1984 दंगे: BJP का चन्नी को चैलेंज — राहुल गांधी से टाइटलर को दोषी कहलवाएं
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रवक्ता आरपी सिंह ने 23 अगस्त को कांग्रेस सांसद चरणजीत सिंह चन्नी पर तीखा पलटवार करते हुए उन्हें चुनौती दी कि वे राहुल गांधी के आगामी पंजाब दौरे के दौरान उनसे जगदीश टाइटलर को भी 1984 के सिख विरोधी दंगों में दोषी घोषित करवाएं। यह बयान तब आया जब चन्नी ने 1984 दंगा मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे पूर्व कांग्रेस सांसद सज्जन कुमार को 'सिख कौम का कातिल' बताया था।
चन्नी के बयान पर BJP की तीखी प्रतिक्रिया
आरपी सिंह ने कहा, 'चरणजीत सिंह चन्नी चुनिंदा बयान देते हैं। वह कहते हैं कि सज्जन कुमार दोषी थे, उनकी सजा सही थी और उन्हें गोली मार देनी चाहिए थी, लेकिन वह टाइटलर के लिए ऐसी भाषा का इस्तेमाल नहीं करते।' BJP प्रवक्ता ने यह भी जोड़ा कि जगदीश टाइटलर उतने ही दोषी हैं जितने सज्जन कुमार थे, फिर भी कांग्रेस उनका 'रेड कार्पेट बिछाकर स्वागत करती है।'
आरपी सिंह ने चन्नी से माँग की कि यदि उन्हें वाकई 1984 के पीड़ितों का दर्द महसूस होता है, तो वे राहुल गांधी को पत्र लिखें और पंजाब दौरे पर उनसे स्पष्ट बयान दिलवाएं कि जगदीश टाइटलर भी दोषी हैं।
कांग्रेस में आंतरिक मतभेद उजागर
गौरतलब है कि सज्जन कुमार के मसले पर कांग्रेस के भीतर ही विरोधाभासी स्वर सुनाई दिए हैं। कांग्रेस सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने सज्जन कुमार को 'रोल मॉडल' बताया था, जबकि चन्नी ने इस पर कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि सज्जन कुमार 'सिख कौम का कातिल' था। BJP ने इसी अंतर्विरोध को निशाना बनाते हुए कांग्रेस पर 'मिली-जुली भाषा' अपनाने का आरोप लगाया।
आरपी सिंह ने कहा, 'कांग्रेस का एक नेता सज्जन कुमार को रोल मॉडल बताता है और दूसरा गोली मारने की बात करता है — यह दोहरापन सिख समुदाय के साथ धोखा है।'
निज्जर हत्याकांड पर FBI ऑडियो को लेकर BJP का रुख
इसी प्रेस वार्ता में आरपी सिंह ने खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या से जुड़े FBI के नए ऑडियो पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि इस खुलासे से स्पष्ट होता है कि निज्जर की हत्या एक गैंग वॉर और ड्रग व्यापार से जुड़ी थी। उन्होंने आरोप लगाया कि तत्कालीन कनाडाई प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने अपनी अल्पमत सरकार को बचाने के लिए खालिस्तानी समूह के दबाव में भारत पर 'बेबुनियाद और गंभीर आरोप' लगाए, जिससे दोनों देशों के संबंध बिगड़े।
आरक्षण पर चिराग पासवान के बयान का समर्थन
BJP प्रवक्ता ने केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के उस बयान का भी समर्थन किया जिसमें उन्होंने कहा था कि 'आरक्षण कोई खैरात नहीं है।' आरपी सिंह ने कहा कि देश में आरक्षण की अभी भी ज़रूरत है और यह एक संवैधानिक अधिकार है।
आगे क्या
राहुल गांधी के पंजाब दौरे से पहले यह विवाद राजनीतिक रूप से संवेदनशील हो गया है। 1984 के सिख विरोधी दंगों का मुद्दा पंजाब में चुनावी और सामाजिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बना हुआ है। अब देखना होगा कि कांग्रेस नेतृत्व जगदीश टाइटलर के मसले पर कोई स्पष्ट रुख अपनाता है या नहीं।