क्या केरल के मुख्यमंत्री विजयन ने ओडिशा में पादरी पर हमले की निंदा की?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या केरल के मुख्यमंत्री विजयन ने ओडिशा में पादरी पर हमले की निंदा की?

सारांश

केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने ओडिशा में एक पादरी पर हुए हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने इसे देश में बढ़ती नफरत और हिंसा का एक उदाहरण बताया है। इस हमले को लेकर उठे विवाद ने धार्मिक सहिष्णुता के मुद्दे को भी फिर से जीवित कर दिया है।

मुख्य बातें

हमला ओडिशा में एक पादरी पर हुआ है।
पुलिस ने 9 लोगों को हिरासत में लिया है।
यह घटना धर्मनिरपेक्षता पर हमलों का प्रतीक है।

तिरुवंतपुरम, 23 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। केरल के मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने ओडिशा में एक ईसाई पादरी पर हुए भयानक हमले की शुक्रवार को कड़ी निंदा की है। उन्होंने इस घटना को संघ परिवार द्वारा उत्पन्न की जा रही हिंसा और नफरत के माहौल का हिस्सा बताया है।

यह घटना ओडिशा के ढेंकानाल जिले के पारजांग गांव में 4 जनवरी 2026 को घटी। पादरी बिपिन बिहारी नाइक अपनी पत्नी और कुछ अन्य व्यक्तियों के साथ एक निजी घर में प्रार्थना सभा कर रहे थे। तभी लगभग 15-40 लोगों की एक भीड़ ने घर में घुसकर आरोप लगाया कि पादरी जबरन धर्मांतरण करवा रहे हैं और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान कर रहे हैं। भीड़ ने पादरी के साथ बर्बरता की और उन्हें गोबर खाने के लिए मजबूर करने का प्रयास किया।

पादरी की पत्नी बंधना नाइक ने इस मामले की शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद पुलिस ने जांच शुरू की। ओडिशा पुलिस ने 9 लोगों को हिरासत में लिया है, हालांकि प्रारंभिक जांच में पुलिस ने गोबर खाने के आरोप से इनकार किया है। यह मामला जबरन धर्मांतरण के आरोपों से संबंधित बताया जा रहा है, और पादरी के खिलाफ भी काउंटर एफआईआर दर्ज हुई है।

पिनाराई विजयन ने अपनी पोस्ट में कहा कि यह घटना अकेली नहीं है, बल्कि देशभर में धर्मनिरपेक्षता पर हमलों का हिस्सा है। उन्होंने ग्राहम स्टेन्स और उनके बच्चों की 2000 में हुई हत्या का जिक्र करते हुए कहा कि असहिष्णुता की ताकतें आज भी सक्रिय हैं। उन्होंने भाजपा सरकारों की चुप्पी और मिलीभगत को जिम्मेदार ठहराया और संवैधानिक लोकतंत्र की रक्षा के लिए मजबूत विरोध की अपील की।

इस घटना पर कैथोलिक बिशप्स कॉन्फ्रेंस ऑफ इंडिया (सीबीसीआई) ने भी कड़ी निंदा की है, इसे मानव गरिमा और धार्मिक स्वतंत्रता पर हमला बताया है। मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने भी इसे निंदनीय करार दिया।

संपादकीय दृष्टिकोण

हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हम सभी समुदायों के बीच संवाद और समझ को बढ़ावा दें। यह आवश्यक है कि हम एक ऐसे समाज की ओर बढ़ें जहाँ सभी धर्मों का सम्मान हो।
RashtraPress
14 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इस घटना का क्या背景 है?
यह घटना ओडिशा के ढेंकानाल जिले में 4 जनवरी 2026 को हुई, जहाँ एक पादरी पर भीड़ ने हमला किया।
क्या पुलिस ने जांच शुरू की है?
हाँ, पुलिस ने इस मामले में 9 लोगों को हिरासत में लिया है और जांच जारी है।
मुख्यमंत्री विजयन ने क्या कहा?
उन्होंने इसे पूरे देश में धर्मनिरपेक्षता पर हमलों का हिस्सा बताया है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 1 सप्ताह पहले
  2. 1 महीना पहले
  3. 3 महीने पहले
  4. 4 महीने पहले
  5. 5 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 10 महीने पहले