13 जुलाई 2026
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मुंबई एसी लोकल में AC खराब, मुलुंड स्टेशन पर 3 यात्रियों को सांस की तकलीफ; सभी की हालत सामान्य

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मुंबई एसी लोकल में AC खराब, मुलुंड स्टेशन पर 3 यात्रियों को सांस की तकलीफ; सभी की हालत सामान्य

सारांश

मुंबई में एसी लोकल की खराब एयर कंडीशनिंग यूनिट ने 3 यात्रियों को घुटन की कगार पर पहुँचाया। रेलवे ने रेक वापस ली, एक यात्री को अस्पताल से 11:30 बजे छुट्टी मिली। सेंट्रल रेलवे रोज़ाना 108 एसी सेवाएँ चलाता है — यह घटना रखरखाव प्रोटोकॉल पर सवाल उठाती है।

मुख्य बातें

13 जुलाई की सुबह मुलुंड रेलवे स्टेशन पर एसी लोकल ट्रेन की एसी यूनिट खराब होने से 3 यात्रियों को सांस लेने में तकलीफ हुई।
ट्रेन सुबह 8:53 बजे तितवाला से सीएसएमटी के लिए रवाना हुई थी।
दो महिला यात्रियों की हालत मौके पर ही सामान्य हुई; फहीम अंसारी को अग्रवाल अस्पताल में भर्ती कराया गया और 11:30 बजे छुट्टी दी गई।
रेलवे ने प्रभावित रेक को कुर्ला स्टेशन के बाद सेवा से हटाकर नॉन-एसी लोकल से सेवाएँ जारी रखीं।
सेंट्रल रेलवे प्रतिदिन लगभग 108 एसी लोकल सेवाएँ संचालित करता है; अधिकारियों को तकनीकी निगरानी के निर्देश जारी किए गए।

मुंबई के मुलुंड रेलवे स्टेशन पर सोमवार, 13 जुलाई की सुबह एक एसी लोकल ट्रेन में एयर कंडीशनिंग यूनिट की तकनीकी खराबी के चलते कोच के भीतर घुटन की स्थिति पैदा हो गई, जिससे तीन यात्रियों — दो महिलाएँ और एक पुरुष — को सांस लेने में कठिनाई हुई। सेंट्रल रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी स्वप्निल नीला ने पुष्टि की कि सभी प्रभावित यात्रियों की स्थिति अब सामान्य है और रेलवे प्रशासन ने स्थिति को पूरी तरह नियंत्रण में ले लिया है।

घटनाक्रम: कैसे हुई चूक

सीपीआरओ स्वप्निल नीला के अनुसार, यह ट्रेन सुबह 8:53 बजे तितवाला से छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) के लिए रवाना हुई थी। जिस कोच में यात्री सवार थे, उसकी एसी यूनिट तकनीकी खराबी के कारण काम नहीं कर रही थी। बंद एसी और बंद खिड़कियों के कारण कोच में ऑक्सीजन की कमी जैसी स्थिति बन गई, जिससे तीन यात्रियों को तकलीफ हुई।

प्रभावित यात्रियों की स्थिति

दोनों महिला यात्रियों की तबीयत मौके पर ही सुधर गई और वे अपनी यात्रा पूरी कर चुकी हैं। तीसरे यात्री फहीम अंसारी को एहतियाती उपाय के रूप में अग्रवाल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उपचार के बाद उनकी हालत स्थिर पाई गई। उन्हें सुबह करीब 11:30 बजे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।

रेलवे की तत्काल कार्रवाई

घटना की जानकारी मिलते ही रेलवे प्रशासन ने प्रभावित रेक को सेवा से तत्काल वापस लेने का निर्णय लिया। कुर्ला स्टेशन तक ट्रेन चलाने के बाद उसे सेवा से हटा दिया गया। कुर्ला के आगे उस रेक से निर्धारित सभी सेवाएँ नॉन-एसी लोकल रेक के ज़रिए संचालित की गईं, ताकि यात्रियों को अतिरिक्त असुविधा न हो।

भविष्य के लिए रेलवे का रुख

सीपीआरओ नीला ने बताया कि सेंट्रल रेलवे प्रतिदिन लगभग 108 एसी लोकल सेवाएँ संचालित करता है और इससे पहले इस तरह की कोई गंभीर समस्या सामने नहीं आई थी। संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि तकनीकी खामियों की समय रहते पहचान की जाए। भविष्य में यदि किसी एसी लोकल में ऐसी असामान्य स्थिति उत्पन्न होती है, तो यात्रियों को तुरंत सुरक्षित तरीके से उतारा जाएगा और उपलब्धता के अनुसार वैकल्पिक ट्रेन की व्यवस्था की जाएगी। यह घटना मुंबई की उपनगरीय रेल प्रणाली में एसी रेक के रखरखाव और आपातकालीन प्रोटोकॉल पर नए सिरे से ध्यान देने की ज़रूरत रेखांकित करती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन एसी यूनिट की खराबी की पूर्व-जाँच प्रणाली कितनी मज़बूत है, यह स्पष्ट नहीं। रेलवे की प्रतिक्रिया त्वरित रही, परंतु असली सवाल यह है कि खराबी पहले से क्यों नहीं पकड़ी गई। यात्री सुरक्षा के लिए प्रतिक्रियात्मक उपाय पर्याप्त नहीं — निवारक रखरखाव की जवाबदेही तय होनी चाहिए।
RashtraPress
13 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

मुंबई एसी लोकल में 13 जुलाई को क्या हुआ?
13 जुलाई की सुबह तितवाला से सीएसएमटी जा रही एसी लोकल ट्रेन के एक कोच की एसी यूनिट खराब हो गई, जिससे कोच में घुटन की स्थिति पैदा हुई और तीन यात्रियों को सांस लेने में तकलीफ हुई। रेलवे ने तुरंत चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई और प्रभावित रेक को सेवा से हटा दिया।
प्रभावित यात्रियों की अभी क्या स्थिति है?
सभी तीनों यात्रियों की हालत सामान्य है। दोनों महिला यात्री मौके पर ही ठीक हो गईं और अपनी यात्रा पूरी कर चुकी हैं। फहीम अंसारी को अग्रवाल अस्पताल में भर्ती किया गया था, जहाँ से उन्हें सुबह करीब 11:30 बजे छुट्टी दे दी गई।
रेलवे ने इस घटना के बाद क्या कदम उठाए?
सेंट्रल रेलवे ने प्रभावित रेक को कुर्ला स्टेशन के बाद तत्काल सेवा से वापस ले लिया। कुर्ला के आगे उस रेक की सभी निर्धारित सेवाएँ नॉन-एसी लोकल रेक से संचालित की गईं। साथ ही अधिकारियों को तकनीकी खामियों की समय पर पहचान के निर्देश जारी किए गए।
भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रेलवे की क्या नीति होगी?
सीपीआरओ स्वप्निल नीला के अनुसार, यदि भविष्य में किसी एसी लोकल में असामान्य स्थिति बनती है तो यात्रियों को तुरंत सुरक्षित तरीके से उतारा जाएगा और उपलब्धता के अनुसार वैकल्पिक एसी या सामान्य लोकल की व्यवस्था की जाएगी।
सेंट्रल रेलवे रोज़ाना कितनी एसी लोकल सेवाएँ चलाता है?
सेंट्रल रेलवे प्रतिदिन लगभग 108 एसी लोकल सेवाएँ संचालित करता है। रेलवे के अनुसार इससे पहले इस प्रकार की कोई गंभीर समस्या सामने नहीं आई थी।
राष्ट्र प्रेस
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