दिल्ली-एनसीआर में भारी बारिश से जलभराव और ट्रैफिक जाम, IMD ने जारी किया रेड अलर्ट
सारांश
मुख्य बातें
नई दिल्ली में 7 अगस्त को दक्षिण-पश्चिम मानसून की मूसलाधार बारिश ने दिल्ली-एनसीआर के दर्जनों इलाकों में जलभराव और भीषण ट्रैफिक जाम की स्थिति पैदा कर दी। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने लगातार बारिश को देखते हुए दिल्ली-एनसीआर के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। हालाँकि बारिश ने कई दिनों की उमस और गर्मी से राहत ज़रूर दिलाई, लेकिन शहर की जल-निकासी व्यवस्था एक बार फिर चरमराती नज़र आई।
मुख्य घटनाक्रम
दक्षिण दिल्ली के दुर्गा विहार और देवली रोड पर भारी जलभराव दर्ज किया गया। उत्तर प्रदेश के नोएडा में सेक्टर-95 अंडरपास के नीचे गहरा पानी भर गया, जहाँ महमाया फ्लाईओवर के पास जमे पानी में एक एंबुलेंस फँस गई, जिससे आपातकालीन सेवाएँ बाधित हुईं।
पूर्वी दिल्ली के जीटी रोड, जीटीबी एन्क्लेव और दिलशाद गार्डन में भी यातायात प्रभावित रहा। सोशल मीडिया पर दक्षिणपुरी, ओखला, संगम विहार, सैनिक फार्म्स और मेहरौली-बदरपुर रोड से जलभराव की तस्वीरें और वीडियो वायरल हुए।
ट्रैफिक पर असर
बारिश के कारण मेहरौली-बदरपुर रोड, आईटीओ, वजीराबाद रोड, पटेल रोड, रोहतक रोड, शंकर रोड, कीर्ति नगर, दिल्ली-जयपुर हाईवे, पीरागढ़ी और शाहीन बाग समेत दर्जनों प्रमुख मार्गों पर वाहनों की रफ्तार थम गई। यह ऐसे समय में आया है जब शुक्रवार की शाम का ऑफिस-आवर ट्रैफिक पहले से ही सड़कों पर था, जिससे जाम और लंबा खिंच गया।
IMD की चेतावनी और मौसम पूर्वानुमान
IMD के अनुसार, उत्तर भारत में एक साथ सक्रिय कई मौसम प्रणालियाँ इस भारी बारिश का कारण हैं। विभाग ने चेतावनी दी है कि आने वाले दिनों में भी तेज़ बारिश जारी रह सकती है, जिससे निचले इलाकों में स्थानीय बाढ़ और यातायात बाधित होने की आशंका बनी रहेगी।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली में अधिकतम तापमान 31 से 33 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 22 से 24 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। इस दौरान 10 से 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से सतही हवाएँ चलने का अनुमान है।
आम जनता पर असर
गौरतलब है कि दिल्ली में हर मानसून सीज़न में जलभराव की समस्या सामने आती है, जो शहर की पुरानी जल-निकासी प्रणाली की सीमाओं को उजागर करती है। नोएडा में एंबुलेंस का फँसना इस बात की याद दिलाता है कि जलभराव केवल असुविधा नहीं, बल्कि जीवन-रक्षक सेवाओं के लिए भी गंभीर बाधा बन सकता है।
IMD ने नागरिकों से अपील की है कि भारी बारिश के दौरान यात्रा में सतर्कता बरतें और जलभराव वाले इलाकों से बचने की कोशिश करें। आने वाले दिनों में मानसून की सक्रियता बनी रहने के संकेत हैं, इसलिए प्रशासन और नागरिकों दोनों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।