5 नवंबर 2026
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छठ पूजा 2026: CM सम्राट चौधरी ने पटना के गंगा घाटों का निरीक्षण किया, 103 घाटों पर सुरक्षा के कड़े निर्देश

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छठ पूजा 2026: CM सम्राट चौधरी ने पटना के गंगा घाटों का निरीक्षण किया, 103 घाटों पर सुरक्षा के कड़े निर्देश

सारांश

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने छठ पूजा 2026 से पहले पटना के गंगा घाटों का स्टीमर से निरीक्षण किया। 103 घाटों पर 552 अस्थायी शौचालय, 171 वॉच टावर और 21 सुरक्षा सेक्टर तैयार हैं — सुरक्षित अर्घ्य सुनिश्चित करने का प्रशासनिक संकल्प।

मुख्य बातें

CM सम्राट चौधरी ने 5 नवंबर 2026 को स्टीमर से नासरीगंज घाट से महावीर घाट तक गंगा के घाटों का निरीक्षण किया।
पटना में 103 गंगा घाट हैं — 91 सुरक्षित , 5 खतरनाक , 7 पर निर्माण जारी।
श्रद्धालुओं के लिए 552 अस्थायी शौचालय , 450 यूरिनल , 400 चेंजिंग रूम , 13 यात्री शेड और 171 वॉच टावर की व्यवस्था।
सुरक्षा निगरानी के लिए 21 सेक्टर गठित; पदाधिकारियों और कर्मियों की प्रतिनियुक्ति।
पटना नगर निगम 92 घाटों और 103 तालाबों को तैयार कर रहा है, जिनमें 37 कृत्रिम और 66 स्थायी तालाब शामिल।

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गुरुवार, 5 नवंबर 2026 को लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा 2026 की तैयारियों का स्थलीय जायजा लेने के लिए पटना में गंगा नदी के विभिन्न घाटों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को व्रतियों और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को प्राथमिकता देते हुए सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध तरीके से पूरी करने और सुरक्षा के ठोस इंतजाम सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

स्टीमर से किया घाटों का निरीक्षण

मुख्यमंत्री ने नासरीगंज घाट से महावीर घाट तक स्टीमर के जरिये गंगा किनारे स्थित घाटों की व्यवस्था का जायजा लिया। इस क्रम में कलेक्ट्रियेट घाट, गांधी घाट, पहलवान घाट, गुलाबी घाट, चौधरी टोला घाट, पथरी घाट, गायघाट और भद्र घाट सहित अनेक घाटों पर की जा रही तैयारियों का उन्होंने प्रत्यक्ष मुआयना किया।

निरीक्षण के दौरान उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, सहकारिता मंत्री राम कृपाल यादव, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सहित कई जनप्रतिनिधि और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

सुरक्षा और बैरिकेडिंग पर जोर

मुख्यमंत्री ने कहा कि गंगा नदी के जलस्तर और प्रवाह की स्थिति को देखते हुए छठ घाटों के निकट मजबूत बैरिकेडिंग अनिवार्य रूप से कराई जाए। घाटों तक पहुंचने वाले मार्गों और गंगा किनारे की सड़कों पर भी बैरिकेडिंग की व्यवस्था हो, जिससे व्रतियों और श्रद्धालुओं का आवागमन सुगम एवं सुरक्षित बना रहे।

उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि घाटों पर साफ-सफाई और स्वच्छता के मामले में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही, माइकिंग के माध्यम से श्रद्धालुओं को घाटों पर उपलब्ध सुविधाओं और आवश्यक सूचनाओं की जानकारी निरंतर दी जाए।

आधारभूत सुविधाओं का विस्तृत इंतजाम

अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को बताया कि पटना में गंगा नदी पर कुल 103 घाट हैं — इनमें 91 सुरक्षित, 5 खतरनाक और 7 घाटों पर निर्माण कार्य जारी है। छठ व्रतियों और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 552 अस्थायी शौचालय, 450 अस्थायी यूरिनल, 400 अस्थायी चेंजिंग रूम, 13 यात्री शेड और 171 वॉच टावर स्थापित किए गए हैं।

इसके अलावा पटना नगर निगम द्वारा 92 घाटों और 103 तालाबों को छठ महापर्व के लिए तैयार किया जा रहा है, जिनमें 37 कृत्रिम और 66 स्थायी तालाब शामिल हैं।

21 सेक्टरों में बंटी निगरानी व्यवस्था

अधिकारियों ने बताया कि घाटों पर व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंधन की निगरानी के लिए 21 सेक्टर गठित किए गए हैं। प्रत्येक सेक्टर में पदाधिकारियों और कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है, ताकि किसी भी आपात स्थिति से तत्काल निपटा जा सके।

यह ऐसे समय में आया है जब छठ महापर्व के दौरान पटना के घाटों पर हर वर्ष लाखों श्रद्धालु उमड़ते हैं और भीड़ प्रबंधन एक बड़ी प्रशासनिक चुनौती रही है। मुख्यमंत्री के इस स्थलीय निरीक्षण को प्रशासनिक तैयारियों को अंतिम रूप देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी क्रियान्वयन की होगी — हर साल घाटों पर भगदड़ और डूबने की घटनाएं प्रशासनिक तैयारियों पर सवाल उठाती रही हैं। 103 में से 5 घाटों को खतरनाक घोषित किया गया है, फिर भी वे सक्रिय सूची में हैं — यह विरोधाभास ध्यान देने योग्य है। 552 अस्थायी शौचालय और 171 वॉच टावर के आँकड़े उत्साहजनक हैं, लेकिन लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ के सामने ये पर्याप्त हैं या नहीं, यह महापर्व के दिन ही स्पष्ट होगा। जवाबदेही तय करने के लिए 21 सेक्टरों की संरचना एक सकारात्मक कदम है — बशर्ते प्रतिनियुक्त पदाधिकारी वास्तव में मैदान में मौजूद रहें।
RashtraPress
5 नवंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

छठ पूजा 2026 के लिए पटना में कितने घाट तैयार किए जा रहे हैं?
पटना में गंगा नदी पर कुल 103 घाट हैं, जिनमें 91 सुरक्षित, 5 खतरनाक और 7 पर निर्माण कार्य जारी है। पटना नगर निगम 92 घाटों और 103 तालाबों को छठ महापर्व के लिए तैयार कर रहा है।
CM सम्राट चौधरी ने छठ घाटों पर क्या निर्देश दिए?
CM सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को घाटों पर मजबूत बैरिकेडिंग, साफ-सफाई, सुगम यातायात व्यवस्था और माइकिंग के माध्यम से श्रद्धालुओं को निरंतर सूचना देने का निर्देश दिया। उन्होंने साफ किया कि स्वच्छता और सुरक्षा में कोई लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी।
पटना के छठ घाटों पर श्रद्धालुओं के लिए कौन-कौन सी सुविधाएं उपलब्ध हैं?
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 552 अस्थायी शौचालय, 450 अस्थायी यूरिनल, 400 अस्थायी चेंजिंग रूम, 13 यात्री शेड और 171 वॉच टावर बनाए गए हैं। इसके अलावा सुरक्षा की निगरानी के लिए 21 सेक्टर गठित किए गए हैं।
छठ 2026 के दौरान पटना में सुरक्षा प्रबंधन कैसे होगा?
घाटों पर सुरक्षा और व्यवस्था की निगरानी के लिए 21 सेक्टर बनाए गए हैं, जिनमें पदाधिकारियों और कर्मियों की प्रतिनियुक्ति की गई है। इसके अलावा गंगा नदी के जलस्तर और प्रवाह के अनुसार बैरिकेडिंग की व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है।
निरीक्षण के दौरान CM के साथ कौन-कौन से वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे?
निरीक्षण के दौरान उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव, सहकारिता मंत्री राम कृपाल यादव और मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत सहित कई जनप्रतिनिधि व वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
राष्ट्र प्रेस
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