दक्षिण दिल्ली के पंजाबी तड़का रेस्तरां में भीषण आग, 9 दमकल गाड़ियों ने बुजुर्ग महिला को बचाया
सारांश
मुख्य बातें
दक्षिण दिल्ली के कालकाजी-गोविंदपुरी फ्लाईओवर के समीप स्थित पंजाबी तड़का रेस्तरां में रविवार, 14 जून 2026 को तड़के 4:45 बजे भीषण आग लग गई, जिसे काबू में करने के लिए दिल्ली फायर सर्विस को 9 दमकल इकाइयाँ तैनात करनी पड़ीं। अग्निशमन दल ने इमारत की दूसरी मंजिल से 70 से 75 वर्षीया बुजुर्ग महिला सीता देवी को सुरक्षित बाहर निकाला; किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
आग की शुरुआत और स्थान
दिल्ली फायर सर्विस के अनुसार, एच-ब्लॉक, कालकाजी में अंजलि ज्वेलर्स और देशबंधु गुप्ता कॉलेज के निकट स्थित पंजाबी तड़का रेस्तरां से आग लगने की सूचना सुबह 4:45 बजे मिली। इमारत में बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और तीन ऊपरी मंजिलें हैं, साथ ही तीसरी मंजिल की छत पर एक अस्थायी ढाँचा भी बना हुआ है — आग से इन सभी को नुकसान पहुँचा।
बचाव और अग्निशमन अभियान
शुरुआत में 6 दमकल इकाइयाँ — जिनमें 2 वाटर टेंडर, 3 वाटर बाउजर और 1 ब्रीदिंग अपरेटस सपोर्ट वाहन शामिल थे — मौके पर भेजी गईं। आग की तीव्रता बढ़ने पर सुबह 5:05 बजे फायर अधिकारियों ने 'मेक-4' संदेश जारी कर अभियान का स्तर ऊँचा किया और कुल 9 इकाइयाँ तैनात कर दी गईं — 3 वाटर टेंडर, 4 वाटर बाउजर, 1 ब्रीदिंग अपरेटस सपोर्ट वाहन और 1 मल्टीपर्पज वाहन।
अभियान की निगरानी स्टेशन अधिकारी फूल सिंह, मनीष कुमार और राज कुमार ने की, जबकि सहायक मंडल अधिकारी यशवंत और सरबजीत ने समन्वय संभाला।
एलपीजी सिलेंडर विस्फोट से बढ़ी चुनौती
आग बुझाने के दौरान रेस्तरां में रखे तीन व्यावसायिक एलपीजी सिलेंडर फट गए, जिससे आग और भड़क उठी और दमकल कर्मियों के सामने अतिरिक्त जोखिम पैदा हो गया। यह ऐसे समय में आया जब दल पहले से ही बहुमंजिला इमारत में फैली लपटों से जूझ रहा था। गौरतलब है कि व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में बड़े एलपीजी सिलेंडरों का भंडारण अग्नि सुरक्षा नियमों के तहत विनियमित है, और इस घटना में उनकी उपस्थिति जाँच के दायरे में आ सकती है।
बुजुर्ग महिला को सुरक्षित बचाया
तेज़ बचाव अभियान के तहत दमकल कर्मियों ने इमारत की दूसरी मंजिल पर फँसी सीता देवी (आयु लगभग 70-75 वर्ष) को सुरक्षित बाहर निकाला। उन्हें किसी प्रकार की चोट नहीं आई। दिल्ली फायर सर्विस ने सुबह 5:40 बजे आग पर काबू पाने की घोषणा की और 5:45 बजे 'स्टॉप' संदेश जारी किया। आग दोबारा न भड़के, इसके लिए कूलिंग ऑपरेशन जारी रखा गया।
आगे की जाँच
अधिकारियों के अनुसार, आग लगने के सटीक कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है और मामले की जाँच जारी है। इमारत को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। दिल्ली में व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में आगजनी की यह घटना अग्नि सुरक्षा मानकों के पालन पर एक बार फिर सवाल खड़े करती है।