मेलबर्न मीट्स मोदी: अल्बनीज बोले — 'PM मोदी ऑस्ट्रेलिया के सच्चे मित्र, मेजबानी सम्मान की बात'
सारांश
मुख्य बातें
ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने 9 जुलाई 2026 को मेलबर्न के मार्वल स्टेडियम में आयोजित भव्य कार्यक्रम 'मेलबर्न मीट्स मोदी' में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ऑस्ट्रेलिया का 'सच्चा मित्र' और अपना 'बेहद प्रिय मित्र' बताया। भारतीय प्रवासी समुदाय के लिए आयोजित इस ऐतिहासिक कार्यक्रम में अल्बनीज ने कहा कि मोदी की मेलबर्न में मेजबानी करना उनके लिए गर्व और सम्मान का अवसर है।
मार्वल स्टेडियम में उमड़ा भारतीय समुदाय
मेलबर्न के प्रसिद्ध मार्वल स्टेडियम में बड़ी संख्या में भारतीय मूल के ऑस्ट्रेलियाई नागरिक एकत्र हुए। अल्बनीज ने कहा कि इस स्टेडियम ने वर्षों में अनेक यादगार आयोजन देखे हैं, लेकिन भारतीय समुदाय का यह जमावड़ा उनमें सबसे विशेष और महत्त्वपूर्ण है। स्टेडियम में उपस्थित जनसमूह की ऊर्जा को उन्होंने भारत-ऑस्ट्रेलिया साझेदारी की जीवंत अभिव्यक्ति बताया।
अल्बनीज के स्वागत उद्गार
अल्बनीज ने मंच से कहा, 'प्रधानमंत्री मोदी, मेरे मित्र, शानदार मेलबर्न में आपका स्वागत है। ऑस्ट्रेलिया के सच्चे मित्र और मेरे बेहद प्रिय मित्र के रूप में आपकी मेजबानी करना मेरे लिए सम्मान की बात है।' उन्होंने कहा कि दोनों देशों के नागरिकों के बीच जो उत्साह और सकारात्मकता दिखती है, वही इस द्विपक्षीय संबंध को आगे ले जाने की असली शक्ति है।
गुजरात यात्रा की यादें और साझा अनुभव
अल्बनीज ने भारत की अपनी दो यात्राओं का स्मरण किया और कहा कि हर बार देश की विविधता, सुंदरता और लोगों की गर्मजोशी ने उन्हें प्रभावित किया। उन्होंने विशेष रूप से 2023 में गुजरात दौरे का उल्लेख किया, जब प्रधानमंत्री मोदी ने उनका आत्मीय स्वागत किया था। उन्होंने याद दिलाया कि दोनों नेताओं ने अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में एक साथ रथ की सवारी की थी — और उस अवसर पर दोनों देशों के लोगों के बीच जो आत्मीयता उन्होंने महसूस की थी, वही भावना मेलबर्न में भी दिखाई दे रही है।
भारतीय समुदाय का योगदान: 'जीवंत पुल'
अल्बनीज ने ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले 10 लाख से अधिक भारतीय मूल के नागरिकों के योगदान की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारतीय समुदाय स्वास्थ्य, सूचना प्रौद्योगिकी, लघु व्यवसाय और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में ऑस्ट्रेलिया की प्रगति में अहम भूमिका निभा रहा है। राष्ट्रीय संकट के समय सबसे पहले आगे आने की उनकी प्रवृत्ति का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि भारतीय छात्र भी ऑस्ट्रेलिया की शिक्षा व्यवस्था और समाज को समृद्ध बना रहे हैं।
अल्बनीज ने भारतीय प्रवासी समुदाय को दोनों देशों के बीच 'जीवंत पुल' की संज्ञा दी और कहा कि उनकी संस्कृति, परिश्रम और समर्पण ने ऑस्ट्रेलिया को और अधिक विविध, समृद्ध एवं सशक्त बनाया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत-ऑस्ट्रेलिया संबंध केवल सरकारों तक सीमित नहीं, बल्कि दोनों देशों के लोगों के बीच गहरे मानवीय जुड़ाव पर टिके हैं।
आगे की राह
'मेलबर्न मीट्स मोदी' कार्यक्रम प्रधानमंत्री मोदी की ऑस्ट्रेलिया यात्रा का एक प्रमुख पड़ाव रहा, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते कूटनीतिक और सांस्कृतिक सहयोग को रेखांकित करता है। यह यात्रा भारत-ऑस्ट्रेलिया व्यापक रणनीतिक साझेदारी को नई गति देने की दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।