अनिल राजभर: नक्सलवाद से निपटने में सरकार ने की बड़ी प्रगति

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अनिल राजभर: नक्सलवाद से निपटने में सरकार ने की बड़ी प्रगति

सारांश

नक्सलवाद को लेकर सियासत एक बार फिर गरमा गई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान के बाद भाजपा नेताओं का कहना है कि नक्सलवाद लगभग समाप्त हो चुका है। जानिए इस पर अनिल राजभर और ओमप्रकाश राजभर का क्या कहना है।

मुख्य बातें

भाजपा का कहना है कि नक्सलवाद लगभग समाप्त हो चुका है।
अनिल राजभर ने कांग्रेस पर निशाना साधा है।
सरकार ने नक्सलवाद की समस्या का प्रभावी समाधान किया है।
उत्तर प्रदेश में राजनीतिक मुद्दों पर भी चर्चा हो रही है।
ओमप्रकाश राजभर ने नक्सलियों के विदेशों से प्रवेश पर चिंता जताई है।

नई दिल्ली, 31 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। देश में नक्सलवाद पर एक बार फिर सियासत गरमा गई है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के हालिया बयान के बाद, भारतीय जनता पार्टी के नेताओं का कहना है कि देश में नक्सलवाद लगभग समाप्त हो चुका है, और जो बचे हैं वे आत्मसमर्पण कर रहे हैं।

उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री अनिल राजभर ने कांग्रेस पर हमला करते हुए कहा कि नक्सलवाद और अन्य आंतरिक सुरक्षा समस्याओं के लिए पूर्ववर्ती सरकारें जिम्मेदार रही हैं। उन्होंने असम में घुसपैठ का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि कांग्रेस ने राजनीतिक लाभ के लिए राज्य की जनसांख्यिकी को प्रभावित करने का प्रयास किया। राजभर ने बताया कि आज असम की जनता जागरूक है और भाजपा के साथ मजबूती से खड़ी है।

उन्होंने कहा कि एक समय था जब नक्सलियों ने मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में बड़े हमले किए थे, जिससे कांग्रेस नेतृत्व को भारी नुकसान उठाना पड़ा था। उन्होंने वर्तमान सरकार की सराहना की, कहते हुए कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में इस चुनौती का प्रभावी समाधान हुआ है। सपा प्रमुख अखिलेश यादव के बयान पर भी राजभर ने प्रतिक्रिया व्यक्त की। उन्होंने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के समर्थकों को लेकर टिप्पणी करते हुए कहा कि उन्हें उत्तर प्रदेश की बजाय पश्चिम बंगाल में अपनी राजनीतिक ताकत दिखानी चाहिए। उन्होंने सोशल मीडिया पर चल रहे राजनीतिक अभियानों की भी आलोचना की।

वहीं, उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने नक्सलवाद को राष्ट्रीय चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि यदि नक्सली विदेशों से भारत में प्रवेश कर रहे हैं, तो उनसे निपटना सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को इस दिशा में निरंतर कार्य करना चाहिए ताकि देश पूरी तरह से सुरक्षित हो सके।

ममता बनर्जी के एक बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए ओमप्रकाश राजभर ने भाजपा पर भी कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान धार्मिक मुद्दों और खान-पान से जुड़े मामलों को उठाकर जनता का ध्यान भटकाने की कोशिश की जाती है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन इसके पीछे राजनीतिक लाभ की भी गूंज सुनाई देती है।
RashtraPress
18 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या नक्सलवाद भारत में खत्म हो रहा है?
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के अनुसार, नक्सलवाद लगभग समाप्त हो चुका है और जो बचे हैं वे आत्मसमर्पण कर रहे हैं।
अनिल राजभर का नक्सलवाद पर क्या कहना है?
अनिल राजभर ने कांग्रेस की पूर्व सरकारों को नक्सलवाद के लिए जिम्मेदार ठहराया है।
क्या असम में घुसपैठ की समस्या है?
अनिल राजभर ने असम में घुसपैठ का मुद्दा उठाया है और कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि उसने राजनीतिक लाभ के लिए राज्य की जनसांख्यिकी को प्रभावित किया।
क्या वर्तमान सरकार नक्सलवाद पर नियंत्रण पाने में सफल है?
अनिल राजभर के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह के नेतृत्व में सरकार ने नक्सलवाद की चुनौती का प्रभावी तरीके से सामना किया है।
ओमप्रकाश राजभर का नक्सलवाद पर क्या दृष्टिकोण है?
ओमप्रकाश राजभर ने नक्सलवाद को राष्ट्रीय चिंता का विषय बताया है और कहा कि इससे निपटना सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है।
राष्ट्र प्रेस
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