गिरिडीह में इंजीनियरिंग छात्र सौरव राज की संदिग्ध मौत, पुलिस जांच जारी
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड के गिरिडीह में एसआईटी (SIT) के 22 वर्षीय इंजीनियरिंग छात्र सौरव राज की 7 अक्टूबर 2026 की देर रात संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के शीतलपुर स्थित किराए के मकान में वह गंभीर हालत में मिला, जिसके बाद उसे सदर अस्पताल पहुँचाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मौत का सटीक कारण अभी तक स्पष्ट नहीं है और पुलिस जाँच जारी है।
घटनाक्रम: कैसे सामने आई बात
मंगलवार रात करीब 9 बजकर 10 मिनट पर मकान मालिक की बेटी तनी कुमारी ने सौरव के पिता को फोन कर बताया कि उनका बेटा कमरे में गंभीर स्थिति में है। सूचना मिलते ही परिवार दुमका से गिरिडीह के लिए रवाना हो गया।
इसी दौरान सौरव के एक मित्र को भी जानकारी मिली। जब वह मकान पर पहुँचा तो कमरे का दरवाज़ा अंदर से बंद था। उसने खिड़की के रास्ते कमरे में प्रवेश किया और सौरव को बाहर निकाला। स्थानीय लोगों की मदद से उसे तत्काल सदर अस्पताल ले जाया गया।
परिजन का बयान और शिनाख्त
मृतक की पहचान दुमका जिले के हंसडीहा थाना क्षेत्र के पगवारा निवासी सौरव राज के रूप में हुई। उसके पिता विनय कुमार दास बुधवार सुबह गिरिडीह नगर थाना पहुँचे और पुलिस के समक्ष अपना बयान दर्ज कराया।
पिता के अनुसार सौरव ने करीब एक वर्ष पहले गिरिडीह स्थित एसआईटी में इंजीनियरिंग में दाखिला लिया था और वह शीतलपुर में लाला शर्मा के मकान में किराए पर रहता था। परिजन रात करीब 11 बजकर 50 मिनट पर सदर अस्पताल पहुँचे, जहाँ पहले से ही चिकित्सकों ने सौरव को मृत घोषित कर दिया था।
पुलिस की प्रारंभिक जाँच
पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम पुलिस की मौजूदगी में कराया गया। जाँच में सौरव की कलाई पर चोट के निशान मिलने की बात सामने आई है, हालाँकि पुलिस ने अभी तक मौत के कारण को लेकर कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है।
पुलिस छात्र की पढ़ाई, हाल के घटनाक्रम और निजी परिस्थितियों की जानकारी जुटा रही है। उसके दोस्तों और मकान के आसपास रहने वाले लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। गौरतलब है कि कमरे का दरवाज़ा अंदर से बंद होने की परिस्थिति भी जाँच के दायरे में है।
आगे की कार्रवाई
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जाँच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मौत के पीछे की परिस्थितियाँ अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं हैं और सभी पहलुओं की जाँच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मामले की दिशा स्पष्ट होने की उम्मीद है।