गांधीनगर फायरिंग केस: नवरात्रि विवाद के बाद गोलीबारी, पुलिस ने 10 आरोपी किए गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
गांधीनगर पुलिस ने 29 अक्टूबर 2026 को मानसा जिले के वर्षोदा गांव से जुड़े फायरिंग मामले में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया। यह मामला 18 अक्टूबर को नवरात्रि उत्सव के दौरान डीजे की आवाज़ को लेकर हुए विवाद से उपजी हिंसक गोलीबारी से संबंधित है, जिसमें पीड़ित अरविंद चावड़ा का पैर काटना पड़ा था।
मुख्य घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, 18 अक्टूबर को वर्षोदा गांव, मानसा में नवरात्रि उत्सव के दौरान डीजे की आवाज़ को लेकर पीड़ित अरविंद चावड़ा और आरोपी दिग्विजय चावड़ा के बीच कहासुनी और मारपीट हुई। विवाद बढ़ने पर आरोपी पक्ष ने फायरिंग की, जिसमें अरविंद चावड़ा बुरी तरह घायल हो गए। चोट इतनी गंभीर थी कि उपचार के दौरान उनका पैर काटना पड़ा।
पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही गांधीनगर पुलिस ने पीड़ित की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू की। तकनीकी निगरानी और खुफिया सूचनाओं के आधार पर पुलिस ने 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में जयदीप रमन सिंह चावड़ा (उम्र 41, वरसोडा), आदर्श सिंह उर्फ अदिराज घनश्याम सिंह चावड़ा (उम्र 23, वरसोडा), राहुल सिंह जीवन सिंह चावड़ा (उम्र 25, वरसोडा), नरेंद्र सिंह उर्फ पप्पू निकुसिंह राठौड़ (उम्र 34, वीजापुर), भाविकसिंह मुकेशसिंह वाघेला (उम्र 24, गांधीनगर), शक्तिराजसिंह राजेंद्रसिंह वाघेला (उम्र 22, गांधीनगर), धर्मराजसिंह गणपतसिंह वाघेला (उम्र 22, गांधीनगर), पुरमसिंह लक्ष्मणसिंह चौहान (उम्र 27, मानसा), तरुणभाई मुकेशभाई रावल (उम्र 20, मानसा) और प्रकाश मुकेशभाई वंजारा (उम्र 26, मानसा) शामिल हैं।
जांच की स्थिति
पुलिस ने गिरफ्तार सभी आरोपियों से गहन पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, अपराध में इस्तेमाल हथियारों की बरामदगी और इस घटना में शामिल अन्य संभावित व्यक्तियों की पहचान के लिए विस्तृत जांच जारी है। यह ऐसे समय में आया है जब गुजरात में त्योहारी मौसम के दौरान सार्वजनिक स्थलों पर हिंसक विवादों पर कड़ी नज़र रखने की मांग उठती रही है।
आम जनता पर असर
गौरतलब है कि नवरात्रि जैसे सार्वजनिक उत्सवों में भीड़ और ध्वनि प्रदूषण से जुड़े विवाद राज्य में पहले भी हिंसा का रूप ले चुके हैं। एक मामूली कहासुनी का इस तरह घातक परिणाम निकलना और पीड़ित का अंग विच्छेद तक होना सामुदायिक सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठाता है। पुलिस की तेज़ कार्रवाई से क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की स्थिति फिलहाल नियंत्रण में बताई जा रही है।
क्या होगा आगे
जांच अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों पर गंभीर धाराओं के तहत मामला दर्ज है और न्यायिक प्रक्रिया जल्द शुरू होने की उम्मीद है। हथियारों की बरामदगी और संभावित अन्य आरोपियों की तलाश जारी रहने से मामले में और खुलासे संभव हैं।