बांद्रा ईस्ट में अतिक्रमण हटाने पर पत्थरबाजी, पुलिसकर्मी घायल; 10 नामजद आरोपियों पर एफआईआर
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई के बांद्रा ईस्ट इलाके में 20 मई 2025 को अतिक्रमण हटाने के अभियान के दौरान हिंसक झड़प भड़क उठी, जब स्थानीय भीड़ ने तैनात पुलिसकर्मियों पर पत्थर और अन्य वस्तुएं फेंकीं। इस घटना में कई पुलिसकर्मी घायल हो गए और निर्मल नगर पुलिस स्टेशन में 10 नामजद आरोपियों सहित अज्ञात व्यक्तियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई है।
मुख्य घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, यह ऑपरेशन बांद्रा ईस्ट रेलवे स्टेशन के निकट गरीब नगर क्षेत्र में चलाया जा रहा था। कार्रवाई मुंबई उच्च न्यायालय के आदेश और पूर्व-निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार की जा रही थी। अभियान में मुंबई पुलिस, रेलवे प्रोटेक्शन फोर्स (RPF), होम गार्ड और अन्य सुरक्षाकर्मी तैनात थे।
तोड़फोड़ शुरू होते ही बड़ी संख्या में स्थानीय लोग एकत्र हो गए। पुलिस ने बार-बार लाउडस्पीकर से शांति बनाए रखने और स्थान खाली करने की अपील की, परंतु भीड़ ने नारेबाजी करते हुए कार्रवाई में बाधा डाली। स्थिति बिगड़ने पर भीड़ ने पुलिसकर्मियों पर पत्थर और अन्य वस्तुएं फेंकनी शुरू कर दीं।
पुलिस की प्रतिक्रिया और एफआईआर
पुलिस ने स्थिति पर काबू पाने के लिए न्यूनतम बल का प्रयोग किया। घायल पुलिसकर्मियों को तत्काल चिकित्सा सहायता दी गई। निर्मल नगर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है, जिनमें अवैध जमावड़ा, दंगा, सरकारी कर्मचारियों को कर्तव्य-निर्वहन से रोकना, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाना और सरकारी कर्मचारियों पर हमला जैसे आरोप शामिल हैं।
मुंबई पुलिस ने कहा, 'अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत की जा रही थी। इसके बावजूद कुछ असामाजिक तत्वों ने जानबूझकर हिंसा भड़काई और पुलिसकर्मियों पर हमला किया। सीसीटीवी फुटेज और अन्य सबूतों के आधार पर सभी दोषियों की पहचान कर उन्हें कानून के दायरे में लाया जाएगा।'
आम जनता और इलाके पर असर
गौरतलब है कि यह कार्रवाई न्यायालय-आदेशित थी, जिससे इसे रोकने का कोई कानूनी आधार नहीं था। यह ऐसे समय में आई है जब मुंबई में रेलवे भूमि पर अनधिकृत निर्माणों को लेकर लंबे समय से विवाद चला आ रहा है। फिलहाल गरीब नगर और आसपास के क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षाबल तैनात कर दिए गए हैं।
जांच की स्थिति
पुलिस सीसीटीवी फुटेज का विश्लेषण कर अन्य संदिग्धों की पहचान में जुटी है। 10 नामजद आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उनकी गिरफ्तारी की प्रक्रिया जारी बताई जा रही है। आगे की जांच के आधार पर और गिरफ्तारियां संभव हैं।