सीए फाउंडेशन में हिसार की कंसिका बंसल ने 361/400 अंकों से जीती ऑल इंडिया पहली रैंक
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा के हिसार जिले की छात्रा कंसिका बंसल ने सीए फाउंडेशन परीक्षा में 400 में से 361 अंक हासिल कर ऑल इंडिया पहली रैंक प्राप्त की है। 7 नवंबर 2026 को घोषित इस परिणाम ने हिसार और पूरे हरियाणा में खुशी की लहर दौड़ा दी है। कंसिका की यह उपलब्धि अनुशासन, नियमित मेहनत और परिवार के अटूट सहयोग की मिसाल बन गई है।
कैसे मिली ऐतिहासिक सफलता
कंसिका ने बताया कि वे रोज़ाना 7 से 8 घंटे सेल्फ स्टडी करती थीं और इसके अतिरिक्त 6 घंटे की एकेडमी क्लासेज़ भी होती थीं। उन्होंने नियमित मॉक टेस्ट और गहन रिवीजन को अपनी रणनीति का केंद्र बनाया। उनका कहना है कि एकेडमी का समय संतुलित था, जिससे सेल्फ स्टडी के लिए पर्याप्त समय बचता था और हर विषय को गहराई से समझा जा सका।
खुद क्या कहती हैं कंसिका
कंसिका ने कहा, 'मुझे बिल्कुल भी यह उम्मीद नहीं थी कि पहली रैंक मिलेगी। मुझे लगता था कि टॉप-2 में आ सकती हूँ, लेकिन जब परिणाम आया तो खुशी का ठिकाना नहीं रहा — यह किसी सपने के पूरे होने जैसा था।' उन्होंने अनुशासन और निरंतरता को अपनी सबसे बड़ी ताकत बताया और कहा कि उन्होंने कभी अपने लक्ष्य से ध्यान नहीं भटकने दिया।
परिवार और शिक्षकों की भूमिका
कंसिका के पिता शिव कुमार बंसल ने कहा कि घर में खुशी का माहौल है और बेटी की यह सफलता उसकी मेहनत और ईश्वर के आशीर्वाद का फल है। उन्होंने बताया कि कंसिका सुबह जल्दी उठती थी, एकेडमी जाती थी और ब्रेक के बाद घंटों पढ़ाई करती थी। कंसिका ने बताया कि जब भी किसी विषय में संशय होता था, वे बेझिझक माता-पिता, शिक्षकों और भाई से मदद लेती थीं — इस सहयोग ने मुश्किल समय में भी उनका हौसला बनाए रखा।
सीए का रास्ता क्यों चुना
कंसिका ने 12वीं कक्षा हिसार के न्यू लाहौरिया विद्या मंदिर स्कूल से पूरी की। 12वीं के बाद करियर को लेकर असमंजस में थीं, तब उनके चाचा ने मार्गदर्शन किया और सीए को बेहतर विकल्प बताया। फाइनेंस में पहले से रुचि होने के कारण उन्होंने यह राह चुनी और आज देश में पहला स्थान हासिल कर अपने फैसले को सही साबित कर दिया।
सोशल मीडिया और आगे का लक्ष्य
आज के युवाओं के लिए कंसिका का संदेश स्पष्ट है — सोशल मीडिया को नियंत्रण में रखें, उसे खुद पर हावी न होने दें। उन्होंने बताया कि दिन का लक्ष्य पूरा होने के बाद ही वे 10 से 15 मिनट सोशल मीडिया का उपयोग करती थीं। आगे का शॉर्ट-टर्म लक्ष्य है — सीए इंटरमीडिएट में भी ऑल इंडिया पहली रैंक हासिल करना, ताकि यह सफलता की लय बरकरार रहे।