नीट-यूजी 2026 री-एग्जाम से पहले देशभर के केंद्रों पर मॉकड्रिल, 21 जून को होगी परीक्षा
सारांश
मुख्य बातें
नीट-यूजी 2026 की दोबारा परीक्षा से ठीक एक दिन पहले, 20 जून 2026 को नई दिल्ली समेत पूरे देश के परीक्षा केंद्रों पर व्यापक मॉकड्रिल आयोजित की गई। पुलिस, रेलवे सुरक्षा बल और प्रशासनिक अधिकारियों ने केंद्रों की निगरानी व्यवस्था, प्रवेश प्रक्रिया और समय-नियमों की जाँच की। यह री-एग्जाम पेपरलीक विवाद के चलते मूल परीक्षा रद्द होने के बाद आयोजित की जा रही है।
मुख्य घटनाक्रम
नोएडा के सेक्टर 46 स्थित भवानी शंकर इंटर कॉलेज में सुरक्षा इंतजामों का बारीकी से जायजा लिया गया। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 25 परीक्षा केंद्रों पर मॉकड्रिल संपन्न हुई, जहाँ 21 जून को 9,050 उम्मीदवार कड़े प्रवेश और समय-नियमों के तहत परीक्षा देंगे। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में 47 केंद्रों पर परीक्षा आयोजित होगी।
प्रयागराज के जिला मजिस्ट्रेट मनीष कुमार वर्मा ने कहा, 'प्रयागराज में 47 केंद्रों पर नीट-यूजी आयोजित की जाएगी और सभी तैयारियाँ पूरी हो चुकी हैं। कल सुबह एक मॉकड्रिल और ड्राई रन किया जाएगा। हमने यह सुनिश्चित किया है कि छात्रों को परीक्षा केंद्रों पर कोई असुविधा न हो।'
रेलवे और परिवहन व्यवस्था
वाराणसी रेलवे स्टेशन के डायरेक्टर अर्पित गुप्ता ने बताया कि स्टेशन पर लगभग 25,000 उम्मीदवारों के आगमन की संभावना है। उन्होंने कहा, 'उनके लिए जगह की व्यवस्था करने और स्टेशन पर कड़ी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हम अपने RPF और GRP स्टाफ के साथ अतिरिक्त कर्मचारियों की व्यवस्था कर रहे हैं। इसके अलावा, मेडिकल टीम को भी स्टेशन पर मौजूद रहने के लिए विशेष निर्देश दिए गए हैं।'
हरियाणा में नीट री-एग्जाम देने वाले छात्रों के लिए 20 और 21 जून को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा दी गई है। करनाल बस स्टैंड के इंचार्ज सोनू ने बताया कि छात्र अपना एडमिट कार्ड दिखाकर इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।
परीक्षा केंद्रों की तैयारी
गुजरात के राजकोट स्थित धर्मेंद्र सिंह कॉलेज के इंचार्ज प्रिंसिपल शिशिर भारद्वाज ने कहा, 'इस कॉलेज में कुल 552 छात्र-छात्राओं को अलॉट किया गया है। यह नीट का री-एग्जाम है, जो बहुत संवेदनशील मामला है। हम सरकार के सभी निर्देशों का सख्ती से पालन कर रहे हैं।'
पश्चिम बंगाल के खड़गपुर केंद्रीय विद्यालय के प्रिंसिपल एवं नीट डिस्ट्रिक्ट इंचार्ज संग्राम बनर्जी ने बताया कि पेपरलीक के कारण यह परीक्षा दूसरी बार हो रही है। उनके जिले में लगभग 13 केंद्र हैं और करीब 6,500 छात्र री-टेस्ट में शामिल होंगे।
सरकार की प्रतिक्रिया
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री अनिल राजभर ने कहा, 'हम अपनी शुभकामनाएं देते हैं। सरकार जो कोशिशें कर रही है, हम उसकी सराहना करते हैं और उसका स्वागत करते हैं। जिस तरह से सरकार काम कर रही है, मुझे नहीं लगता कि ऐसी घटनाएं दोबारा होंगी।'
गौरतलब है कि यह ऐसे समय में आया है जब नीट पेपरलीक विवाद ने देशभर में चिकित्सा प्रवेश परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। दिल्ली में एक परीक्षार्थी ने कहा, 'पिछली बार परीक्षा रद्द हो गई थी और मैं बहुत निराश हुआ था। इस बार भी मैं कड़ी मेहनत कर रहा हूँ ताकि सफल हो सकूँ।'
आगे की राह
21 जून 2026 को देशभर में नीट-यूजी री-एग्जाम आयोजित होगी। प्रशासन ने सुनिश्चित किया है कि इस बार पारदर्शिता और सुरक्षा के उच्चतम मानकों का पालन हो। परीक्षा परिणाम और उसकी निष्पक्षता पर लाखों मेडिकल अभ्यर्थियों का भविष्य टिका है।