13 जुलाई 2026
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मानसून सत्र में सकारात्मक विपक्ष ज़रूरी, राहुल गांधी कांग्रेस के पतन का कारण: BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल

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मानसून सत्र में सकारात्मक विपक्ष ज़रूरी, राहुल गांधी कांग्रेस के पतन का कारण: BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल

सारांश

BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने मानसून सत्र से पहले विपक्ष को आईना दिखाया — संसद बाधित करना अधिकार नहीं। साथ ही राहुल गांधी को कांग्रेस के पतन का ज़िम्मेदार ठहराया, राम मंदिर एसआईटी जाँच पर भरोसा जताया और उत्तराखंड के मदरसा अनुदान बंद करने के फैसले का स्वागत किया।

मुख्य बातें

BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि विपक्ष को संसद बाधित करने का अधिकार नहीं, 19 जुलाई की सर्वदलीय बैठक में यह समझ आनी चाहिए।
राहुल गांधी की वजह से कांग्रेस एक के बाद एक राज्य में हार रही है और जनता पार्टी को नकार रही है — खंडेलवाल।
RSS ने अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर एसआईटी जाँच में भरोसा जताया; खंडेलवाल ने नतीजे आने तक टिप्पणी से बचने की बात कही।
कांग्रेस का पटना में 15 जुलाई को प्रस्तावित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम स्थगित हो गया।
उत्तराखंड सरकार ने 2027–28 से 456 अरबी मदरसों का सरकारी अनुदान बंद करने का फैसला किया; खंडेलवाल ने स्वागत किया।
UCC पर कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने केंद्रीय कानून की माँग की, खंडेलवाल ने संविधान-सम्मत बताकर पलटवार किया।

भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने 13 जुलाई 2026 को संसद के आगामी मानसून सत्र, अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा विवाद, यूसीसी और उत्तराखंड मदरसा अनुदान समेत कई अहम मुद्दों पर अपना पक्ष रखा। खंडेलवाल ने विपक्ष से संसद में रचनात्मक भूमिका निभाने की अपील की और कहा कि राहुल गांधी की नीतियों के कारण भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (कांग्रेस) लगातार कमज़ोर होती जा रही है।

मानसून सत्र और सर्वदलीय बैठक

संसद के मानसून सत्र से पूर्व केंद्र सरकार ने 19 जुलाई को सर्वदलीय बैठक बुलाई है, जिसमें विधायी एजेंडे पर चर्चा होगी। इसके साथ ही विपक्ष कई ज्वलंत मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में बताया जा रहा है।

खंडेलवाल ने कहा कि केंद्र सरकार का हमेशा यही प्रयास रहता है कि संसद सत्र में विधायी कामकाज सुचारु रूप से हो। उन्होंने कहा, 'विपक्ष को प्रश्न पूछने और सरकार की आलोचना करने का पूरा अधिकार है, लेकिन संसद को बाधित करने का अधिकार किसी को नहीं है।' उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले कई सत्रों में विपक्षी दलों ने सोची-समझी रणनीति के तहत संसद का बहुमूल्य समय बर्बाद किया, जिससे देश को नुकसान हुआ।

राम मंदिर चढ़ावा विवाद और एसआईटी जाँच

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने अयोध्या राम मंदिर में दान राशि में कथित गड़बड़ी पर दुख जताते हुए एसआईटी जाँच पर भरोसा जताया है और कहा है कि जल्द ही निर्णायक नतीजे सामने आएंगे। खंडेलवाल ने इस पर कहा कि RSS की बैठक ने पूरे मामले को स्पष्ट कर दिया है और जब तक एसआईटी जाँच का परिणाम नहीं आता, तब तक किसी भी टिप्पणी से बचना उचित होगा।

राहुल गांधी और कांग्रेस की स्थिति

कांग्रेस अपने 'छात्रों की गूंज' आंदोलन के तहत नीट पेपर लीक मामले का विरोध कर रही है। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी का 15 जुलाई को पटना में छात्रों के साथ संवाद कार्यक्रम प्रस्तावित था, जो अब स्थगित हो गया है।

इस पर खंडेलवाल ने कहा कि कांग्रेस की स्थिति 'बड़ी विचित्र' हो गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के नेतृत्व में पार्टी एक के बाद एक राज्य में हार का सामना कर रही है और जनता कांग्रेस को नकार रही है। उन्होंने कहा कि इसकी समझ न तो राहुल गांधी को है और न ही पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेताओं को।

यूसीसी पर कांग्रेस और BJP का रुख

कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि यदि समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करनी है, तो इसे राज्यों के बजाय केंद्र सरकार राष्ट्रीय कानून के रूप में लागू करे और सभी समुदायों की भावनाओं व अधिकारों का ध्यान रखा जाए। इस पर खंडेलवाल ने पलटवार करते हुए कहा कि केंद्र में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में BJP सरकार संविधान की व्याख्या के अनुरूप काम करती है और UCC संविधान के दायरे में है।

उत्तराखंड मदरसा अनुदान बंद करने का निर्णय

उत्तराखंड सरकार ने 2027–28 से 456 अरबी मदरसों को मिलने वाली सरकारी अनुदान राशि बंद करने का फैसला किया है। मुस्लिम संगठनों और शिक्षाविदों ने चिंता जताते हुए कहा है कि इससे हज़ारों गरीब बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो सकती है। खंडेलवाल ने इस निर्णय का स्वागत करते हुए कहा कि मदरसे अपने मूल उद्देश्य से भटककर विवाद का केंद्र बनते रहे हैं, इसीलिए यह कदम उचित है।

गौरतलब है कि मानसून सत्र से पहले इन बयानों से राजनीतिक माहौल गर्म हो गया है और आने वाले सत्र में इन मुद्दों पर तीखी बहस की संभावना है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जबकि विपक्ष संसद को जवाबदेही का मंच मानता है। असली सवाल यह है कि 19 जुलाई की सर्वदलीय बैठक में क्या कोई ठोस सहमति बनेगी या यह भी औपचारिकता बनकर रह जाएगी। राहुल गांधी पर हमला BJP की परिचित रणनीति है, लेकिन उत्तराखंड के मदरसा अनुदान मामले में हज़ारों बच्चों की शिक्षा का सवाल है जिस पर सियासी बयानबाज़ी से परे नीतिगत स्पष्टता ज़रूरी है।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

प्रवीण खंडेलवाल ने मानसून सत्र पर क्या कहा?
BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने कहा कि विपक्ष को सरकार की आलोचना का अधिकार है, लेकिन संसद को बाधित करने का नहीं। उन्होंने 19 जुलाई की सर्वदलीय बैठक में विपक्ष से सकारात्मक रुख अपनाने की अपील की।
खंडेलवाल ने राहुल गांधी और कांग्रेस पर क्या आरोप लगाए?
खंडेलवाल ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस एक के बाद एक राज्य में हार रही है और जनता पार्टी को नकार रही है। उन्होंने कहा कि इसकी समझ न तो राहुल गांधी को है और न ही पार्टी के अन्य नेताओं को।
अयोध्या राम मंदिर चढ़ावा विवाद में एसआईटी जाँच की क्या स्थिति है?
RSS ने राम मंदिर में दान राशि की कथित गड़बड़ी पर दुख जताते हुए एसआईटी जाँच पर भरोसा जताया है और जल्द निर्णायक नतीजों की बात कही है। खंडेलवाल ने जाँच पूरी होने तक किसी भी टिप्पणी से बचने की सलाह दी।
उत्तराखंड ने मदरसा अनुदान क्यों बंद किया?
उत्तराखंड सरकार ने 2027–28 से 456 अरबी मदरसों का सरकारी अनुदान बंद करने का फैसला किया है। खंडेलवाल ने कहा कि मदरसे अपने मूल उद्देश्य से भटककर विवाद का केंद्र बनते रहे हैं, इसीलिए यह निर्णय उचित है। मुस्लिम संगठनों ने इससे गरीब बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होने की चिंता जताई है।
UCC पर कांग्रेस और BJP का क्या रुख है?
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने माँग की कि UCC को राज्यों के बजाय केंद्र सरकार राष्ट्रीय कानून के रूप में लागू करे और सभी समुदायों के अधिकारों का ध्यान रखे। BJP सांसद खंडेलवाल ने कहा कि UCC संविधान के दायरे में है और सरकार प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में संविधान-सम्मत तरीके से काम करती है।
राष्ट्र प्रेस
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