मध्य प्रदेश में यूसीसी पर 9 लाख सुझाव: CM मोहन यादव ने राज्यपाल पटेल को दी विस्तृत जानकारी
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोमवार, 29 जून 2026 को भोपाल स्थित लोकभवन में राज्यपाल मंगुभाई पटेल से शिष्टाचार भेंट की। इस बैठक में मुख्यमंत्री ने राज्यपाल को समान नागरिक संहिता (यूसीसी) के क्रियान्वयन की दिशा में हुई प्रगति, रोजगार सृजन और औद्योगिक निवेश से जुड़े प्रयासों की विस्तृत जानकारी दी। यह बैठक ऐसे समय में हुई है जब राज्य सरकार जुलाई में होने वाले विधानसभा सत्र में यूसीसी का प्रारूप पेश करने की तैयारी में है।
यूसीसी पर जनसमर्थन और आगामी कार्ययोजना
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बताया कि राज्यपाल पटेल को प्रदेश में यूसीसी लागू करने के संदर्भ में आमजन से प्राप्त 9 लाख से अधिक सुझावों और व्यापक जनसमर्थन से अवगत कराया गया। साथ ही इस दिशा में तैयार की जा रही आगामी कार्ययोजना का भी ब्यौरा दिया गया। राज्य में संवाद का सिलसिला अभी भी जारी है और आमजन से सुझाव आमंत्रित किए जा रहे हैं।
गौरतलब है कि मध्य प्रदेश, यूसीसी लागू करने की दिशा में कदम उठाने वाले अग्रणी राज्यों में शामिल होने की कोशिश कर रहा है। राज्य सरकार का लक्ष्य है कि जुलाई 2026 में होने वाले विधानसभा सत्र में यूसीसी का प्रारूप सदन के सामने रखा जाए।
रोजगार, निवेश और कृषि पर चर्चा
बैठक में केवल यूसीसी तक ही बात सीमित नहीं रही। मुख्यमंत्री ने राज्यपाल के साथ औद्योगिक निवेश और रोजगार सृजन से जुड़े विभिन्न प्रयासों पर भी विचार-विमर्श किया। इसके अलावा एमएसएमई और स्टार्ट-अप को दिए जा रहे प्रोत्साहन तथा सौर ऊर्जा परियोजनाओं के विस्तार पर भी चर्चा हुई।
कृषि क्षेत्र से जुड़े एक अहम पहलू पर भी बात हुई — राज्य की चार कृषि उपजों को हाल ही में जीआई टैग (भौगोलिक संकेत) प्राप्त हुआ है, जिससे किसानों को बाज़ार में बेहतर मूल्य और पहचान मिलने की उम्मीद है।
जल संरक्षण और शैक्षणिक गतिविधियाँ
मुख्यमंत्री ने राज्यपाल को जल गंगा संवर्धन अभियान के सफल क्रियान्वयन की जानकारी भी दी। इसके साथ ही आगामी गुरु पूर्णिमा पखवाड़ा के दौरान प्रस्तावित शैक्षणिक और सांस्कृतिक गतिविधियों की रूपरेखा भी साझा की गई।
राजनीतिक अटकलें: मंत्रिमंडल विस्तार का संकेत?
राजनीतिक गलियारों में इस मुलाकात को केवल एक शिष्टाचार भेंट के रूप में नहीं देखा जा रहा। सूत्रों के अनुसार, कुछ राजनीतिक विश्लेषक इस बैठक को राज्य में जल्द संभावित मंत्रिमंडल विस्तार से भी जोड़कर देख रहे हैं, हालाँकि सरकार की ओर से इस पर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। आने वाले हफ्तों में विधानसभा सत्र और यूसीसी प्रारूप की प्रस्तुति के साथ ही राजनीतिक तस्वीर और स्पष्ट होगी।