30 जुलाई 2026
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सुप्रीम कोर्ट ने मनमोहन सिंह का कोयला घोटाला मामला खारिज किया, राजीव शुक्ला बोले — सत्य की जीत

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सुप्रीम कोर्ट ने मनमोहन सिंह का कोयला घोटाला मामला खारिज किया, राजीव शुक्ला बोले — सत्य की जीत

सारांश

सर्वोच्च न्यायालय ने मनमोहन सिंह का कोयला घोटाला मामला खारिज कर दिया — एक फैसला जो उनके निधन के बाद आया। कांग्रेस सांसद राजीव शुक्ला ने इसे 'सत्य की जीत' बताते हुए BJP पर 2014 के चुनाव में राजनीतिक षड्यंत्र का आरोप लगाया। CBI भी पहले ही उन्हें क्लीन चिट दे चुकी थी।

मुख्य बातें

सर्वोच्च न्यायालय ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ.
मनमोहन सिंह के खिलाफ कथित कोयला घोटाले से जुड़ा मामला खारिज कर दिया।
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद राजीव शुक्ला ने 30 जुलाई को फैसले को 'सत्य की जीत' बताया।
CBI ने भी मनमोहन सिंह को किसी प्रकार के भ्रष्टाचार से मुक्त करार दिया था।
शुक्ला ने BJP पर 2014 के चुनाव में मनमोहन सिंह की छवि को राजनीतिक हथियार बनाने का आरोप लगाया।
हॉकी टीम की केसरिया जर्सी पर शुक्ला ने कहा — यह हॉकी फेडरेशन का निर्णय है, भगवा रंग किसी एक दल की संपत्ति नहीं।
राम मंदिर दान पारदर्शिता पर शुक्ला ने संसद में हंगामे की संभावना जताई।

सर्वोच्च न्यायालय ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के विरुद्ध कथित कोयला घोटाले से जुड़े मामले को खारिज कर दिया है। कांग्रेस के राज्यसभा सांसद राजीव शुक्ला ने 30 जुलाई को इस फैसले का स्वागत करते हुए इसे 'सत्य की जीत' करार दिया और आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने 2014 के लोकसभा चुनाव से पहले मनमोहन सिंह की छवि को राजनीतिक हथियार बनाया था।

शुक्ला की प्रतिक्रिया: 'काश वह आज होते'

राजीव शुक्ला ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय का यह निर्णय बेहद महत्वपूर्ण है, परंतु दुर्भाग्य यह है कि डॉ. मनमोहन सिंह आज इस फैसले को देखने के लिए जीवित नहीं हैं। उन्होंने कहा, 'यदि वह आज होते तो इस फैसले से उन्हें निश्चित रूप से संतोष और खुशी मिलती, क्योंकि वह एक बेहद ईमानदार व्यक्ति थे।' शुक्ला ने जोड़ा कि इस फैसले का व्यक्तिगत लाभ भले ही मनमोहन सिंह को न मिले, लेकिन उनके परिवार और समर्थकों को यह संतोष अवश्य मिलेगा कि उन पर लगाए गए आरोप निराधार साबित हुए।

भाजपा पर राजनीतिक प्रचार का आरोप

कांग्रेस सांसद ने आरोप लगाया कि BJP ने 2014 के आम चुनाव में राजनीतिक लाभ के लिए तत्कालीन यूपीए सरकार पर 2जी स्पेक्ट्रम और कोयला आवंटन जैसे मामलों में गंभीर आरोप लगाए। शुक्ला के अनुसार, वर्षों तक चली न्यायिक प्रक्रिया के बाद अदालतों ने इन आरोपों में कोई ठोस आधार नहीं पाया। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने भी मनमोहन सिंह को किसी प्रकार के भ्रष्टाचार से मुक्त बताया है। शुक्ला ने कहा, 'भाजपा द्वारा खड़ा किया गया झूठ का पुलिंदा अब पूरी तरह ध्वस्त हो चुका है।'

हॉकी जर्सी विवाद पर संतुलित रुख

भारतीय हॉकी टीम द्वारा आगामी विश्व कप में पारंपरिक नीली किट की जगह केसरिया जर्सी अपनाने के फैसले पर शुक्ला ने कहा कि यह निर्णय हॉकी फेडरेशन के अधिकार क्षेत्र में आता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भगवा रंग किसी एक राजनीतिक दल की पहचान नहीं है — यह राष्ट्रीय ध्वज के तीन रंगों में से एक है और हजारों वर्षों से भारतीय संस्कृति का अभिन्न अंग रहा है। हालांकि, उन्होंने BJP पर यह भी आरोप लगाया कि वह सरदार वल्लभभाई पटेल, तिरंगे और 'वंदे मातरम' जैसे राष्ट्रीय प्रतीकों को अपने राजनीतिक एजेंडे से जोड़ने का प्रयास करती है।

राम मंदिर दान पारदर्शिता पर सवाल

शुक्ला ने राम मंदिर में चढ़ावे और दान की व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि धार्मिक संस्थानों से जुड़े आर्थिक मामलों में पूर्ण पारदर्शिता होनी चाहिए और साधु-संतों की भूमिका सुनिश्चित की जानी चाहिए। कांग्रेस सांसद ने संकेत दिया कि इस मुद्दे को लेकर संसद में भी चर्चा और हंगामे की संभावना है।

आगे क्या

सर्वोच्च न्यायालय के इस फैसले के राजनीतिक निहितार्थ व्यापक हैं — यह ऐसे समय में आया है जब 2014 के चुनावी आख्यान की न्यायिक समीक्षा एक बार फिर सार्वजनिक बहस के केंद्र में आ गई है। गौरतलब है कि मनमोहन सिंह के निधन के बाद यह फैसला उनकी राजनीतिक विरासत की पुनर्स्थापना के रूप में भी देखा जा रहा है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इसका सबसे कड़वा सत्य यह है कि यह उस व्यक्ति के जीवनकाल में नहीं आया जिसके लिए यह सबसे अधिक मायने रखता था। यह प्रकरण भारतीय राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप के उस चक्र को उजागर करता है जिसमें न्यायिक प्रक्रिया वर्षों खिंचती है और राजनीतिक नुकसान पहले ही हो चुका होता है। 2जी और कोयला आवंटन मामलों में अदालतों द्वारा बार-बार आरोपों को खारिज किए जाने के बावजूद, ये मुद्दे चुनावी कथाओं का हिस्सा बने रहे — यह प्रश्न उठाता है कि जवाबदेही की दिशा किस ओर होनी चाहिए।
RashtraPress
30 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

सुप्रीम कोर्ट ने मनमोहन सिंह का कोयला घोटाला मामला क्यों खारिज किया?
सर्वोच्च न्यायालय ने पूर्व प्रधानमंत्री डॉ. मनमोहन सिंह के खिलाफ कथित कोयला आवंटन घोटाले से जुड़े मामले को खारिज कर दिया। CBI भी पहले ही उन्हें किसी प्रकार के भ्रष्टाचार से मुक्त करार दे चुकी थी।
राजीव शुक्ला ने इस फैसले पर क्या कहा?
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद राजीव शुक्ला ने इस फैसले को 'सत्य की जीत' बताया। उन्होंने अफसोस जताया कि मनमोहन सिंह इस फैसले को देखने के लिए जीवित नहीं हैं, और कहा कि उनके परिवार व समर्थकों को इससे संतोष मिलेगा।
BJP पर राजीव शुक्ला ने क्या आरोप लगाए?
शुक्ला ने आरोप लगाया कि BJP ने 2014 के लोकसभा चुनाव में राजनीतिक लाभ के लिए मनमोहन सिंह और यूपीए सरकार के खिलाफ झूठा प्रचार किया था। उनके अनुसार, न्यायिक फैसलों ने उस प्रचार को निराधार साबित कर दिया है।
भारतीय हॉकी टीम की केसरिया जर्सी पर शुक्ला का क्या रुख है?
शुक्ला ने कहा कि जर्सी का रंग तय करना हॉकी फेडरेशन का अधिकार है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भगवा रंग किसी एक राजनीतिक दल की पहचान नहीं बल्कि राष्ट्रीय ध्वज का हिस्सा और भारतीय संस्कृति का प्रतीक है।
राम मंदिर दान विवाद पर कांग्रेस का क्या कहना है?
राजीव शुक्ला ने कहा कि राम मंदिर में चढ़ावे और दान की व्यवस्था में पारदर्शिता होनी चाहिए और साधु-संतों की भूमिका सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने संकेत दिया कि यह मुद्दा संसद में भी उठाया जा सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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