हुगली में कुणाल घोष की कार पर हमला: मंत्री दिलीप घोष बोले — 'इसमें भाजपा की कोई भूमिका नहीं'
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल सरकार के मंत्री दिलीप घोष ने 27 सितंबर 2026 को न्यूटाउन में मीडिया से बातचीत करते हुए ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस (एआईटीएमसी) विधायक कुणाल घोष की कार पर हुगली में हुए हमले में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की किसी भी भूमिका से स्पष्ट इनकार किया। दिलीप घोष ने कुणाल घोष पर भी सवाल उठाते हुए उनके बयानों को मीडिया कवरेज पाने की कोशिश करार दिया।
हमले पर क्या बोले मंत्री दिलीप घोष
दिलीप घोष ने कहा, 'जनसभा शाम को थी, और वे सुबह यात्रा कर रहे थे। वे क्यों जा रहे थे, कहाँ जा रहे थे और पत्थर किसने फेंके? इसमें भाजपा की कोई भूमिका नहीं है।' उन्होंने कुणाल घोष की उपस्थिति और यात्रा के समय पर सवाल उठाते हुए घटना की पूरी परिस्थितियों को संदिग्ध बताया।
कुणाल घोष के पुलिस पर आरोपों का जवाब
कुणाल घोष द्वारा पुलिस पर लगाए गए आरोपों को लेकर दिलीप घोष ने कहा, 'उन्होंने कई जनसभाएँ कीं और भाषण दिए। किसी ने उन्हें नहीं रोका।' उनके अनुसार, 'वे ऐसे दावे इसलिए कर रहे हैं, क्योंकि उनके साथ लोग नहीं हैं और उनकी सभाएँ नहीं हो रही हैं — इसलिए वे मीडिया कवरेज पाने के लिए ऐसे बयान देना चाहते हैं। और कुछ नहीं।' दिलीप घोष ने स्पष्ट किया कि अनुमति के लिए पुलिस से संपर्क करना विधायक की जिम्मेदारी है, लेकिन लोगों को जुटाना BJP का काम नहीं है।
हुगली में हमले का घटनाक्रम
पश्चिम बंगाल के हुगली जिले में एआईटीएमसी विधायक कुणाल घोष की कार पर कथित तौर पर हमला हुआ, जिसमें विरोधियों ने कार पर अंडे फेंके। कुणाल घोष ने दावा किया कि अंडों के अलावा रॉड और पत्थरों से भी हमला किया गया। गौरतलब है कि यह घटना ऐसे समय में हुई है जब पश्चिम बंगाल में BJP और TMC के बीच राजनीतिक तनाव चरम पर है।
ममता बनर्जी के 'वोट चोरी' के आरोपों पर पलटवार
ममता बनर्जी के 'वोट चोरी' के आरोपों को लेकर दिलीप घोष ने कहा, 'उनके (TMC के) कार्यकाल में इतना अत्याचार हुआ कि लोग बदलाव लाने के लिए मजबूर हो गए। वोटिंग का प्रतिशत बहुत अधिक था, लेकिन कोई धांधली नहीं हुई और कोई भी शिकायत दर्ज नहीं करा सका।' उन्होंने कहा कि BJP को मिली जीत जनता का जनादेश है और 'अब हार जाने के बाद बयानबाजी करने से कोई फायदा नहीं है।'
BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन का बंगाल दौरा
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के बंगाल दौरे पर दिलीप घोष ने कहा कि यह दौरा संगठनात्मक कार्यों के लिए था। उन्होंने बताया, 'राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद उन्होंने दुर्गापुर का दौरा किया था, जहाँ क्षेत्रीय बैठक हुई।' उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आगामी नगर निकाय और पंचायत चुनावों को देखते हुए पार्टी संगठन को हमेशा मजबूत बनाए रखना जरूरी है।
यह ऐसे समय में आया है जब बंगाल में BJP की सरकार के बाद TMC और BJP के बीच राजनीतिक टकराव और सार्वजनिक आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा। आने वाले स्थानीय निकाय चुनावों में दोनों दलों के बीच यह संघर्ष और तीखा होने की संभावना है।