रुबियो का दावा: मादुरो को हटाना ट्रंप प्रशासन की सबसे बड़ी विदेश नीति जीत
सारांश
मुख्य बातें
अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो मंगलवार, 3 जून को हाउस एप्रोप्रिएशंस सबकमेटी ऑन नेशनल सिक्योरिटी, डिपार्टमेंट ऑफ स्टेट एंड रिलेटेड प्रोग्राम्स के सामने पेश होंगे और वेनेजुएला के नेता निकोलास मादुरो को सत्ता से हटाने की कार्रवाई को राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल की सबसे बड़ी विदेश नीति उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत करेंगे। रुबियो के तैयार भाषण के अनुसार, यह सुनवाई लैटिन अमेरिका और वेस्टर्न हेमिस्फेयर को लेकर अमेरिकी रणनीति का अब तक का सबसे विस्तृत सार्वजनिक खाका होगी।
वेनेजुएला पर अमेरिकी कार्रवाई का दावा
रुबियो के तैयार बयान के अनुसार, अमेरिकी स्पेशल फोर्सेज ने एक महाद्वीप पार करके काराकास में घुसपैठ की, वहाँ की सैन्य व्यवस्था को ध्वस्त किया और कथित तौर पर कुछ ही घंटों में मादुरो को सत्ता से बेदखल कर दिया। रुबियो इसे 'सैन्य इतिहास की सबसे सटीक और प्रभावशाली कार्रवाइयों में से एक' बताने की योजना रखते हैं। यह बयान मादुरो की सरकार को केवल एक तानाशाही नहीं, बल्कि पूरे पश्चिमी गोलार्ध के लिए एक सुरक्षा खतरे के रूप में पेश करता है।
हेमिस्फेयर नीति में बड़े बदलाव का दावा
रुबियो यह तर्क देंगे कि ट्रंप के दोबारा सत्ता में आने के बाद अमेरिका की पश्चिमी गोलार्ध नीति में आमूल परिवर्तन आया है। उनके तैयार भाषण में कहा गया है: 'राष्ट्रपति ट्रंप ने हमारे क्षेत्र पर फिर से नियंत्रण हासिल कर लिया है। बहुत लंबे समय से हमारे अपने इलाके में दुश्मन शासन, ड्रग कार्टेल, अपराधी गिरोह और विदेशी ताकतें खुलकर काम कर रही थीं।' प्रशासन ने व्यापार, वित्तीय दबाव और कूटनीतिक प्रभाव का उपयोग करके मध्य और दक्षिण अमेरिका के देशों को अपने सुरक्षा और प्रवासन लक्ष्यों के साथ जोड़ने की कोशिश की है।
आपराधिक संगठनों पर कार्रवाई
प्रशासन ने एमएस-13 और ट्रेन डे अरागुआ जैसे संगठनों को आतंकवादी घोषित कर उनके खिलाफ अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाने का दावा किया है। रुबियो के अनुसार, नशे की तस्करी करने वाली नावों को 'सिर्फ चेतावनी भरे पत्र नहीं मिले, बल्कि अमेरिका की पूरी सैन्य ताकत का सामना करना पड़ा।' यह बयान ट्रंप प्रशासन के उस रुख को रेखांकित करता है जो पिछले प्रशासनों की तुलना में अधिक आक्रामक कार्रवाई का समर्थन करता है।
सुनवाई का राजनीतिक संदर्भ
यह सुनवाई ऐसे समय हो रही है जब ट्रंप प्रशासन अपने विदेश नीति बजट के लिए कांग्रेस से समर्थन माँग रहा है। लैटिन अमेरिका में अवैध प्रवासन रोकने, अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क तोड़ने और अमेरिका-विरोधी माने जाने वाले देशों के प्रभाव को कम करने की कोशिशें इस प्रशासन की प्राथमिकताओं में रही हैं। गौरतलब है कि यह सुनवाई ऐसे समय में आई है जब वेनेजुएला में राजनीतिक परिवर्तन की वैधानिकता और अमेरिकी भूमिका को लेकर अंतरराष्ट्रीय समुदाय में सवाल उठ रहे हैं।
आगे क्या होगा
सुनवाई में रुबियो से सांसदों की ओर से तीखे सवाल अपेक्षित हैं, खासकर वेनेजुएला में अमेरिकी सैन्य भूमिका की कानूनी वैधता और क्षेत्रीय स्थिरता पर इसके दीर्घकालिक प्रभाव को लेकर। यह सुनवाई ट्रंप प्रशासन की लैटिन अमेरिका नीति की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकती है।