हिमंता बिस्वा सरमा ने प्रह्लाद जोशी से मुलाकात, असम के लिए शिक्षा, खाद्य आपूर्ति और नवीकरणीय ऊर्जा पर चर्चा
सारांश
मुख्य बातें
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने 21 अगस्त 2026 को नई दिल्ली में केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी से मुलाकात की और राज्य की विकास प्राथमिकताओं पर विस्तृत चर्चा की। बैठक में शिक्षा, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति तथा नवीकरणीय ऊर्जा जैसे अहम क्षेत्रों पर केंद्र-राज्य समन्वय को और मजबूत करने पर जोर दिया गया।
बैठक में क्या हुआ
मुख्यमंत्री सरमा ने इस बैठक को 'बेहद सार्थक' बताया। उन्होंने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा, 'केंद्रीय मंत्री प्रह्लाद जोशी के साथ बहुत ही सार्थक बैठक हुई।' सरमा ने जोशी के 'सकारात्मक दृष्टिकोण' और असम के प्रति उनके निरंतर समर्थन के लिए आभार जताया। यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब असम सरकार बुनियादी ढाँचे और सार्वजनिक सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए केंद्र के साथ मिलकर काम कर रही है।
शिक्षा और खाद्य आपूर्ति पर फोकस
शिक्षा राज्य के लिए एक प्रमुख प्राथमिकता बनी हुई है, विशेष रूप से छात्रों और युवाओं के लिए शिक्षा तक पहुँच बढ़ाने और अवसरों में सुधार के संदर्भ में। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति क्षेत्र में चर्चा का उद्देश्य आपूर्ति प्रणालियों को मजबूत करना और कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना रहा। गौरतलब है कि असम में बड़ी ग्रामीण आबादी को आवश्यक वस्तुओं की समय पर आपूर्ति एक दीर्घकालिक चुनौती रही है।
नवीकरणीय ऊर्जा पर जोर
बैठक में नवीकरणीय ऊर्जा को भी एक महत्वपूर्ण विषय के रूप में उठाया गया। असम अपनी बढ़ती ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करते हुए स्वच्छ ऊर्जा क्षमता का विस्तार करने और सतत विकास को बढ़ावा देने की दिशा में प्रयासरत है। यह ऐसे समय में महत्वपूर्ण है जब केंद्र सरकार भी राष्ट्रीय स्तर पर नवीकरणीय ऊर्जा लक्ष्यों को तेज़ी से हासिल करने पर बल दे रही है।
केंद्र-राज्य सहयोग का महत्व
मुख्यमंत्री सरमा ने असम की विकास प्राथमिकताओं को आगे बढ़ाने के लिए केंद्र-राज्य सहयोग के महत्व पर बार-बार जोर दिया है। यह बैठक उस निरंतर संवाद का हिस्सा है जो राज्य सरकार विभिन्न केंद्रीय मंत्रालयों के साथ बनाए रखती है, ताकि प्रमुख कार्यक्रमों को आवश्यक नीतिगत और संस्थागत समर्थन मिल सके। आगे भी इस तरह की उच्च-स्तरीय बैठकों के जरिए असम के विकास एजेंडे को गति देने के संकेत मिले हैं।