CM योगी का मेरठ में चेतावनी: जाति के नाम पर महापुरुषों को बांटने की साजिश, विभाजन नहीं होने देंगे
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 21 सितंबर 2026 को मेरठ में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पश्चिम क्षेत्र शक्ति केंद्र संयोजक सम्मेलन को संबोधित करते हुए चेतावनी दी कि नकारात्मक ताकतें एक बार फिर जाति के नाम पर समाज और महापुरुषों को बांटने की कोशिश करेंगी। उन्होंने कहा कि महापुरुष किसी एक जाति की सीमा में नहीं बंधते और उन्हें जातीय दायरे में समेटकर उनके महत्व को कम नहीं किया जा सकता।
सम्मेलन का संदर्भ और मुख्य संदेश
यह सम्मेलन BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की उपस्थिति में आयोजित हुआ। मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष के दो दिवसीय मेरठ प्रवास के दौरान पश्चिम क्षेत्र के कार्यकर्ताओं को उनका मार्गदर्शन मिल रहा है। उन्होंने शक्ति केंद्र सम्मेलन के उद्देश्य को स्पष्ट करते हुए कहा कि यह कार्यकर्ताओं की शक्ति को जागृत कर 'राष्ट्र प्रथम' के भाव से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संकल्पों के अनुरूप आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में उनकी भूमिका को रेखांकित करने का मंच है।
महापुरुषों को जातीय दायरे में बांधने के प्रयास पर कड़ी आपत्ति
योगी ने कहा कि जो लोग पहले दंगाइयों और माफियाओं के आगे झुकते थे, वे अब फिर से समाज को बांटने की राह पर हैं। उन्होंने कोतवाल धन सिंह गुर्जर, महाराणा प्रताप, छत्रपति शिवाजी महाराज, गुरु गोविंद सिंह जी महाराज और दुर्गा भाभी के नाम लेते हुए कहा कि ये सभी राष्ट्रनायक हैं और समूचे भारतीय समाज के लिए श्रद्धा के पात्र हैं। उन्होंने जोर देकर कहा, 'महापुरुष पूरे समाज के होते हैं, उन्हें किसी जाति विशेष का बताकर उनके राष्ट्रीय महत्व को कमतर आंकना गलत है।'
उत्तर प्रदेश की बदलती पहचान पर मुख्यमंत्री के दावे
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में हुए कथित बदलावों का विस्तृत उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 9.5 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है और परंपरागत उद्यमों के पुनरुद्धार से 3 करोड़ 25 लाख नौजवान रोज़गार प्राप्त कर रहे हैं। उत्तर प्रदेश अब देश की टॉप-थ्री अर्थव्यवस्थाओं में गिना जाता है और राज्य की पहचान 'वन डिस्ट्रिक्ट वन माफिया' की बजाय 'वन डिस्ट्रिक्ट वन मेडिकल कॉलेज' और 'वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट' हो गई है।
उन्होंने यह भी कहा कि भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में 60 प्रतिशत कंपोनेंट और 55 प्रतिशत मोबाइल फोन उत्तर प्रदेश में निर्मित हो रहे हैं। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट मेरठ से एक घंटे की दूरी पर बनकर तैयार होने का भी उन्होंने उल्लेख किया।
मोदी नेतृत्व और सांस्कृतिक विरासत पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2014 में प्रधानमंत्री मोदी के सत्ता संभालने के बाद एक नए भारत का उदय हुआ जो अपनी विरासत पर गर्व करता है। उन्होंने काशी विश्वनाथ धाम और अयोध्या में भगवान राम के मंदिर को इस बदलाव का प्रतीक बताया। साथ ही कहा कि मथुरा-वृंदावन के विकास के लिए भागवत भूमि शुकतीर्थ के पुनरुद्धार की योजना चल रही है और विदुर कुटी के लिए भी धनराशि आवंटित की जा चुकी है।
उन्होंने मेरठ की बेटी पारुल चौधरी का उल्लेख ओलंपिक में स्वर्ण पदक विजेता के रूप में किया और बताया कि उत्तर प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी मेजर ध्यानचंद के नाम पर मेरठ में बन रही है। दिल्ली-मेरठ 12 लेन एक्सप्रेसवे और नमो भारत ट्रेन के सफल संचालन का भी उल्लेख किया गया।
कार्यकर्ताओं से आह्वान
योगी ने कार्यकर्ताओं से कहा कि 'व्यक्ति से बढ़कर दल और दल से बढ़कर देश है'। उन्होंने आगाह किया कि 'को नृप होई हमें का हानि' जैसी उदासीन सोच पहचान का संकट खड़ा करती है, पलायन को बढ़ावा देती है और विकास को बाधित करती है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को आने वाली पीढ़ी के लिए इन उपलब्धियों को संजोकर रखने की अपील की।