मुंबई मेट्रो की एक्वा लाइन में मोबाइल नेटवर्क की कमी: सांसद मिलिंद देवड़ा ने समाधान की अपील की
सारांश
Key Takeaways
- शिवसेना सांसद मिलिंद देवड़ा ने मोबाइल नेटवर्क की कमी पर चिंता व्यक्त की।
- उन्होंने मुंबई मेट्रो के प्रबंध निदेशक को पत्र लिखकर समाधान की मांग की।
- डिजिटल संचार की आवश्यकता पर जोर दिया गया है।
- टेलीकॉम ऑपरेटर समस्या के समाधान के लिए तैयार हैं।
- वाई-फाई कनेक्टिविटी की उपलब्धता का सुझाव दिया गया है।
मुंबई, 30 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। शिवसेना के प्रमुख नेता और सांसद मिलिंद देवड़ा ने मुंबई मेट्रो की एक्वा लाइन में मोबाइल और वाई-फाई नेटवर्क की कमी को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की है। इस मुद्दे पर उन्होंने मुंबई मेट्रो रेल निगम के प्रबंध निदेशक अश्विनी भिडे को एक पत्र लिखकर तत्काल समाधान की मांग की है।
पत्र में मिलिंद देवड़ा ने कहा कि वह स्वयं इस रूट के नियमित यात्री हैं और उन्होंने देखा है कि मेट्रो के कई सेक्शन में मोबाइल नेटवर्क की गंभीर कमी है। उन्होंने बताया कि मुंबई जैसे देश की आर्थिक और व्यवसायिक केंद्र में ऐसी समस्याएं केवल असुविधा नहीं, बल्कि कार्यक्षमता और उत्पादकता में भी बाधा उत्पन्न करती हैं। हजारों पेशेवर, उद्यमी और सेवा क्षेत्र से जुड़े लोग रोजाना इस मेट्रो लाइन का उपयोग करते हैं। ऐसे में यात्रा के दौरान लंबे समय तक ऑफलाइन रहना उनके काम, समन्वय और आवश्यक सेवाओं तक पहुँच को प्रभावित करता है।
पत्र में उन्होंने यह भी कहा कि डिजिटल युग में निर्बाध संचार अत्यंत आवश्यक है। मेट्रो यात्रा के दौरान नेटवर्क की अनुपस्थिति न केवल कामकाजी लोगों के लिए समस्या है, बल्कि आपातकालीन स्थितियों में भी जोखिम उत्पन्न कर सकती है। सांसद ने उल्लेख किया कि हाल की रिपोर्टों के अनुसार टेलीकॉम ऑपरेटर इस समस्या को सुलझाने के लिए तैयार हैं, बशर्ते उन्हें आवश्यक मंजूरी और समन्वय मिले। उन्होंने एमएमआरसीएल से अनुरोध किया कि सभी संबंधित पक्षों के साथ मिलकर इन-ट्रेन और अंडरग्राउंड मोबाइल कनेक्टिविटी को शीघ्र लागू किया जाए।
सांसद ने सुझाव दिया कि जब तक मोबाइल नेटवर्क पूरी तरह स्थापित नहीं हो जाता, तब तक मेट्रो स्टेशनों और टनलों में हाई-स्पीड वाई-फाई उपलब्ध कराया जाए, ताकि यात्रियों के लिए कनेक्टिविटी बनी रहे। पत्र के अंत में उन्होंने कहा कि मुंबई हमेशा से इंफ्रास्ट्रक्चर और नवाचार में अग्रणी रहा है। एक्वा लाइन पर बेहतर डिजिटल कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने से न केवल यात्रियों का अनुभव बेहतर होगा, बल्कि शहर की पहचान को भी मजबूती मिलेगी।
शिवसेना सांसद ने इस मुद्दे को प्राथमिकता के आधार पर हल करने की अपील करते हुए आशा व्यक्त की कि संबंधित अधिकारी जल्द ही इस दिशा में ठोस कदम उठाएंगे।