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गुजरात का जीएसटी राजस्व सितंबर में 35% उछला, ₹8,167 करोड़ संग्रह; राष्ट्रीय औसत से दोगुनी वृद्धि

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गुजरात का जीएसटी राजस्व सितंबर में 35% उछला, ₹8,167 करोड़ संग्रह; राष्ट्रीय औसत से दोगुनी वृद्धि

सारांश

जीएसटी दरों में कटौती के बावजूद गुजरात ने सितंबर में ₹8,167 करोड़ का रिकॉर्ड संग्रह किया — राष्ट्रीय औसत से दोगुनी से भी अधिक वृद्धि। पहली छमाही में ₹49,858 करोड़ का आँकड़ा राज्य की कर-अनुपालन क्षमता और औद्योगिक गति का संकेत है।

मुख्य बातें

गुजरात का जीएसटी राजस्व सितंबर में सालाना आधार पर 35% बढ़कर ₹8,167 करोड़ हुआ, जो पिछले वर्ष ₹6,050 करोड़ था।
यह वृद्धि दर 14.7% की राष्ट्रीय जीएसटी वृद्धि दर से दोगुनी से भी अधिक है।
चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही ( अप्रैल–सितंबर 2026 ) में कुल जीएसटी संग्रह ₹49,858 करोड़ रहा — पिछले वर्ष के ₹38,540 करोड़ से 29% अधिक।
सितंबर में समस्त करों से मिलाकर राज्य कर विभाग को ₹12,222 करोड़ का कुल राजस्व प्राप्त हुआ।
वीएटी से ₹2,930 करोड़ , बिजली शुल्क से ₹1,102 करोड़ और पेशेवर कर से ₹24 करोड़ अतिरिक्त संग्रह।
राज्य सरकार ने वृद्धि का श्रेय वॉलंटरी कंप्लायंस और मज़बूत औद्योगिक माहौल को दिया।

गुजरात का वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) राजस्व सितंबर 2026 में सालाना आधार पर 35 प्रतिशत की छलाँग लगाकर ₹8,167 करोड़ पर पहुँच गया, जो पिछले वर्ष की इसी अवधि में ₹6,050 करोड़ था। राज्य सरकार के प्रवक्ता जीतू वाघाणी ने बुधवार, 21 अक्टूबर 2026 को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक के बाद यह जानकारी साझा की।

राष्ट्रीय औसत से कहीं आगे गुजरात

वाघाणी द्वारा जारी आँकड़ों के अनुसार, गुजरात की 35 प्रतिशत वृद्धि दर उसी अवधि में दर्ज की गई 14.7 प्रतिशत की राष्ट्रीय जीएसटी राजस्व वृद्धि दर से दोगुनी से भी अधिक है। यह उल्लेखनीय इसलिए भी है क्योंकि यह बढ़त ऐसे समय में दर्ज हुई है जब जीएसटी दरों में कटौती की गई थी।

राज्य सरकार का दावा है कि दरों में कमी के बावजूद राजस्व पर कोई नकारात्मक असर नहीं पड़ा, बल्कि संग्रह में उल्लेखनीय इज़ाफा हुआ है।

छह महीने का कुल राजस्व: ₹49,858 करोड़

चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही — अप्रैल से सितंबर 2026 — के दौरान गुजरात ने जीएसटी मद में ₹49,858 करोड़ का राजस्व अर्जित किया। यह पिछले वर्ष की इसी अवधि के ₹38,540 करोड़ की तुलना में 29 प्रतिशत अधिक है। गौरतलब है कि यह लगातार दूसरी छमाही है जब राज्य ने राष्ट्रीय औसत को पीछे छोड़ा है।

अन्य करों से भी मज़बूत संग्रह

सितंबर माह में जीएसटी के अतिरिक्त अन्य करों से भी ठोस राजस्व प्राप्त हुआ। वैल्यू एडेड टैक्स (वीएटी) से ₹2,930 करोड़, बिजली शुल्क (इलेक्ट्रिसिटी ड्यूटी) से ₹1,102 करोड़ और पेशेवर कर (प्रोफेशनल टैक्स) से ₹24 करोड़ का संग्रह हुआ।

वाघाणी ने बताया, 'सितंबर के दौरान जीएसटी, वीएटी, बिजली शुल्क और पेशेवर कर को मिलाकर राज्य कर विभाग को कुल ₹12,222 करोड़ का राजस्व प्राप्त हुआ।' यह समग्र संग्रह राज्य की राजकोषीय स्थिति को मज़बूती देने वाला माना जा रहा है।

वृद्धि के पीछे क्या कारण

राज्य सरकार ने इस उछाल का श्रेय गुजरात के मज़बूत व्यावसायिक और औद्योगिक माहौल तथा करदाताओं द्वारा स्वेच्छा से नियमों का पालन करने — यानी 'वॉलंटरी कंप्लायंस' — को दिया है। सरकार के अनुसार आर्थिक गतिविधियों को गति देने के प्रयासों का सकारात्मक असर राजस्व आँकड़ों में दिख रहा है।

यह ऐसे समय में आया है जब देश के कई राज्य जीएसटी संग्रह में सुस्ती की शिकायत कर रहे हैं। विश्लेषकों के अनुसार, गुजरात का प्रदर्शन राज्य के औद्योगिक आधार की व्यापकता और एसएमई क्षेत्र में बढ़ती औपचारिकता (फॉर्मलाइज़ेशन) को दर्शाता है।

आगे की राह

राज्य कर विभाग के लिए अगली परीक्षा दूसरी छमाही के आँकड़ों में होगी, जब त्योहारी सीज़न और औद्योगिक उत्पादन में मौसमी उतार-चढ़ाव का असर दिखेगा। यदि यह गति बरकरार रही, तो गुजरात का पूरे वित्त वर्ष का जीएसटी संग्रह बजट अनुमानों से काफी आगे जा सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह ध्यान देना ज़रूरी है कि तुलना का आधार वर्ष — सितंबर 2025 — अपेक्षाकृत कमज़ोर था, जो इस उछाल को आंशिक रूप से बेस-इफेक्ट की देन बनाता है। दरों में कटौती के बाद भी संग्रह बढ़ना 'वॉलंटरी कंप्लायंस' की सफलता का संकेत हो सकता है, लेकिन असली सवाल यह है कि क्या यह संरचनात्मक बदलाव है या मौसमी उछाल। पहली छमाही के ₹49,858 करोड़ के आँकड़े तब और अधिक अर्थपूर्ण होंगे जब दूसरी छमाही में त्योहारी और औद्योगिक चक्र के बाद भी यही गति बनी रहे।
RashtraPress
22 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गुजरात का सितंबर 2026 में जीएसटी राजस्व कितना रहा?
गुजरात ने सितंबर 2026 में ₹8,167 करोड़ का जीएसटी राजस्व अर्जित किया, जो पिछले वर्ष के ₹6,050 करोड़ की तुलना में 35 प्रतिशत अधिक है। यह वृद्धि दर राष्ट्रीय औसत 14.7 प्रतिशत से दोगुनी से भी अधिक है।
चालू वित्त वर्ष की पहली छमाही में गुजरात का कुल जीएसटी संग्रह कितना रहा?
अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच गुजरात ने ₹49,858 करोड़ का जीएसटी राजस्व जुटाया। यह पिछले वर्ष की इसी अवधि के ₹38,540 करोड़ से 29 प्रतिशत अधिक है।
गुजरात में जीएसटी राजस्व वृद्धि के मुख्य कारण क्या हैं?
राज्य सरकार ने इस वृद्धि का श्रेय मज़बूत औद्योगिक और व्यावसायिक माहौल तथा करदाताओं द्वारा स्वेच्छा से कर नियमों का पालन (वॉलंटरी कंप्लायंस) करने को दिया है। सरकार का कहना है कि जीएसटी दरों में कटौती के बावजूद राजस्व पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पड़ा।
सितंबर में गुजरात को जीएसटी के अलावा अन्य करों से कितना राजस्व मिला?
सितंबर 2026 में वीएटी से ₹2,930 करोड़, बिजली शुल्क से ₹1,102 करोड़ और पेशेवर कर से ₹24 करोड़ प्राप्त हुए। सभी करों को मिलाकर राज्य कर विभाग को कुल ₹12,222 करोड़ का राजस्व मिला।
गुजरात की जीएसटी वृद्धि दर राष्ट्रीय औसत से कितनी अधिक है?
सितंबर 2026 में गुजरात की 35 प्रतिशत जीएसटी वृद्धि दर राष्ट्रीय 14.7 प्रतिशत की वृद्धि दर से दोगुनी से भी अधिक है। यह राज्य के औद्योगिक प्रदर्शन और कर अनुपालन की बेहतर स्थिति को दर्शाता है।
राष्ट्र प्रेस
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