वियतनाम नाव हादसा: भारतीय दूतावास ने 15 मृतकों की सूची जारी की, तमिलनाडु के 10 पर्यटक शामिल
सारांश
मुख्य बातें
वियतनाम के फु क्वोक द्वीप के पास शनिवार, 11 जुलाई को हुए भीषण स्पीडबोट हादसे में जान गंवाने वाले 15 भारतीय नागरिकों की आधिकारिक सूची भारतीय दूतावास ने जारी कर दी है। दूतावास ने स्पष्ट किया कि यह सूची वियतनामी अधिकारियों से प्राप्त जानकारी के आधार पर तैयार की गई है। मृतकों में तमिलनाडु के 10, आंध्र प्रदेश के 3 और केरल के 2 पर्यटक शामिल हैं।
मृतकों की पूरी सूची
दूतावास द्वारा जारी सूची के अनुसार, तमिलनाडु से मृतकों में सेंथिल कुमार जयावेल, मुरुगा प्रभु अरुमुगम, श्रीधर सुंदरराजन, शेख अब्दुल्ला अब्दुल मजीद, बालाजी नटेसन, विनया कुमार चिथापुरम भास्करा, रविशंकर सुगुमारन, संतोष कुमार शांतीलालजैन, बाबू कुप्पुस्वामी और अलागुराजन सिवासामी शामिल हैं। आंध्र प्रदेश से नल्लापेटा आदिसेशैया रवितेजा, श्रीधर मुदियम और जया लक्ष्मी गेल्ली तथा केरल से एविकोट चेरियन थॉमस और लोवेनी थॉमस की मृत्यु की पुष्टि हुई है।
दूतावास का बयान और राहत कार्य
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर कहा, 'आज फु क्वोक द्वीप के पास हुए दुखद नाव हादसे में जान गंवाने वाले 15 भारतीय नागरिकों की सूची साझा करते हुए हमें गहरा दुख हो रहा है। हमारी संवेदनाएं मृतकों के परिजनों के साथ हैं।' दूतावास ने यह भी बताया कि हनोई स्थित भारतीय दूतावास और हो ची मिन्ह सिटी स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास में प्रभावित परिवारों की सहायता के लिए कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं।
हादसे का विवरण
स्थानीय समाचार वेबसाइट वीएनएक्सप्रेस के अनुसार, ओशन पर्ल आइलैंड कंपनी की स्पीडबोट में 32 भारतीय पर्यटक, एक टूर गाइड और चालक दल के 4 सदस्य सवार थे। शनिवार दोपहर करीब एक बजे नाव में अचानक तकनीकी खराबी आई, जिसके बाद वह पलट गई। हादसे में 21 लोगों को बचाकर अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस हादसे पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा, 'वियतनाम में भारतीय पर्यटकों को ले जा रही नाव के दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर बेहद दुखद और हृदयविदारक है। मैं ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति, शोक संतप्त परिवारों को इस अपार दुख को सहने की शक्ति और सभी घायलों के शीघ्र एवं पूर्ण स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।'
जाँच और आगे की कार्रवाई
भारतीय दूतावास के अनुसार, हादसे के कारणों का अभी पता लगाया जा रहा है और वियतनामी प्रशासन की ओर से खोज एवं बचाव अभियान जारी है। स्थानीय प्रशासन पूरे मामले की जाँच कर रहा है। यह हादसा ऐसे समय में हुआ है जब दक्षिण-पूर्व एशिया में भारतीय पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा रही है, जिससे विदेश यात्राओं के दौरान सुरक्षा मानकों पर नए सिरे से सवाल खड़े हो गए हैं।