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पुरी रथ यात्रा में भगदड़: एक श्रद्धालु की मौत, 150 से अधिक घायल; नवीन पटनायक ने जताया शोक

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पुरी रथ यात्रा में भगदड़: एक श्रद्धालु की मौत, 150 से अधिक घायल; नवीन पटनायक ने जताया शोक

सारांश

पुरी की रथ यात्रा में इस बार खुशी के साथ त्रासदी भी आई — बड़ा डंडा पर भगदड़ जैसी स्थिति में क्योंझर के अनिल दास की जान गई और 150 से अधिक घायल हुए। बीजद अध्यक्ष नवीन पटनायक ने एक्स पर शोक जताया और ओडिशा सरकार से भीड़ प्रबंधन की व्यापक समीक्षा की माँग की।

मुख्य बातें

पुरी में 16 जुलाई को रथ यात्रा के दौरान ग्रैंड रोड (बड़ा डंडा) पर भगदड़ जैसी स्थिति बनी।
क्योंझर जिले के निवासी अनिल दास की मृत्यु हुई; मीडिया रिपोर्टों के अनुसार 150 से अधिक श्रद्धालु घायल।
बीजद अध्यक्ष नवीन पटनायक ने एक्स पर शोक व्यक्त किया और दिवंगत की आत्मा की शांति तथा घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की।
बीजद मीडिया समन्वयक लेनिन मोहंती ने सरकार से घायलों के लिए सर्वोत्तम चिकित्सा और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता देने की माँग की।
पार्टी ने रथ यात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा प्रोटोकॉल और आपातकालीन सेवाओं की व्यापक समीक्षा की माँग की।

पुरी में भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के दौरान 16 जुलाई को ग्रैंड रोड (बड़ा डंडा) पर भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई, जिसमें क्योंझर जिले के निवासी अनिल दास की मृत्यु हो गई और मीडिया रिपोर्टों के अनुसार 150 से अधिक श्रद्धालु घायल हो गए। इस दुर्घटना ने विश्वभर में भगवान जगन्नाथ के करोड़ों श्रद्धालुओं को गहरे शोक में डुबो दिया है।

मुख्य घटनाक्रम

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, रथ यात्रा के दौरान बड़ा डंडा (ग्रैंड रोड) पर अचानक भारी भीड़ एकत्रित हो जाने से भगदड़ जैसे हालात बन गए। इस घटना में अनिल दास, जो क्योंझर जिले के रहने वाले थे, की जान चली गई। इसके अलावा भीड़ से जुड़ी अन्य दुर्घटनाओं के कारण 150 से अधिक श्रद्धालु घायल बताए जा रहे हैं।

गौरतलब है कि रथ यात्रा विश्व के सबसे बड़े धार्मिक आयोजनों में से एक है, जिसमें प्रतिवर्ष भारत और विदेशों से लाखों श्रद्धालु पुरी पहुँचते हैं। इतनी विशाल भीड़ के प्रबंधन की चुनौती हर वर्ष प्रशासन के सामने खड़ी रहती है।

नवीन पटनायक की प्रतिक्रिया

विपक्षी बीजू जनता दल (बीजद) के अध्यक्ष नवीन पटनायक ने अपने एक्स हैंडल पर इस घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए लिखा कि बड़ा डंडा पर भारी भीड़ में एक श्रद्धालु की मृत्यु की खबर ने उन्हें अत्यंत व्यथित किया है। उन्होंने दिवंगत अनिल दास की आत्मा की शांति और सभी घायल श्रद्धालुओं के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की।

पटनायक ने कहा कि इस संकट की घड़ी में बीजद के सभी कार्यकर्ता पीड़ित परिवारों और घायलों की सहायता के लिए तत्पर हैं। उन्होंने ओडिशा सरकार से आग्रह किया कि भीड़ प्रबंधन को और सुदृढ़ किया जाए ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदी न दोहराई जाए।

बीजद की माँगें और चिंताएँ

बीजद ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण घटना गंभीर चिंता का विषय है और इसकी गहन समीक्षा एवं जाँच आवश्यक है। पार्टी के मीडिया समन्वयक लेनिन मोहंती ने शोकसंतप्त परिवार के प्रति हार्दिक संवेदना व्यक्त की।

मोहंती ने ओडिशा सरकार से माँग की कि सभी घायल श्रद्धालुओं को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए और प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता दी जाए। उन्होंने रथ यात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा प्रोटोकॉल, आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं और समग्र प्रशासनिक व्यवस्था की व्यापक समीक्षा की आवश्यकता पर बल दिया।

आम जनता और श्रद्धालुओं पर असर

विश्व प्रसिद्ध रथ यात्रा में इस वर्ष हुई इस घटना ने देश-विदेश के श्रद्धालुओं को गहरे सदमे में डाल दिया है। यह ऐसे समय में आया है जब लाखों की संख्या में तीर्थयात्री पुरी में एकत्रित होते हैं और भीड़ नियंत्रण की व्यवस्था पर प्रशासन की परीक्षा होती है।

क्या होगा आगे

विपक्ष की माँगों के मद्देनज़र ओडिशा सरकार पर दबाव है कि वह घटना की जाँच कराए और भविष्य की रथ यात्राओं के लिए भीड़ प्रबंधन की बेहतर योजना तैयार करे। घायल श्रद्धालुओं के उपचार और पीड़ित परिवार को सहायता प्रदान करने की दिशा में सरकार की कार्रवाई पर सबकी निगाहें टिकी हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

फिर भी भीड़ प्रबंधन की खामियाँ बार-बार सामने आती हैं — यह घटना कोई अपवाद नहीं, बल्कि एक दोहराई जाने वाली विफलता है। विपक्ष का शोक और माँगें स्वाभाविक हैं, लेकिन असली सवाल यह है कि ओडिशा सरकार ने इतने विशाल आयोजन के लिए अग्रिम भीड़ नियंत्रण योजना में क्या ठोस बदलाव किए थे। जब तक जाँच के नतीजे सार्वजनिक नहीं होते और जवाबदेही तय नहीं होती, तब तक यह त्रासदी महज एक राजनीतिक बयानबाज़ी का विषय बनकर रह जाएगी।
RashtraPress
16 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पुरी रथ यात्रा में भगदड़ कहाँ और कब हुई?
16 जुलाई को पुरी में भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा के दौरान ग्रैंड रोड (बड़ा डंडा) पर भारी भीड़ के कारण भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हुई। इस घटना में एक श्रद्धालु की मृत्यु हुई और मीडिया रिपोर्टों के अनुसार 150 से अधिक लोग घायल हो गए।
रथ यात्रा भगदड़ में मृत श्रद्धालु कौन थे?
मृतक की पहचान ओडिशा के क्योंझर जिले के निवासी अनिल दास के रूप में हुई है। वे रथ यात्रा में दर्शन के लिए पुरी आए थे।
नवीन पटनायक ने इस घटना पर क्या कहा?
बीजद अध्यक्ष नवीन पटनायक ने अपने एक्स हैंडल पर गहरा दुख व्यक्त किया और दिवंगत की आत्मा की शांति तथा घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना की। उन्होंने ओडिशा सरकार से भीड़ को ठीक से नियंत्रित करने और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने का आग्रह किया।
बीजद ने ओडिशा सरकार से क्या माँगें रखी हैं?
बीजद ने सरकार से सभी घायल श्रद्धालुओं को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधा देने, प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान करने और रथ यात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा प्रोटोकॉल एवं आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं की व्यापक समीक्षा कराने की माँग की है।
रथ यात्रा में इतनी बड़ी भीड़ क्यों उमड़ती है?
भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा विश्व के सबसे प्रसिद्ध धार्मिक आयोजनों में से एक है, जो प्रतिवर्ष भारत और विदेशों से लाखों श्रद्धालुओं को पुरी खींचती है। इतनी विशाल भीड़ के कारण भीड़ प्रबंधन हमेशा एक बड़ी प्रशासनिक चुनौती रहती है।
राष्ट्र प्रेस
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