अहमदाबाद में 16 जुलाई को निकलेगी 149वीं जगन्नाथ रथ यात्रा, 18 गजराज और 101 झांकियों के साथ भव्य आयोजन
सारांश
मुख्य बातें
अहमदाबाद के ऐतिहासिक श्री जगन्नाथ मंदिर से 16 जुलाई 2025 को भगवान जगन्नाथ की 149वीं रथ यात्रा भव्य रूप से निकलेगी। लाखों श्रद्धालुओं की आस्था और उत्साह के बीच यह यात्रा प्रेम, सद्भाव और सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक बनकर पारंपरिक मार्ग पर आगे बढ़ेगी। पुलिस आयुक्त ने मंदिर ट्रस्ट के आवेदन पर विचार करने के बाद यात्रा की अनुमति प्रदान कर दी है।
यात्रा का स्वरूप और आयोजन
रथ यात्रा का नेतृत्व 18 सजे-धजे गजराजों (हाथियों) द्वारा किया जाएगा। उनके पीछे भारतीय संस्कृति, परंपरा और विविधता को दर्शाती 101 भव्य झांकियाँ चलेंगी। 30 अखाड़ा मंडलियाँ अपने पारंपरिक व्यायाम और करतबों का प्रदर्शन करेंगी, जबकि 18 भजन मंडलियाँ और 3 बैंड दल धार्मिक वातावरण को और अधिक भव्य बनाएंगे।
भगवान जगन्नाथ, भगवान बलभद्र और माता सुभद्रा के रथों को संतों और श्रद्धालुओं सहित करीब 1,000 से 1,200 लोग खींचेंगे। हरिद्वार, अयोध्या, नासिक, उज्जैन, जगन्नाथ पुरी और सौराष्ट्र सहित देश के विभिन्न हिस्सों से लगभग 2,500 संत-महात्मा इस यात्रा में सहभागी होने के लिए अहमदाबाद पहुँचेंगे।
मुख्यमंत्री करेंगे पहिंद विधि से शुभारंभ
गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल पारंपरिक पहिंद विधि के तहत रथ खींचकर यात्रा का शुभारंभ करेंगे। यात्रा के दिन सुबह मंगला आरती के बाद आदिवासी नृत्य और रास-गरबा जैसे सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। मंदिर प्रशासन के अनुसार, प्रसाद के रूप में 45,000 किलोग्राम मगवॉर्ट, 500 किलोग्राम जामुन, 500 किलोग्राम आम, 400 किलोग्राम खीरा और अनार वितरित किए जाएंगे। इसके साथ ही भगवान को दो लाख उपरना (पारंपरिक वस्त्र) भी अर्पित किए जाएंगे।
14 और 15 जुलाई के पूर्व-आयोजन
14 जुलाई को सुबह 8 बजे गर्भगृह स्थित रत्नवेदी पर भगवान जगन्नाथ, माता सुभद्रा और भगवान बलदेव की प्रतिष्ठा के साथ नेत्रोत्सव पूजा और षोडशोपचार पूजन किया जाएगा। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच भगवान की आँखों पर परंपरागत पट्टी बाँधी जाएगी। सुबह 9:30 बजे मंदिर परिसर में ध्वजारोहण होगा, जिसमें गुजरात भाजपा अध्यक्ष जगदीशभाई विश्वकर्मा मुख्य अतिथि होंगे। इस अवसर पर गुजरात सरकार के वरिष्ठ मंत्री हर्ष संघवी, ऋषिकेश पटेल, जीतू वाघानी, अहमदाबाद के मेयर हितेश बारोट तथा केंद्रीय मंत्री सी.आर. पाटिल सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहेंगे।
15 जुलाई को सुबह 10 बजे भगवान के स्वर्ण वेश (सोने के वस्त्र) के दर्शन होंगे और रथों की प्रतिष्ठा एवं विशेष पूजन किया जाएगा। सुबह 11 बजे गजराजों की विशेष पूजा होगी, जिसमें आईसीसी के चेयरमैन जय अमित शाह मुख्य अतिथि होंगे। गुजरात के वन एवं पर्यावरण मंत्री अर्जुन मोढवाडिया विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। दोपहर 2:30 बजे गुजरात कांग्रेस का प्रतिनिधिमंडल मंदिर पहुँचेगा और शाम 5 बजे शहर की पीस कमेटी मंदिर का दौरा करेगी। शाम 6:30 बजे मुख्यमंत्री भूपेंद्रभाई पटेल विशेष पूजा और आरती करेंगे, जबकि रात 8 बजे भव्य महाआरती में गुजरात विधानसभा अध्यक्ष शंकरभाई चौधरी मुख्य अतिथि होंगे।
सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियाँ
मंदिर ट्रस्ट के अनुसार, प्रशासन और पुलिस ने यात्रा के शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित संचालन के लिए व्यापक प्रबंध किए हैं। यात्रा अपने पारंपरिक मार्ग से ही निकलेगी और पूरे रास्ते पर सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए जाएंगे। गौरतलब है कि यह यात्रा गुजरात की सांस्कृतिक और धार्मिक पहचान का अभिन्न अंग मानी जाती है और हर वर्ष इसमें देशभर से लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब देशभर में धार्मिक आयोजनों में श्रद्धालुओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है। 149वीं रथ यात्रा के सफल आयोजन की उम्मीद के साथ मंदिर ट्रस्ट और प्रशासन मिलकर इसे एक यादगार उत्सव बनाने में जुटे हैं।