असम की ऊर्जा आत्मनिर्भरता पर सीएम हिमंता सरमा की केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल से दिल्ली में बैठक
सारांश
मुख्य बातें
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने 26 अगस्त 2026 को नई दिल्ली में केंद्रीय ऊर्जा तथा आवास एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल से उनके आधिकारिक आवास पर मुलाकात की। इस बैठक में असम की ऊर्जा आत्मनिर्भरता, बिजली वितरण ढाँचे के आधुनिकीकरण और शहरी बुनियादी ढाँचे को मज़बूत करने से जुड़े अहम मुद्दों पर विस्तृत विचार-विमर्श हुआ। केंद्रीय मंत्री ने राज्य को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
ऊर्जा आत्मनिर्भरता और बिजली सुधार
मुख्यमंत्री सरमा ने बैठक में असम सरकार की उस रणनीति का ब्यौरा दिया, जिसके तहत राज्य को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने और उपभोक्ता हितैषी बिजली सुधारों को गति देने का लक्ष्य रखा गया है। दोनों नेताओं ने राज्य की दीर्घकालिक बिजली आवश्यकताओं और केंद्रीय उत्पादन इकाइयों से आवंटित बिजली के अधिक प्रभावी उपयोग पर विचार-विमर्श किया।
यह ऐसे समय में आया है जब पूर्वोत्तर भारत के कई राज्य बिजली की अनियमित आपूर्ति और बुनियादी ढाँचे की कमज़ोरियों से जूझ रहे हैं। असम की यह पहल क्षेत्र में एक मॉडल बन सकती है।
गुवाहाटी में भूमिगत केबलिंग का प्रस्ताव
बैठक में गुवाहाटी के बिजली वितरण नेटवर्क को आधुनिक बनाने पर विशेष ज़ोर दिया गया। इसके तहत शहर में भूमिगत बिजली केबल (अंडरग्राउंड केबलिंग) बिछाने के प्रस्ताव पर सहमति बनी, जिससे बिजली आपूर्ति की विश्वसनीयता और सुरक्षा दोनों में सुधार होगा। गौरतलब है कि गुवाहाटी जैसे तेज़ी से बढ़ते महानगरों में ओवरहेड तारों से जुड़े हादसे और आपूर्ति बाधाएँ एक पुरानी समस्या रही हैं।
गैस आधारित बिजली उत्पादन पर चर्चा
दोनों नेताओं ने असम में बिजली उत्पादन के लिए प्राकृतिक गैस के बेहतर उपयोग पर भी विचार किया। विशेष रूप से गैस आधारित बिजली संयंत्रों के लिए गैस की उपलब्धता और मूल्य निर्धारण से जुड़ी चुनौतियों पर केंद्र की भूमिका को लेकर सकारात्मक चर्चा हुई। असम में प्राकृतिक गैस के प्रचुर भंडार इस दिशा में राज्य को एक अनुकूल स्थिति में रखते हैं।
अर्बन चैलेंज फंड और एकीकृत शहरी विकास
मुख्यमंत्री ने अर्बन चैलेंज फंड के तहत असम सरकार के प्रस्ताव को भी बैठक में रखा। इस प्रस्ताव का उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं, खेल सुविधाओं और जलवायु अनुकूल बुनियादी ढाँचे पर ध्यान केंद्रित करते हुए एकीकृत शहरी क्षेत्रों का विकास करना है। केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने इस प्रस्ताव पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए राज्य की बढ़ती शहरी आबादी की ज़रूरतों को स्वीकार किया।
बैठक के बाद मुख्यमंत्री सरमा ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि असम ऊर्जा आत्मनिर्भरता हासिल करने और उपभोक्ता हितों को प्राथमिकता देते हुए बड़े पैमाने पर सुधार लागू करने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। उन्होंने बताया कि केंद्रीय मंत्री ने मंत्रालय की ओर से पूर्ण सहयोग का भरोसा दिलाया है।
केंद्र-राज्य साझेदारी का संदेश
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने भी एक्स पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि बैठक में असम से जुड़े ऊर्जा और शहरी विकास के महत्वपूर्ण विषयों पर गहन चर्चा हुई। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार की असम के ऊर्जा और शहरी ढाँचे को सशक्त बनाने की प्रतिबद्धता दोहराई। यह बैठक केंद्र और राज्य के बीच विकास के मोर्चे पर सहयोग की मज़बूत होती कड़ी को दर्शाती है।