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गोरखपुर: सरयू नदी में डूबने से भाई-बहन की मौत, 16 वर्षीय माया को बचाया गया

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गोरखपुर: सरयू नदी में डूबने से भाई-बहन की मौत, 16 वर्षीय माया को बचाया गया

सारांश

गोरखपुर के मेहड़ा मंदिर के पास सरयू नदी में स्नान के दौरान तीन बच्चे डूबे — भाई-बहन प्रिंस और शिवानी की जान नहीं बच सकी, जबकि गाँव के युवक चंद्रमाल यादव ने जान जोखिम में डालकर माया को बचा लिया। पूरे गाँव में मातम है।

मुख्य बातें

24 मई को गोरखपुर के गोला थाना क्षेत्र में मेहड़ा मंदिर के पास सरयू नदी में तीन बच्चे डूबे।
भाई-बहन प्रिंस (11 वर्ष) और शिवानी (13 वर्ष) की डूबने से मौत हो गई।
माया (16 वर्ष) को युवक चंद्रमाल यादव उर्फ चंदू ने नदी में कूदकर बचाया; उसकी हालत खतरे से बाहर।
घटनास्थल पर नदी की गहराई 40 फीट से अधिक बताई गई।
शिवानी का शव करीब दो घंटे की तलाश के बाद गोताखोरों ने निकाला।
थाना प्रभारी प्रहलाद सिंह व तहसीलदार सत्येंद्र मौर्य मौके पर पहुँचे; शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए।

गोरखपुर के गोला थाना क्षेत्र में मेहड़ा मंदिर के निकट सरयू नदी में 24 मई को स्नान के दौरान तीन बच्चे गहरे पानी में बह गए, जिसमें प्रिंस (11 वर्ष) और उसकी बहन शिवानी (13 वर्ष) की डूबने से मौत हो गई। तीसरी बच्ची माया (16 वर्ष) को स्थानीय युवक की साहसिक कार्रवाई से बचा लिया गया और उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।

हादसे का घटनाक्रम

जानकारी के अनुसार प्रिंस और शिवानी, जो उसरी, थाना उरुवा के निवासी हैं, अपनी माँ विनिता के साथ स्कूल की छुट्टियों में एक सप्ताह पूर्व मेहड़ा स्थित ननिहाल आए हुए थे। माया मेहड़ा गाँव की ही निवासी है। रविवार को तीनों बच्चे मेहड़ा मंदिर के पास सरयू नदी में स्नान करने पहुँचे, जहाँ अचानक वे गहरे पानी में चले गए। स्थानीय लोगों के अनुसार उस स्थान पर नदी की गहराई 40 फीट से अधिक है।

युवक ने जान जोखिम में डालकर बचाया

बच्चों को डूबता देख मौके पर मौजूद लोगों ने शोर मचाया। गाँव के युवक चंद्रमाल यादव उर्फ चंदू ने बिना देर किए नदी में छलांग लगा दी और पहले माया को, फिर प्रिंस को बाहर निकाला। दोनों को तत्काल अस्पताल पहुँचाया गया, जहाँ चिकित्सकों ने प्रिंस को मृत घोषित कर दिया। माया का उपचार एक निजी अस्पताल में जारी है।

शिवानी का शव दो घंटे बाद मिला

तीसरी बच्ची शिवानी की गहन तलाश की गई। करीब दो घंटे बाद स्थानीय गोताखोरों ने उसका शव नदी से बाहर निकाला। उसे गोला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे भी मृत घोषित कर दिया। हादसे की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया।

पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई

घटना की जानकारी मिलते ही थाना प्रभारी प्रहलाद सिंह और तहसीलदार सत्येंद्र मौर्य पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी कर दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। गाँव में शोक का माहौल है।

आगे क्या

यह हादसा ऐसे समय में सामने आया है जब नदियों के किनारे स्नान-स्थलों पर सुरक्षा इंतज़ामों की कमी एक बार फिर सवालों के घेरे में है। प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है कि इस स्थल पर भविष्य में सुरक्षा के क्या उपाय किए जाएँगे।

संपादकीय दृष्टिकोण

कोई गोताखोर तैनात नहीं, कोई बैरिकेड नहीं। गौरतलब है कि हर गर्मी की छुट्टियों में ऐसी घटनाएँ दोहराई जाती हैं, फिर भी स्थायी सुरक्षा उपाय अपवाद बने हुए हैं। इस बार एक आम नागरिक की बहादुरी ने एक जान बचाई — यह प्रशासन की नहीं, व्यक्तिगत साहस की जीत है। असली सवाल यह है कि मेहड़ा जैसे सुदूर तीर्थ-स्थलों पर मौसमी सुरक्षा व्यवस्था कब तक प्रतीक्षा करती रहेगी।
RashtraPress
9 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गोरखपुर सरयू नदी हादसे में क्या हुआ?
24 मई को गोरखपुर के गोला थाना क्षेत्र में मेहड़ा मंदिर के पास सरयू नदी में स्नान के दौरान तीन बच्चे गहरे पानी में बह गए। इनमें से भाई-बहन प्रिंस (11) और शिवानी (13) की मौत हो गई, जबकि माया (16) को बचा लिया गया।
माया को कैसे बचाया गया?
गाँव के युवक चंद्रमाल यादव उर्फ चंदू ने अपनी जान की परवाह किए बिना नदी में छलांग लगाई और पहले माया को, फिर प्रिंस को बाहर निकाला। माया का उपचार एक निजी अस्पताल में चल रहा है और उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
शिवानी का शव कब और कैसे मिला?
हादसे के करीब दो घंटे बाद स्थानीय गोताखोरों की मदद से शिवानी का शव सरयू नदी से निकाला गया। उसे गोला सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया।
मृतक बच्चे कहाँ के रहने वाले थे?
प्रिंस और शिवानी उसरी, थाना उरुवा के निवासी थे और स्कूल की छुट्टियों में अपनी माँ विनिता के साथ मेहड़ा स्थित ननिहाल आए हुए थे। माया मेहड़ा गाँव की ही निवासी है।
पुलिस ने घटना के बाद क्या कार्रवाई की?
थाना प्रभारी प्रहलाद सिंह और तहसीलदार सत्येंद्र मौर्य पुलिस बल के साथ मौके पर पहुँचे। आवश्यक कानूनी कार्रवाई के बाद दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
राष्ट्र प्रेस
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