नीतीश कुमार की वापसी की अटकलें: उपमुख्यमंत्री विजय चौधरी से मांगी पूरे काम की रिपोर्ट
सारांश
मुख्य बातें
जनता दल (यूनाइटेड) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद नीतीश कुमार ने 28 मई 2026 को पटना में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी के आवास पर अचानक पहुँचकर बिहार की सियासत में हलचल मचा दी। मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद भी नीतीश कुमार की राजनीतिक सक्रियता में कोई कमी नहीं आई है — इस मुलाकात में उन्होंने चल रहे सभी कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट तलब की।
बंद कमरे में आधे घंटे की बैठक
गुरुवार को नीतीश कुमार अचानक उपमुख्यमंत्री चौधरी के आवास पर पहुँचे, जहाँ दोनों नेताओं के बीच करीब आधे घंटे तक बंद कमरे में बातचीत हुई। बैठक के बाद जब नीतीश कुमार बाहर निकले, तो उनके पीछे-पीछे उपमुख्यमंत्री चौधरी भी आए। अपनी कार में बैठने के बाद नीतीश कुमार रुके और उन्होंने अपने सुरक्षाकर्मियों को भी रोककर विजय चौधरी को पास बुलाया।
नीतीश का सीधा निर्देश
इस दौरान जदयू अध्यक्ष ने विजय कुमार चौधरी से स्पष्ट शब्दों में कहा, 'शाम में आइए और एक-एक चीज बताइए, क्या हो रहा है और क्या नहीं, अच्छे से काम कीजिए।' यह निर्देश कैमरे में कैद हो गया और उसका वीडियो तेज़ी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसे लेकर बिहार की राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।
पार्टी संगठन को भी दिए निर्देश
इसी दिन नीतीश कुमार जदयू के प्रदेश अध्यक्ष और महनार विधायक उमेश सिंह कुशवाहा के 7-एम स्ट्रैंड रोड स्थित सरकारी आवास पर भी पहुँचे। वहाँ उन्होंने कुशवाहा और उपस्थित कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने बताया कि नीतीश कुमार ने संगठन के विस्तार और बिहार के समग्र विकास की दिशा में निष्ठा एवं समर्पण के साथ काम करने के निर्देश दिए।
बिहार की सियासत में क्या संदेश
गौरतलब है कि मुख्यमंत्री पद छोड़ने के बाद नीतीश कुमार का यह तरीका — सीधे उपमुख्यमंत्री से रिपोर्ट माँगना — यह संकेत देता है कि वे पार्टी और सरकार दोनों पर अपनी पकड़ बनाए हुए हैं। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, इस तरह की सक्रियता से यह सवाल और गहरा हो गया है कि बिहार में असली निर्णय-शक्ति का केंद्र कहाँ है। आने वाले दिनों में जदयू की आंतरिक बैठकें और सरकार की कार्यशैली पर सभी की नज़र रहेगी।