क्या टीएमसी की सरकार बनने के बाद पुरुलिया में शांति और सामान्य स्थिति लौट आई है: अभिषेक बनर्जी?

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क्या टीएमसी की सरकार बनने के बाद पुरुलिया में शांति और सामान्य स्थिति लौट आई है: अभिषेक बनर्जी?

सारांश

अभिषेक बनर्जी ने पुरुलिया में भाजपा सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो पर हमला बोलते हुए उनके विकास कार्यों पर सवाल उठाए। उन्होंने भाजपा के खिलाफ अपने अभियान की जानकारी दी और शांति और विकास का आश्वासन दिया।

Key Takeaways

  • अभिषेक बनर्जी ने भाजपा सांसद पर विकास में असफलता का आरोप लगाया।
  • टीएमसी पुरुलिया में शांति और विकास का वादा कर रही है।
  • जनता की मांगों को पूरा करने का वादा किया गया है।

कोलकाता, 21 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। तृणमूल कांग्रेस के महासचिव अभिषेक बनर्जी ने बुधवार को भाजपा सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल के पुरुलिया निर्वाचन क्षेत्र से दो बार सांसद रहने के बावजूद वे जिले के विकास में असफल रहे हैं।

पुरुलिया में अपने 'अबार जीत बे बांग्ला' (बंगाल फिर से जीतेगा) अभियान के तहत एक जनसभा को संबोधित करते हुए बनर्जी ने विकास की अतीत और वर्तमान की तुलना की और जिले में भाजपा का पूर्ण सफाया करने का आह्वान किया।

तृणमूल कांग्रेस सांसद ने वादा किया कि अगर ऐसा होता है, तो वे विधानसभा चुनाव परिणाम आने के छह महीने के भीतर स्थानीय लोगों की सभी मांगों को पूरा करेंगे।

केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली 11 साल की सरकार के दौरान भाजपा सांसद ने क्षेत्र में क्या विकास किया, इस पर सवाल उठाते हुए बनर्जी ने चक्रधरपुर एक्सप्रेस और पुरुलिया एक्सप्रेस जैसी महत्वपूर्ण ट्रेनों में नियमित देरी का जिक्र किया।

उन्होंने कहा कि अगर एक भी ट्रेन हावड़ा समय पर नहीं पहुंच पाती, तो इतने सालों में सांसद ने क्या किया? जो ट्रेन की देरी की समस्या पर कोई पहल नहीं करता, क्या वह विकास की बात करेगा? मुझे पता है कि यहां के लोगों की कई मांगें अभी तक पूरी नहीं हुई हैं, लेकिन मैं वादा करता हूं कि अगर तृणमूल पुरुलिया की सभी सीटें जीतती है, तो मैं छह महीने के भीतर आपकी सभी मांगें पूरी करने की कोशिश करूंगा।

2011 से पहले पुरुलिया की स्थिति पर प्रकाश डालते हुए बनर्जी ने कहा कि एक समय लोग डर और अनिश्चितता में जीते थे। उन्होंने पुरुलिया में माओवादी हिंसा, राजनीतिक अशांति और प्रशासनिक गतिरोध से ग्रस्त उस दौर को भी याद किया।

कनेक्टिविटी में सुधार और विभिन्न विकास परियोजनाओं का जिक्र करते हुए, उन्होंने दावा किया कि उन भयानक दिनों के बाद, 2011 में ममता बनर्जी सरकार के सत्ता में आने के बाद, पुरुलिया में शांति और सामान्य स्थिति लौट आई।

Point of View

जो राज्य के भविष्य को प्रभावित कर सकता है।
NationPress
21/01/2026

Frequently Asked Questions

अभिषेक बनर्जी का पुरुलिया में क्या बयान था?
अभिषेक बनर्जी ने भाजपा सांसद ज्योतिर्मय सिंह महतो पर आरोप लगाया कि वे जिले का विकास नहीं कर पाए हैं।
क्या टीएमसी पुरुलिया में विकास का आश्वासन दे रही है?
बनर्जी ने वादा किया कि वे सभी मांगों को विधानसभा चुनाव परिणाम के छह महीने के भीतर पूरा करेंगे।
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