एमएलसी चुनाव नतीजों पर BJP सांसद प्रवीण खंडेलवाल का तंज: 'बैलेट पेपर पर कांग्रेस साफ हो गई'
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद प्रवीण खंडेलवाल ने 29 अक्टूबर 2026 को एमएलसी चुनाव के नतीजों के संदर्भ में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी (सपा) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बैलेट पेपर से कराए गए इस चुनाव में कांग्रेस की हार ने उसकी राजनीतिक प्रासंगिकता पर सवाल खड़े कर दिए हैं। खंडेलवाल का यह बयान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के सोशल मीडिया पोस्ट के संदर्भ में आया।
कांग्रेस पर सीधा प्रहार
खंडेलवाल ने कहा, 'इससे यह साफ हो गया है कि राजनीति में कांग्रेस का अब कोई महत्व नहीं रह गया है। पहले कहा जाता था कि ईवीएम हैक हो गई हैं और इसका दोष चुनाव आयोग पर मढ़ दिया जाता था। फिर वोट चोरी के आरोप लगाए गए, जिनका कोई आधार ही नहीं था। कांग्रेस मांग कर रही थी कि बैलेट पेपर से चुनाव कराया जाए, बैलेट पेपर से एमएलसी का चुनाव कराने पर कांग्रेस साफ हो गई है।'
उन्होंने आगे कहा कि कांग्रेस को यह समझना चाहिए कि हर मुद्दे को राजनीतिक रंग देना उचित नहीं है। गौरतलब है कि विपक्षी दलों ने पिछले कई चुनावों में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) की विश्वसनीयता पर सवाल उठाते हुए बैलेट पेपर से चुनाव की मांग की थी।
विपक्ष पर इस्तीफे की मांग का आरोप
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के सोशल मीडिया पोस्ट का समर्थन करते हुए खंडेलवाल ने विपक्ष पर हर मुद्दे पर इस्तीफा मांगने की आदत का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि छोटी-बड़ी हर घटना को विवाद का विषय बनाकर इस्तीफे की मांग करना विपक्ष की कार्यशैली बन गई है।
खंडेलवाल के अनुसार, जब विपक्ष हर मामले में जवाबदेही की बात करता है, तो उसे चुनाव परिणामों में अपनी हार की जिम्मेदारी भी स्वीकार करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी और अन्य विपक्षी नेताओं को जनता के सामने अपनी राजनीतिक स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
अखिलेश यादव पर पलटवार
वाराणसी एमएलसी चुनाव के नतीजों पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की BJP पर की गई टिप्पणी का जवाब देते हुए खंडेलवाल ने कहा कि अखिलेश यादव की राजनीतिक प्रासंगिकता भी धीरे-धीरे घट रही है। उनके अनुसार, अखिलेश यादव पहले कभी-कभी विचारशील बातें करते थे, लेकिन अब उनके बयान बेबुनियाद होते जा रहे हैं।
आजम खान की संपत्ति कुर्की पर प्रतिक्रिया
सपा के वरिष्ठ नेता आजम खान की जौहर यूनिवर्सिटी की ₹1,170 करोड़ की संपत्ति कुर्क किए जाने के मामले पर खंडेलवाल ने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता ने देखा है कि किस तरह आजम खान पर पद का दुरुपयोग करने के आरोप लगे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और यदि किसी ने गलत काम किया है तो उसे कानूनी परिणाम भुगतने होंगे।
यह ऐसे समय में आया है जब उत्तर प्रदेश में विपक्षी नेताओं से जुड़े कई मामलों में कानूनी कार्रवाई तेज हुई है। आलोचकों का कहना है कि इस तरह की कार्रवाइयाँ राजनीति से प्रेरित हो सकती हैं, जबकि सत्तारूढ़ दल इसे कानून के शासन की जीत बताता है।
मोदी नेतृत्व की सराहना
खंडेलवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके कार्यकाल में भारत की नीतियों में उल्लेखनीय सुधार हुआ है। उन्होंने यह भी कहा कि देश के हितों के विरुद्ध जाने वाली किसी भी नीति को स्वीकार नहीं किया जाएगा। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए इस तरह के बयानों को राजनीतिक रणनीति के तहत भी देखा जा रहा है।