26 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

आगरा में सीबीआई ने पीएनबी ब्रांच मैनेजर को ₹30,000 रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
आगरा में सीबीआई ने पीएनबी ब्रांच मैनेजर को ₹30,000 रिश्वत लेते रंगे हाथ दबोचा

सारांश

आगरा में सीबीआई ने पीएनबी की भद्रौली शाखा के मैनेजर को 19 पहले से स्वीकृत सोलर लोन फाइलें आगे बढ़ाने के बदले ₹52,000 में से पहली किस्त ₹30,000 लेते हुए रंगे हाथ पकड़ा — यह मामला उजागर करता है कि पहले से मंजूर फाइलों पर भी किस तरह अवैध वसूली होती है।

मुख्य बातें

सीबीआई ने 25 जून 2026 को आगरा में पीएनबी की भद्रौली शाखा, बरहन के मैनेजर को रंगे हाथ गिरफ्तार किया।
आरोपी ने 19 सोलर पैनल लोन फाइलों के बदले कुल ₹52,000 रिश्वत माँगी; पकड़े जाने के समय ₹30,000 की पहली किस्त ली जा रही थी।
उल्लेखनीय है कि सभी 19 फाइलें बैंक द्वारा पहले से ही विधिवत स्वीकृत थीं, फिर भी कथित तौर पर रिश्वत माँगी गई।
आरोपी को शुक्रवार को गाजियाबाद की सक्षम अदालत में पेश किया जाएगा; जांच जारी है।
इससे पहले 22 जून को सीबीआई ने सीसीएल, रामगढ़ (झारखंड) के चीफ स्टोर कीपर को भी ₹10,000 रिश्वत मामले में रंगे हाथ पकड़ा था।

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने 25 जून 2026 को उत्तर प्रदेश के आगरा जिले में पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) की भद्रौली शाखा, बरहन के मैनेजर को ₹30,000 की रिश्वत स्वीकार करते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। सीबीआई की ट्रैप कार्रवाई में आरोपी मैनेजर को शिकायतकर्ता से रिश्वत की पहली किस्त लेते हुए पकड़ा गया।

मामले का मुख्य घटनाक्रम

सीबीआई के अनुसार, एक निजी कंपनी में कार्यरत शिकायतकर्ता ने 25 जून को शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि आरोपी मैनेजर 19 सोलर पैनल लोन फाइलों की प्रोसेसिंग और मंजूरी के बदले प्रति फाइल ₹7,000 की रिश्वत माँग रहा था।

बातचीत के बाद आरोपी 19 लोन फाइलों को क्लियर करने के एवज में कुल ₹52,000 की रिश्वत पर सहमत हुआ। उल्लेखनीय है कि ये सभी 19 फाइलें बैंक द्वारा पहले से ही विधिवत स्वीकृत की जा चुकी थीं — इसके बावजूद कथित तौर पर उन्हें आगे बढ़ाने के लिए अवैध धन की माँग की गई।

सीबीआई की ट्रैप कार्रवाई

शिकायत मिलते ही सीबीआई ने तत्काल जाल बिछाया। आरोपी मैनेजर को शिकायतकर्ता से रिश्वत की पहली किस्त के रूप में ₹30,000 माँगते और स्वीकार करते हुए मौके पर ही दबोच लिया गया। यह कार्रवाई 25 जून 2026 को की गई।

अदालत में पेशी और आगे की जांच

गिरफ्तार बैंक मैनेजर को शुक्रवार को गाजियाबाद की सक्षम अदालत में पेश किया जाएगा। सीबीआई ने स्पष्ट किया है कि मामले की जांच अभी जारी है और रिश्वतखोरी से जुड़े सभी पहलुओं की गहन पड़ताल की जा रही है।

सीबीआई की हालिया कार्रवाइयाँ

यह ऐसे समय में आया है जब सीबीआई ने इससे ठीक पहले 22 जून 2026 को सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल), रामगढ़, झारखंड के बरका सयाल क्षेत्र के सौंदा स्थित रीजनल स्टोर के चीफ स्टोर कीपर को भी रंगे हाथ पकड़ा था। उस मामले में आरोपी ने शिकायतकर्ता से ₹10,000 की रिश्वत माँगी थी — यह रिश्वत शिकायतकर्ता की चिकित्सीय स्थिति को देखते हुए उसे हल्के काम सौंपकर सुरक्षा गार्ड की ड्यूटी जारी रखने देने के बदले माँगी गई थी।

गौरतलब है कि सीबीआई की इन ताबड़तोड़ कार्रवाइयों से सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में भ्रष्टाचार के खिलाफ बढ़ती सख्ती के संकेत मिल रहे हैं। आने वाले दिनों में इस मामले में जांच के और पहलू सामने आने की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

वे पहले से ही बैंक द्वारा स्वीकृत थीं — अर्थात भ्रष्टाचार प्रक्रिया के अंत में भी जारी रहा। यह दर्शाता है कि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में भ्रष्टाचार केवल स्वीकृति स्तर तक सीमित नहीं, बल्कि क्रियान्वयन के हर चरण में पैठ बना चुका है। सीबीआई की हालिया ताबड़तोड़ कार्रवाइयाँ — एक सप्ताह में दो ट्रैप ऑपरेशन — निगरानी की तीव्रता का संकेत देती हैं, लेकिन असली सवाल यह है कि क्या ये छिटपुट गिरफ्तारियाँ प्रणालीगत सुधार की जगह ले सकती हैं।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

आगरा में पीएनबी मैनेजर को किस आरोप में गिरफ्तार किया गया?
सीबीआई ने पीएनबी की भद्रौली शाखा, बरहन के मैनेजर को 19 सोलर पैनल लोन फाइलों को क्लियर करने के बदले ₹52,000 में से पहली किस्त ₹30,000 रिश्वत लेते हुए 25 जून 2026 को रंगे हाथ गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई शिकायतकर्ता की शिकायत पर दर्ज मामले के बाद ट्रैप ऑपरेशन के तहत की गई।
क्या वे लोन फाइलें पहले से स्वीकृत थीं?
हाँ, शिकायत के अनुसार सभी 19 सोलर पैनल लोन फाइलें बैंक द्वारा पहले से ही विधिवत स्वीकृत की जा चुकी थीं। इसके बावजूद आरोपी मैनेजर ने कथित तौर पर उन्हें आगे बढ़ाने के लिए प्रति फाइल ₹7,000 की रिश्वत माँगी।
गिरफ्तार मैनेजर को अदालत में कब पेश किया जाएगा?
सीबीआई के अनुसार आरोपी बैंक मैनेजर को शुक्रवार को गाजियाबाद की सक्षम अदालत में पेश किया जाएगा। मामले की जांच अभी जारी है।
सीबीआई ने हाल ही में और कौन-सी ऐसी कार्रवाई की है?
22 जून 2026 को सीबीआई ने सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल), रामगढ़ (झारखंड) के बरका सयाल क्षेत्र के सौंदा स्थित रीजनल स्टोर के चीफ स्टोर कीपर को ₹10,000 रिश्वत मामले में रंगे हाथ पकड़ा था। वह रिश्वत शिकायतकर्ता को हल्के काम सौंपकर सुरक्षा गार्ड की ड्यूटी जारी रखने देने के बदले माँगी गई थी।
इस मामले में शिकायत किसने और कब दर्ज कराई?
एक निजी कंपनी में कार्यरत शिकायतकर्ता ने 25 जून 2026 को सीबीआई में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत के आधार पर उसी दिन मामला दर्ज कर ट्रैप कार्रवाई की गई और आरोपी को गिरफ्तार किया गया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 सप्ताह पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 5 महीने पहले
  5. 5 महीने पहले
  6. 6 महीने पहले
  7. 7 महीने पहले
  8. 7 महीने पहले