बारामूला में अवैध रेत खनन पर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, झेलम नदी से 10 नावें व ड्रेजर जब्त
सारांश
मुख्य बातें
बारामूला पुलिस ने 15 जुलाई 2025 को झेलम नदी के किनारे जेटी-झुहामा-चकलू क्षेत्र में व्यापक छापेमारी कर अवैध रेत खनन में लिप्त गिरोह के खिलाफ सख्त कार्रवाई की। इस अभियान में 10 नावें, 4 पानी के पंप, 2 ड्रेजर और 1 बोट पुशर सहित कई उपकरण जब्त किए गए। अधिकारियों के अनुसार, ये उपकरण नदी की तलहटी से बड़े पैमाने पर रेत निकालने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे थे।
अभियान का नेतृत्व और संयुक्त कार्रवाई
यह विशेष अभियान बारामूला के पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) के नेतृत्व में संचालित किया गया। बारामूला पुलिस स्टेशन के थाना प्रभारी (एसएचओ), डेलिना के डिवीजनल अधिकारी (डीओ) और बाढ़ नियंत्रण विभाग की टीम ने मिलकर इस कार्रवाई को अंजाम दिया। नदी के विभिन्न हिस्सों में गहन निरीक्षण कर अवैध खनन में प्रयुक्त उपकरणों की पहचान की गई और उन्हें तत्काल जब्त किया गया।
जब्त उपकरण और कानूनी प्रक्रिया
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 10 नावें, 4 पानी के पंप, 2 ड्रेजर और 1 बोट पुशर अपने कब्जे में लिए। सभी उपकरणों को संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत ज़ब्त कर आगे की कार्यवाही शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, इन उपकरणों का उपयोग बड़े पैमाने पर अवैध रेत उत्खनन के लिए किया जा रहा था।
पर्यावरण और नदी तंत्र पर खतरा
बारामूला पुलिस ने स्पष्ट किया कि अवैध रेत खनन न केवल पर्यावरण के लिए गंभीर संकट है, बल्कि इससे झेलम नदी के प्राकृतिक प्रवाह, तटीय स्थिरता और स्थानीय पारिस्थितिकी तंत्र पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। यह ऐसे समय में आया है जब जम्मू-कश्मीर में नदियों के अवैध दोहन को लेकर पर्यावरण विशेषज्ञ बार-बार चेतावनी दे चुके हैं।
भविष्य की कार्रवाई और नागरिकों से अपील
पुलिस अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि बारामूला जिले में अवैध खनन के खिलाफ इसी तरह के सघन अभियान आगे भी जारी रहेंगे। कानून का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति या समूह को कोई राहत नहीं दी जाएगी। साथ ही, बारामूला पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि अवैध रेत खनन की गतिविधि दिखने पर तुरंत पुलिस या संबंधित विभाग को सूचित करें।