उज्जैन के होटल श्रीगंगा में जहरीली गैस से 4 सफाई कर्मचारियों की मौत, CM मोहन यादव ने ₹4-4 लाख मुआवजे का ऐलान किया
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के उज्जैन में देवास रोड स्थित होटल श्रीगंगा के फूड वेस्ट टैंक की सफाई के दौरान जहरीली गैस की चपेट में आने से चार सफाई कर्मचारियों की मौत हो गई और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। यह दर्दनाक हादसा शनिवार, 1 नवंबर 2026 की रात करीब 10:30 बजे हुआ। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने घटना पर गहरा दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को ₹4-4 लाख की आर्थिक सहायता देने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।
हादसे का घटनाक्रम
रात को रेस्टोरेंट का फूड वेस्ट टैंक जाम हो गया, जिसे ठीक करने के लिए एक श्रमिक चैंबर के भीतर उतरा और वहाँ फँस गया। उसे बचाने के प्रयास में तीन अन्य श्रमिक एक-एक करके अंदर गए, लेकिन चैंबर में भरी जहरीली गैस और दम घुटने की स्थिति के कारण चारों की वहीं मौत हो गई।
चैंबर का मुँह नहीं खुल पा रहा था, इसलिए माधव नगर पुलिस और रेस्क्यू टीम ने कटिंग मशीन से उसे काटा। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद चारों श्रमिकों के शव बाहर निकाले गए। पुलिसकर्मियों ने CPR देने की कोशिश की, लेकिन श्रमिकों को होश में नहीं लाया जा सका।
मृतकों की पहचान
मारे गए चारों श्रमिकों की पहचान वाल्मीकि नगर के निवासी कमलेश और नितिन, सोमवारिया के वाहिद, तथा झालावाड़ के मनोज के रूप में हुई है। एक मृतक के पिता शाकिर ने बताया कि उनका बेटा किराए के घर में रहकर दिहाड़ी मज़दूरी करता था। उन्होंने कहा, 'मुझे लगा कि वह कल रात काम पर गया होगा। वह अपना टिफिन साथ ले गया था। बाद में मुझे पता चला कि उसकी मौत हो गई है।' चारों शवों का पोस्टमॉर्टम जिला अस्पताल में कराया जा रहा है।
इस हादसे में हेमराज नामक एक सफाई कर्मचारी समय रहते चैंबर से बाहर निकलने में सफल रहा और बच गया।
रेस्क्यू ऑपरेशन और अधिकारियों की प्रतिक्रिया
रेस्क्यू अभियान के दौरान सब-इंस्पेक्टर धर्मेंद्र सिंह तोमर, कांस्टेबल संतोष और एक अन्य व्यक्ति भी घायल हो गए। डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर रोशन कुमार सिंह और एसपी प्रदीप शर्मा ने मौके का मुआयना किया। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि पोस्टमॉर्टम और जाँच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
सरकार और जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रिया
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने एक्स पर पोस्ट कर कहा, 'उज्जैन में एक निजी होटल में चैंबर की सफाई के दौरान हुई दुर्घटना में चार लोगों के दुखद निधन का समाचार अत्यंत पीड़ादायक है। शोकाकुल परिजनों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं। राज्य शासन की ओर से मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने के निर्देश दिए हैं।'
उज्जैन के सांसद अनिल फिरोजिया ने भी एक्स पर पोस्ट कर इसे 'हृदयविदारक एवं दुखद' बताया और कहा कि 'चार परिवारों ने अपने प्रियजनों को खो दिया।' उन्होंने दिवंगत आत्माओं को श्रद्धांजलि अर्पित की।
आगे क्या होगा
यह घटना देश में सीमित-स्थान (confined space) में काम करने वाले असंगठित सफाई कर्मचारियों की सुरक्षा पर एक बार फिर सवाल उठाती है। गौरतलब है कि ऐसे हादसे पूरे भारत में बार-बार सामने आते हैं, फिर भी सुरक्षा उपकरण और प्रशिक्षण की अनुपस्थिति एक बड़ी समस्या बनी हुई है। पुलिस ने जाँच शुरू कर दी है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद होटल प्रबंधन के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की संभावना है।