुई हैं।
रक्षा सचिव की कोइजुमी से मुलाकात
टोक्यो दौरे के दौरान रक्षा सचिव राजेश कुमार सिंह ने रक्षा मंत्री शिंजिरो कोइजुमी से भी मुलाकात की और उन्हें रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की शुभकामनाएँ एवं भारत आने का औपचारिक निमंत्रण सौंपा। दोनों पक्षों ने भारत-जापान विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी को और सुदृढ़ करने की प्रतिबद्धता जताई।
रक्षा मंत्रालय ने 13 जुलाई 2026 को एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि इस बैठक में क्षेत्रीय सुरक्षा, समुद्री सहयोग, रक्षा उद्योग में साझेदारी और स्वतंत्र व सुरक्षित हिंद-प्रशांत को बढ़ावा देने पर 'विस्तृत और सकारात्मक बातचीत' हुई। यह बैठक जापानी प्रधानमंत्री साने ताकाइची की हालिया भारत यात्रा के नतीजों को आगे बढ़ाने के संदर्भ में भी अहम रही।
2+2 वार्ता और आगे की राह
दोनों देशों ने इस वर्ष के अंत में प्रस्तावित 2+2 मंत्री स्तरीय वार्ता से जुड़े संभावित नतीजों पर भी प्रारंभिक चर्चा की। रक्षा सहयोग के लगातार विस्तार का स्वागत करते हुए दोनों पक्षों ने नियमित उच्चस्तरीय संवाद और संपर्क बनाए रखने के महत्व पर विशेष ज़ोर दिया। कोइजुमी की अगस्त यात्रा इसी कड़ी में एक और महत्वपूर्ण पड़ाव होगी।