अमेठी में पुलिस की बड़ी कार्रवाई: अपहरण के आरोपी को किया गिरफ्तार
सारांश
Key Takeaways
- अमेठी में पुलिस ने एक 50 हजार रुपये के इनामी आरोपी को गिरफ्तार किया।
- यह गिरफ्तारी ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत की गई।
- आरोपी पर अपहरण और फिरौती का आरोप था।
- पुलिस की तत्परता ने एक गंभीर अपराध को रोकने में मदद की।
- अगली कार्रवाई के लिए एफआईआर दर्ज की गई है।
अमेठी, 12 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश के अमेठी में गुरुवार तड़के पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस के ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत हुई इस मुठभेड़ में अपहरण और फिरौती के मामले में वांछित 50 हजार रुपये का इनामी आरोपी गिरफ्तार कर लिया गया। मुठभेड़ के दौरान आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे पकड़कर इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।
जानकारी के अनुसार, यह घटना गुरुवार सुबह लगभग पौने तीन बजे की है। मुसाफिरखाना थाने के प्रभारी अपनी पुलिस टीम के साथ इलाके में चेकिंग अभियान चला रहे थे। यह अभियान ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत चलाया जा रहा था। इसी दौरान पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली कि अपहरण और फिरौती के मामले में वांछित अपराधी इस्लाम उर्फ मच्छर, जो गोंडा जिले का निवासी है, इसौली रोड की तरफ से गुजरने वाला है।
जैसे ही पुलिस को यह सूचना मिली, टीम तुरंत सतर्क हो गई और इसौली रोड पर घेराबंदी कर दी। कुछ ही समय बाद संदिग्ध युवक वहां पहुंचा। जब पुलिस ने उसे रुकने का इशारा किया तो उसने भागने की कोशिश की। खुद को पुलिस से घिरता देख आरोपी ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी।
अचानक हुई फायरिंग से पुलिस टीम भी सतर्क हो गई और आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। पुलिस की जवाबी फायरिंग में आरोपी के पैर में गोली लग गई, जिससे वह घायल होकर वहीं गिर पड़ा। इसके बाद पुलिस टीम ने उसे मौके से गिरफ्तार किया और तुरंत इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया।
इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए एडिशनल एसपी ज्ञानेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि पकड़ा गया आरोपी अपहरण और फिरौती के एक मामले में काफी समय से फरार चल रहा था। आरोपी पर अमेठी पुलिस की तरफ से 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था।
पुलिस के अनुसार, 10 फरवरी को आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर रमन अग्रहरी नामक व्यक्ति का हाईवे से अपहरण किया था और उससे फिरौती वसूली थी। उसी मामले में यह आरोपी वांछित चल रहा था।
फिलहाल पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है। इस पूरे मामले में मुसाफिरखाना थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई है और आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।