ई20 पेट्रोल पर PM मोदी की चुप्पी दुर्भाग्यपूर्ण: AAP नेता अनुराग ढांडा का केंद्र पर हमला
सारांश
मुख्य बातें
आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता अनुराग ढांडा ने 14 जुलाई को नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की कथित चुप्पी पर तीखा हमला बोला और कहा कि ई20 पेट्रोल, नीट पेपर लीक, राम मंदिर चंदा विवाद और वायनाड भूस्खलन जैसे गंभीर मुद्दों पर प्रधानमंत्री का मौन जनता की चिंता को और गहरा कर रहा है। ढांडा के अनुसार, करोड़ों वाहन-मालिक ई20 ईंधन से अपनी गाड़ियों, माइलेज और बढ़ते खर्च को लेकर परेशान हैं, लेकिन केंद्र सरकार उनकी आवाज़ अनसुनी कर रही है।
ई20 पेट्रोल: करोड़ों लोगों की चिंता
ढांडा ने ई20 पेट्रोल को एक व्यापक जन-समस्या बताते हुए कहा कि आम नागरिकों को डर है कि इस ईंधन के इस्तेमाल से उनके वाहन खराब हो सकते हैं, माइलेज घट सकती है और घरेलू बजट पर अतिरिक्त बोझ पड़ सकता है। उन्होंने बताया कि इन्हीं चिंताओं के मद्देनज़र AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री मोदी को पत्र लिखा है और एक ऑनलाइन पोर्टल लॉन्च किया है। इस पोर्टल के ज़रिये देश का कोई भी नागरिक अपने मोबाइल फोन से ऑनलाइन याचिका पर हस्ताक्षर कर सकता है।
ढांडा ने आरोप लगाया कि करोड़ों लोगों की इस परेशानी के बावजूद प्रधानमंत्री मोदी ने ई20 पेट्रोल पर अब तक कोई स्पष्ट जवाब नहीं दिया है।
PM मोदी की चुप्पी पर सवाल
AAP नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी न तो नीट पेपर लीक मामले पर बोले, न राम मंदिर में कथित चंदा चोरी के आरोपों पर सामने आए और न ही ई20 पेट्रोल से जुड़ी आशंकाओं पर कोई सार्वजनिक प्रतिक्रिया दी। ढांडा के अनुसार, यह स्थिति या तो यह दर्शाती है कि सरकार जनता से संवाद नहीं करना चाहती, या फिर हालात उसके नियंत्रण से बाहर हो चुके हैं। यह सरकार और जनता के बीच बढ़ते अविश्वास का संकेत है।
वायनाड भूस्खलन और नीट पर आरोप
वायनाड में हुई भूस्खलन त्रासदी को ढांडा ने बेहद दुखद बताया और कहा कि ऐसे संकट के समय जनप्रतिनिधियों को प्रभावित लोगों के बीच मौजूद रहना चाहिए। उन्होंने यह भी दावा किया कि नीट पेपर लीक से जुड़ी घटनाओं के कारण 20 से अधिक छात्रों की मौत होने की बात सामने आई, लेकिन प्रधानमंत्री ने इस पर कोई शोक संदेश तक जारी नहीं किया। राम मंदिर में कथित अनियमितताओं पर भी मोदी ने न श्रद्धालुओं को संबोधित किया, न ही कोई सार्वजनिक बयान दिया।
चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल
ढांडा ने चुनाव आयोग पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि आयोग भारतीय जनता पार्टी (BJP) की विस्तारित इकाई की तरह काम कर रहा है। उनके अनुसार, लोकतांत्रिक संस्थाओं का दुरुपयोग हो रहा है और विपक्षी दलों के सांसदों व विधायकों को तोड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि चुनाव आयोग SIR जैसी प्रक्रियाओं में निष्पक्ष भूमिका नहीं निभाता, तो उसकी स्वायत्तता पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
राम मंदिर ट्रस्ट में जवाबदेही की मांग
राम मंदिर ट्रस्ट में नए CEO पद के लिए आवेदन आमंत्रित किए जाने पर ढांडा ने कहा कि केवल नए पद सृजित करने या नए अधिकारी नियुक्त करने से जनता का विश्वास नहीं लौटेगा। उनके अनुसार, जब तक कथित अनियमितताओं और चंदा चोरी के आरोपों की निष्पक्ष जांच नहीं होती और दोषियों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक संदेह बना रहेगा। ढांडा ने कहा कि शीर्ष स्तर पर जवाबदेही तय किए बिना जनता का भरोसा दोबारा हासिल करना कठिन होगा।