लखनऊ-नोएडा पहली सीधी उड़ान सफल, फ्लाइट 6ई 2278 से 182 यात्रियों ने किया सफर
सारांश
मुख्य बातें
लखनऊ और नोएडा के बीच 15 जून 2026 को पहली सीधी उड़ान का सफल संचालन किया गया, जिसमें फ्लाइट संख्या 6ई 2278 से कुल 182 यात्रियों ने सफर किया। चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट, लखनऊ से रवाना हुई इस उड़ान ने उत्तर प्रदेश के दो प्रमुख शहरों को हवाई मार्ग से सीधे जोड़ दिया है, जिससे व्यापार, उद्योग, शिक्षा और कॉर्पोरेट क्षेत्र को विशेष लाभ मिलने की उम्मीद है।
उद्घाटन समारोह और यात्रियों का उत्साह
नई उड़ान सेवा के शुभारंभ पर लखनऊ एयरपोर्ट परिसर में दीप प्रज्वलन और केक कटिंग समारोह का आयोजन किया गया। एयरलाइन और एयरपोर्ट प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारियों सहित कर्मचारियों ने इस अवसर पर भाग लिया। एयरपोर्ट को विशेष रूप से सजाया गया था और यात्रियों का उत्साहपूर्वक स्वागत किया गया।
इस ऐतिहासिक उड़ान में प्रसिद्ध अभिनेत्री गुल पनाग भी यात्रियों में शामिल रहीं, जिससे इस नई सेवा को विशेष चर्चा मिली। इसके अलावा एक निजी समूह के लगभग 80 कर्मचारियों ने भी इस उड़ान का लाभ उठाया। बड़ी संख्या में यात्रियों की भागीदारी इस नए रूट के प्रति सकारात्मक प्रतिक्रिया को दर्शाती है।
उड़ान विवरण और विशेष परिचालन
15 जून को विशेष परिचालन के तहत अतिरिक्त उड़ानों का भी संचालन किया गया। फ्लाइट संख्या 6ई 5212 नोएडा से लखनऊ पहुँचेगी, जबकि 6ई 5219 लखनऊ से नोएडा के लिए रवाना होगी। यह रूट व्यावसायिक और कॉर्पोरेट यात्रियों के लिए विशेष रूप से उपयोगी माना जा रहा है।
नियमित सेवा और क्षेत्रीय संपर्क पर असर
एयरपोर्ट अधिकारियों के अनुसार, इस नई सेवा से उत्तर प्रदेश के भीतर क्षेत्रीय संपर्क मज़बूत होगा और यात्रा का समय काफी कम होगा। नियमित उड़ान सेवाएं 1 जुलाई 2026 से इस रूट पर शुरू की जाएंगी। गौरतलब है कि यह सेवा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के संचालन के साथ उत्तर प्रदेश में आधुनिक परिवहन व्यवस्था की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
आगे क्या होगा
यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश सरकार राज्य के भीतर हवाई संपर्क को विस्तार देने पर ज़ोर दे रही है। 1 जुलाई 2026 से नियमित सेवाओं के शुरू होने के बाद यह रूट राज्य के औद्योगिक और वाणिज्यिक गतिविधियों को नई गति देने में सहायक होगा।