जोधपुर को मिला अत्याधुनिक एयरपोर्ट टर्मिनल, शेखावत बोले — '10 गुना क्षमता, अंतरराष्ट्रीय उड़ानें अगला लक्ष्य'
सारांश
मुख्य बातें
जोधपुर को 4 जुलाई को एक नए अत्याधुनिक एयरपोर्ट टर्मिनल की सौगात मिली, जिसे केंद्रीय संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने शहर के विकास की दिशा में ऐतिहासिक उपलब्धि करार दिया। शेखावत ने कहा कि 2014 में जब वे पहली बार जोधपुर से सांसद चुने गए थे, तब आधुनिक एयरपोर्ट की माँग सबसे बड़ी प्राथमिकताओं में थी — और अब वह सपना साकार हो गया है।
नए टर्मिनल की विशेषताएँ
उद्घाटन समारोह में शेखावत ने बताया, 'पहले की तुलना में लगभग दस गुना अधिक क्षमता वाला यह नया टर्मिनल भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है।' उन्होंने रेखांकित किया कि जब वे पहली बार सांसद बने थे, तब जोधपुर से केवल 6 उड़ानें संचालित होती थीं, जो अब बढ़कर 30 हो चुकी हैं। वर्तमान में जोधपुर की सीधी हवाई कनेक्टिविटी हैदराबाद, बेंगलुरु और पुणे से स्थापित हो चुकी है, जबकि दिल्ली और मुंबई के लिए भी कई उड़ानें उपलब्ध हैं।
अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी का लक्ष्य
शेखावत ने स्पष्ट किया कि सरकार का अगला लक्ष्य जोधपुर को अंतरराष्ट्रीय उड़ानों से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि इसके लिए स्थानीय नागरिकों, उद्योग जगत और अन्य हितधारकों के साथ चर्चा कर भविष्य की योजनाएँ तैयार की जाएंगी, ताकि एयरपोर्ट का अधिकतम उपयोग हो और जोधपुर देश के आदर्श हवाई अड्डों में शामिल हो सके। उन्होंने एक्स पर लिखा, 'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जोधपुर को विश्वस्तरीय, अत्याधुनिक और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बने नए एयरपोर्ट टर्मिनल का ऐतिहासिक उपहार दिया है। यह विकसित भारत के उस संकल्प का प्रतीक है, जिसमें विरासत और आधुनिकता साथ-साथ आगे बढ़ रही हैं।'
नागरिक उड्डयन मंत्री की प्रतिक्रिया
केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू किंजरापु ने भी जोधपुरवासियों को बधाई देते हुए कहा, 'प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लंबे समय से चली आ रही जोधपुर के लोगों की माँग को पूरा किया है।' उन्होंने इस परियोजना को सफल बनाने में गजेंद्र सिंह शेखावत की भूमिका की सराहना की और कहा कि उन्होंने हर चुनौती का समाधान करते हुए दिन-रात मेहनत की।
नायडू ने यह भी कहा, 'प्रधानमंत्री का विजन केवल हवाई यात्राओं का विस्तार करना नहीं है, बल्कि नागरिक उड्डयन के माध्यम से स्थानीय अर्थव्यवस्था, व्यापार, पर्यटन, शिक्षा और रोज़गार को भी नई गति देना है।' उन्होंने विश्वास जताया कि नया टर्मिनल राजस्थान के पर्यटन और निवेश को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाने में सहायक सिद्ध होगा।
जोधपुर के विकास पर व्यापक असर
गौरतलब है कि जोधपुर राजस्थान का दूसरा सबसे बड़ा शहर है और 'ब्लू सिटी' के नाम से वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर अपनी विशिष्ट पहचान रखता है। बेहतर हवाई संपर्क से न केवल पर्यटन को बल मिलेगा, बल्कि व्यापारिक निवेश और रोज़गार के नए अवसर भी खुलेंगे। यह ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार 'उड़ान' योजना के तहत टियर-2 और टियर-3 शहरों की हवाई कनेक्टिविटी बढ़ाने पर विशेष ज़ोर दे रही है।