आशा भोसले के निधन से पूरे देश में शोक, राजनीतिक हस्तियों ने जताई संवेदना
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नई दिल्ली, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। सुरों की मल्लिका, आशा भोसले, के निधन ने सम्पूर्ण देश में शोक की लहर दौड़ा दी है। उनका 92 वर्ष की आयु में निधन हुआ। इस अनमोल क्षति पर विभिन्न राजनीतिक नेताओं ने गहरी संवेदना व्यक्त की।
भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने कहा कि यह एक बहुत ही दुखद घटना है। उनकी आवाज ने हमेशा करोड़ों भारतीयों के दिलों की धड़कन को छुआ है। 1962 के युद्ध के दौरान भी उनके गीतों का प्रभाव अद्वितीय था, जिसे कोई नहीं भूल सकता।
उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि उन्होंने अपने गायन से पूरी दुनिया को मंत्रमुग्ध किया है। देवी सरस्वती के आशीर्वाद से उनकी आवाज ने सभी को प्रभावित किया। भगवान आशा भोसले के परिवार और प्रशंसकों को इस अपार दुख सहन करने की शक्ति प्रदान करें।
डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि यह भारतीय संगीत की दुनिया के लिए एक अत्यंत दुखद क्षण है। उनके सुरों ने भारतीय संगीत को नई पहचान दी और उनके गीत सदैव लोगों के दिलों में जीवित रहेंगे।
भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने कहा कि आशा भोसले का निधन एक ऐसा नुकसान है, जिसकी भरपाई शायद कभी न हो सके। उन्होंने भारतीय संगीत को नयी ऊँचाइयों पर पहुँचाया। उनकी मधुर आवाज और अद्वितीय प्रतिभा ने पीढ़ियों को मंत्रमुग्ध किया। भारत ने आज एक महान सांस्कृतिक धरोहर को खो दिया है, लेकिन उनकी अमर आवाज हमेशा हमारे हृदयों में जीवित रहेगी।