वाशिम में ₹5.87 लाख की गोवा निर्मित अवैध शराब बरामद, दो तस्कर गिरफ्तार, वाहन जब्त
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के वाशिम जिले में राज्य उत्पाद शुल्क विभाग की उड़नदस्ता टीम ने 5 जुलाई को मंगरूलपीर तहसील के मोटसांगवी रोड पर छापेमारी कर गोवा निर्मित विदेशी शराब की बड़ी खेप जब्त की। इस कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और एक चारपहिया वाहन भी जब्त किया गया। जब्त माल की अनुमानित कीमत ₹5 लाख 87 हजार 650 रुपये आँकी गई है।
मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई
राज्य उत्पाद शुल्क विभाग के अधिकारियों के अनुसार, विभाग को मुखबिर से सूचना मिली थी कि गोवा में निर्मित विदेशी शराब की एक बड़ी खेप मंगरूलपीर क्षेत्र से होकर अवैध रूप से ले जाई जा रही है। इस सूचना पर तत्काल कार्रवाई करते हुए उड़नदस्ता टीम ने मोटसांगवी रोड पर वाहनों की सघन जाँच शुरू की।
जाँच के दौरान एक संदिग्ध चारपहिया वाहन को रोककर उसकी तलाशी ली गई। तलाशी में वाहन से भारी मात्रा में अवैध शराब बरामद हुई, जिसके बाद मौके पर ही वाहन और शराब को जब्त कर लिया गया।
जब्ती का विवरण और कानूनी कार्रवाई
अधिकारियों ने बताया कि जब्त की गई शराब गोवा निर्मित विदेशी मदिरा है, जिसे बिना किसी वैध परमिट या दस्तावेज़ के महाराष्ट्र में लाया जा रहा था। जब्त माल की कुल अनुमानित कीमत ₹5,87,650 बताई गई है। वाहन चालक सहित तस्करी में शामिल दो व्यक्तियों को गिरफ्तार कर संबंधित प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है।
विभाग के अनुसार, जब्त वाहन और शराब को विभागीय हिरासत में लेकर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
तस्करी नेटवर्क की जाँच जारी
अधिकारियों ने बताया कि जाँच में यह पता लगाया जा रहा है कि शराब की यह खेप किस स्थान से लाई गई थी और इसे किस गंतव्य तक पहुँचाया जाना था। तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य संदिग्धों की पहचान करने के प्रयास जारी हैं।
गौरतलब है कि गोवा-महाराष्ट्र सीमा पर अवैध शराब की तस्करी एक पुरानी चुनौती रही है, जहाँ गोवा में शराब पर कर कम होने के कारण तस्कर इसका फायदा उठाते हैं।
विभाग की सख्ती जारी रहेगी
राज्य उत्पाद शुल्क विभाग ने स्पष्ट किया है कि महाराष्ट्र में अवैध शराब के परिवहन और बिक्री पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। विभाग ने चेतावनी दी है कि ऐसे मामलों में शामिल लोगों के खिलाफ बिना किसी ढील के कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। वाशिम में यह कार्रवाई क्षेत्र में अवैध शराब तस्करी के विरुद्ध एक महत्वपूर्ण सफलता मानी जा रही है।