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दिल्ली IGI एयरपोर्ट पर CISF ने दुबई जा रहे यात्री से ₹22.08 लाख की विदेशी मुद्रा जब्त की

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दिल्ली IGI एयरपोर्ट पर CISF ने दुबई जा रहे यात्री से ₹22.08 लाख की विदेशी मुद्रा जब्त की

सारांश

CISF की चेक-इन इन्वेस्टिगेशन विंग ने व्यवहार-आधारित प्रोफाइलिंग से दुबई जा रहे यात्री के हैंड बैगेज में छिपे ₹22.08 लाख के यूएई दिरहम पकड़े। यह IGI एयरपोर्ट पर जुलाई से अब तक की तीसरी बड़ी बरामदगी है, जो एविएशन सुरक्षा की बढ़ती सक्रियता को दर्शाती है।

मुख्य बातें

CISF ने 30 अगस्त 2026 को IGI एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीय प्रस्थान क्षेत्र में दुबई जा रहे यात्री से ₹22.08 लाख मूल्य के 85,000 यूएई दिरहम बरामद किए।
यात्री फ्लाईदुबई फ्लाइट FZ-442 से यात्रा कर रहा था; मुद्रा हैंड बैगेज में छिपाई गई थी।
यात्री को बरामद मुद्रा सहित कस्टम अधिकारियों को सौंपा गया।
20 अगस्त को IGI पर दो अन्य यात्रियों से ₹68,53,500 का बिना हिसाब नकद भी बरामद हुआ था, जिन्हें आयकर विभाग को सौंपा गया।
17 जुलाई को टर्मिनल-1 पर 1.210 किलोग्राम सोना और ₹1,97,200 नकद बरामद; यात्री ने CISF कर्मियों को प्रभावित करने की कोशिश की, जो विफल रही।

केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के जवानों ने 30 अगस्त 2026 को इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (IGI) एयरपोर्ट, नई दिल्ली के अंतरराष्ट्रीय प्रस्थान क्षेत्र में दुबई जा रहे एक यात्री के हैंड बैगेज से 85,000 यूएई दिरहम — जो भारतीय मुद्रा में लगभग ₹22.08 लाख के बराबर है — बरामद किए। यह कार्रवाई CISF की चेक-इन इन्वेस्टिगेशन विंग (CIW) द्वारा यात्री के व्यवहार और प्रोफाइलिंग के आधार पर की गई।

मुख्य घटनाक्रम

यात्री फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ-442 से दुबई रवाना होने वाला था। CISF की CIW विंग के जवानों ने संदिग्ध व्यवहार के आधार पर यात्री को चिह्नित किया और उसके हैंड बैगेज की विस्तृत जाँच की। जाँच में बैगेज के भीतर छिपाकर रखे गए 85,000 यूएई दिरहम मिले। यात्री को बरामद मुद्रा और सामान सहित आगे की जाँच और कानूनी कार्रवाई के लिए कस्टम अधिकारियों को सौंप दिया गया।

CISF की सतर्कता और कार्यप्रणाली

CISF ने कहा कि यह घटना एविएशन सुरक्षा को सुदृढ़ करने और एयरपोर्ट के माध्यम से कीमती सामान की अवैध आवाजाही रोकने में उसके जवानों की सतर्कता और पेशेवर दक्षता का प्रमाण है। बल के अनुसार, व्यवहार-आधारित प्रोफाइलिंग तकनीक इस तरह की बरामदगी में निर्णायक भूमिका निभाती है।

पिछली बरामदगियों का संदर्भ

यह घटना 20 अगस्त को IGI एयरपोर्ट पर हुई एक अन्य बड़ी कार्रवाई के कुछ दिन बाद सामने आई है, जब CISF जवानों ने दो यात्रियों से ₹68,53,500 का बिना हिसाब-किताब वाला नकद बरामद किया था। उस मामले में रैंडम X-BIS स्क्रीनिंग और CCTV फुटेज की मदद से दोनों यात्रियों की पहचान की गई थी, जो गुवाहाटी होते हुए अगरतला जा रहे थे। उन्हें नकद, सामान और यात्रा दस्तावेजों सहित आयकर अधिकारियों को सौंपा गया था।

इससे भी पहले 17 जुलाई को IGI एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 पर CISF ने कोलकाता जा रहे एक यात्री को रोककर उसके कपड़ों में छिपाए गए 1.210 किलोग्राम सोना और ₹1,97,200 का बिना हिसाब वाला नकद बरामद किया था। उस यात्री ने ड्यूटी पर तैनात CISF कर्मियों को प्रभावित करने की कोशिश की, जिसे जवानों ने अस्वीकार कर तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को सूचित किया।

आम जनता और एविएशन सुरक्षा पर असर

लगातार हो रही इन बरामदगियों से स्पष्ट है कि IGI एयरपोर्ट पर अवैध मुद्रा और नकद तस्करी की कोशिशें जारी हैं। CISF की बहु-स्तरीय स्क्रीनिंग — जिसमें व्यवहार विश्लेषण, X-BIS स्कैनिंग और CCTV निगरानी शामिल है — इन प्रयासों पर अंकुश लगाने में प्रभावी साबित हो रही है।

आगे की कार्रवाई

वर्तमान मामले में कस्टम विभाग आगे की जाँच कर रहा है। विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (FEMA) के तहत निर्धारित सीमा से अधिक विदेशी मुद्रा ले जाना दंडनीय है और इसके लिए पूर्व अनुमति अनिवार्य होती है। विशेषज्ञों का मानना है कि एयरपोर्ट पर इस तरह की सक्रिय निगरानी हवाला नेटवर्क और अनौपचारिक मुद्रा प्रवाह पर प्रभावी रोक का काम करती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

बड़ी मात्रा में नकद और विदेशी मुद्रा — यह संकेत देती हैं कि तस्करी के प्रयास न केवल बने हुए हैं, बल्कि विविध तरीकों से हो रहे हैं। CISF की व्यवहार-आधारित प्रोफाइलिंग प्रभावी साबित हो रही है, लेकिन सवाल यह है कि जो पकड़े नहीं जाते, उनकी संख्या कितनी है। FEMA प्रवर्तन की वास्तविक परीक्षा बरामदगी के बाद की कानूनी कार्रवाई और सज़ा की दर में है — जो अक्सर सुर्खियों से ओझल रहती है।
RashtraPress
31 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

CISF ने IGI एयरपोर्ट पर क्या बरामद किया?
CISF ने 30 अगस्त 2026 को IGI एयरपोर्ट के अंतरराष्ट्रीय प्रस्थान क्षेत्र में दुबई जा रहे एक यात्री के हैंड बैगेज से 85,000 यूएई दिरहम — भारतीय मुद्रा में लगभग ₹22.08 लाख — बरामद किए। यात्री को कस्टम अधिकारियों को सौंप दिया गया।
यात्री को कैसे पकड़ा गया?
CISF की चेक-इन इन्वेस्टिगेशन विंग (CIW) ने यात्री के व्यवहार और प्रोफाइलिंग के आधार पर उसे संदिग्ध चिह्नित किया। इसके बाद हैंड बैगेज की विस्तृत जाँच में छिपाई गई विदेशी मुद्रा मिली।
क्या IGI एयरपोर्ट पर पहले भी ऐसी बरामदगियाँ हुई हैं?
हाँ, 20 अगस्त को IGI पर दो यात्रियों से ₹68,53,500 का बिना हिसाब नकद बरामद हुआ था। इससे पहले 17 जुलाई को टर्मिनल-1 पर एक यात्री के कपड़ों में छिपा 1.210 किलोग्राम सोना और ₹1,97,200 नकद पकड़ा गया था।
विदेशी मुद्रा ले जाने के लिए क्या नियम हैं?
विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (FEMA) के तहत निर्धारित सीमा से अधिक विदेशी मुद्रा भारत से बाहर ले जाने के लिए पूर्व अनुमति और उचित दस्तावेज़ अनिवार्य हैं। बिना घोषणा के अधिक मुद्रा ले जाना दंडनीय अपराध है।
पकड़े गए यात्री के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई होगी?
यात्री को बरामद विदेशी मुद्रा और सामान सहित कस्टम अधिकारियों को सौंप दिया गया है। कस्टम विभाग FEMA और संबंधित कानूनों के तहत आगे की जाँच और कानूनी कार्रवाई करेगा।
राष्ट्र प्रेस
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