सीपी सिंह का आरोप: बंगाल में टीएमसी अधिकारियों को नौकर की तरह मानती है
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रांची, 4 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के नेता सीपी सिंह ने मालदा में न्यायिक अधिकारियों के साथ हुई घटना और उन्हें बंधक बनाने की घटना पर राष्ट्र प्रेस से चर्चा करते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी के नेतृत्व में अराजकता का माहौल है।
उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में सरकार की स्थिति अत्यंत गंभीर है। वहां केवल हिंसा और अराजकता व्याप्त है। उनके अनुसार, ममता बनर्जी के इशारे पर एक विशेष समुदाय के लोगों ने न्यायिक अधिकारियों को बंधक बना लिया। उच्चतम न्यायालय ने इस घटना को गंभीरता से लिया है और इसमें कई गिरफ्तारियां भी हुई हैं।
सीपी सिंह ने बताया कि इस प्रकार की घटनाओं के पीछे केवल एक साजिशकर्ता नहीं है, बल्कि यह साजिशकर्ता हर घर में मौजूद हैं। सिर्फ मालदा में ही नहीं, बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी ऐसे साजिशकर्ता सक्रिय हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ये लोग पाकिस्तानी एजेंट की तरह कार्य कर रहे हैं और ऐसे लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
उन्होंने कहा कि टीएमसी के नेता अधिकारियों के साथ नौकर की तरह व्यवहार करते हैं, जिसका परिणाम यह हुआ कि चुनाव आयोग ने वहां के चीफ सेक्रेटरी और डीजीपी को हटाया। बंगाल की स्थिति बहुत खराब है, और जनता को यह तय करना है कि कैसे ममता बनर्जी को बंगाल से हटाया जाए। उनका कहना है कि ममता बनर्जी बहुमत का गलत फायदा उठा रही हैं।
धर्मेंद्र प्रधान के महाकाल स्टैंडर्ड टाइम वाले बयान पर सीपी सिंह ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान ने सही कहा है। उज्जैन के महाकाल के अनुसार चलने से किसी को कोई समस्या नहीं होनी चाहिए। वर्तमान में जो चल रहा है, वह सब ब्रिटिश शासन के समय का है।
इस घटना पर यूपी के डिप्टी सीएम केशव मौर्य ने कहा था कि पश्चिम बंगाल में 'टीएमसी जाने' का नारा सच होता दिख रहा है। उन्होंने कहा कि जैसे यूपी में समाजवादी पार्टी के गुंडे हैं, वैसे ही बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के गुंडे हैं और वे पूरी तरह से बौखलाए हुए हैं।